प्रदोष व्रत 2026 ड्रामेन, नॉर्वे
ड्रामेन का समय: CET, 29 मार्च–25 अक्टूबर CEST
ड्रामेन में अगला प्रदोष व्रत कब है?
शुक्रवार 6 नवंबर
प्रदोष व्रत शुक्र 6 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।
ड्रामेन में शुक्र 6 नवंबर का पूरा पंचांगशुक्र 6 नवंबर क्यों?
जनवरी 2026 में प्रदोष व्रत CET
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गुरु115:27–19:01प्रदोष पूजा मुहूर्त
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गुरु1515:53–19:19प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र3016:29–19:42प्रदोष पूजा मुहूर्त
फ़रवरी 2026 में प्रदोष व्रत CET
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शनि1417:08–20:06प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शनि2817:44–20:26प्रदोष पूजा मुहूर्त
मार्च 2026 में प्रदोष व्रत CET · CEST
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सोम1618:23–20:49 CETप्रदोष पूजा मुहूर्त
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सोम3019:57–22:07 CESTप्रदोष पूजा मुहूर्त
अप्रैल 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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मंगल1420:33–22:27प्रदोष पूजा मुहूर्त
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मंगल2821:08–22:47प्रदोष पूजा मुहूर्त
मई 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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गुरु1421:46–23:10प्रदोष पूजा मुहूर्त
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गुरु2822:16–23:28प्रदोष पूजा मुहूर्त
जून 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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शुक्र1222:38–23:42प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र2622:43–23:46प्रदोष पूजा मुहूर्त
जुलाई 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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शनि1122:29–23:39प्रदोष पूजा मुहूर्त
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रवि2622:01–23:23प्रदोष पूजा मुहूर्त
अगस्त 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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सोम1021:24–23:00प्रदोष पूजा मुहूर्त
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मंगल2520:42–22:34प्रदोष पूजा मुहूर्त
सितंबर 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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मंगल820:01–22:07प्रदोष पूजा मुहूर्त
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बुध2319:16–21:38प्रदोष पूजा मुहूर्त
अक्टूबर 2026 में प्रदोष व्रत CEST
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बुध718:34–21:11प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र2317:48–20:42प्रदोष पूजा मुहूर्त
नवंबर 2026 में प्रदोष व्रत CET
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शुक्र616:12–19:20प्रदोष पूजा मुहूर्त
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रवि2215:38–19:01प्रदोष पूजा मुहूर्त
दिसंबर 2026 में प्रदोष व्रत CET
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रवि615:19–18:51प्रदोष पूजा मुहूर्त
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सोम2115:16–18:52प्रदोष पूजा मुहूर्त
प्रदोष व्रत इन तारीख़ों पर क्यों है?
अगली बार, शुक्र 6 नवंबर, ड्रामेन में
प्रदोष व्रत शुक्र 6 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।
पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी, 16:12–19:20। त्रयोदशी: 06:01 से 06:18 शनि तक।
त्रयोदशी 06:18 पर समाप्त; प्रदोष काल में चतुर्दशी।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।
प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी शुक्र 6 नवंबर को 06:01 से शनि 7 नवंबर को 06:18 तक है, इसलिए केवल शुक्रवार का प्रदोष काल (16:12–19:20) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।
नियम
हर शुक्ल और कृष्ण त्रयोदशी
प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त।
- स्मार्त
- वह शाम जिसके प्रदोष काल में त्रयोदशी हो: Tithika की परिपाटी, क्योंकि कोई ग्रंथ समय नहीं बताता।
- वैष्णव
- स्मार्त वाला दिन।