Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल में षटतिला एकादशी 2003 पारण समय 06:58–11:06, बुध 29 जनवरी
व्रत · समय UTC−2 में
Ipameri में षटतिला एकादशी 2003 कब है?
मंगलवार 28 जनवरी
माघ कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · पौष कृष्ण एकादशी (अमान्त)
Ipameri में मंगल 28 जनवरी का पूरा पंचांगपारण का समय: व्रत कब खोलें?
बुधवार 29 जनवरी
षटतिला एकादशी का समय: व्रत, पारण
- मंगलवार 28 जनवरी
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06:57व्रत आरंभसूर्योदय पर
- बुधवार 29 जनवरी
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06:58–11:06पारण समयव्रत खोलने का समय
Ipameri में षटतिला एकादशी मंगल 28 जनवरी को क्यों है?
षटतिला एकादशी मंगल 28 जनवरी को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 14:00 से।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 14:00 सोम से 12:27 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−2)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।
स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल मंगल 28 जनवरी को सूर्योदय पर है, 06:57: मंगल 28 जनवरी। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 14:00 सोम पर, उससे (05:21–06:57) पहले, समाप्त हुई।
व्रत का पारण
स्मार्त · वैष्णव · बुध 29 जनवरी, 06:58–11:06
पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी मंगल 28 जनवरी 12:27 से बुध 29 जनवरी 11:06 तक है; हरिवासर 18:07 मंगल पर पूरा होता है। इसलिए पारण बुध 29 जनवरी को सूर्योदय (06:58) से होता है।
नियम
माघ कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · पौष कृष्ण एकादशी (अमान्त)
एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।
- स्मार्त
- सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
- वैष्णव
- पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
- व्रत का पारण
- द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।