प्रदोष व्रत 2026 Amory, मिसिसिप्पी, संयुक्त राज्य अमेरिका
Amory का समय: CST, 8 मार्च–1 नवंबर CDT
Amory में अगला प्रदोष व्रत कब है?
शुक्रवार 6 नवंबर
प्रदोष व्रत शुक्र 6 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।
जनवरी 2026 में प्रदोष व्रत CST
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गुरु1517:08–19:54प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र3017:22–20:04प्रदोष पूजा मुहूर्त
फ़रवरी 2026 में प्रदोष व्रत CST
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शनि1417:37–20:13प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शनि2817:49–20:20प्रदोष पूजा मुहूर्त
मार्च 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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सोम1619:02–21:26प्रदोष पूजा मुहूर्त
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सोम3019:13–21:31प्रदोष पूजा मुहूर्त
अप्रैल 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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मंगल1419:24–21:36प्रदोष पूजा मुहूर्त
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मंगल2819:35–21:41प्रदोष पूजा मुहूर्त
मई 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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गुरु1419:47–21:48प्रदोष पूजा मुहूर्त
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गुरु2819:57–21:55प्रदोष पूजा मुहूर्त
जून 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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शुक्र1220:05–22:01प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र2620:09–22:04प्रदोष पूजा मुहूर्त
जुलाई 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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शनि1120:07–22:04प्रदोष पूजा मुहूर्त
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रवि2619:59–21:59प्रदोष पूजा मुहूर्त
अगस्त 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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रवि919:47–21:52प्रदोष पूजा मुहूर्त
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मंगल2519:28–21:39प्रदोष पूजा मुहूर्त
सितंबर 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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मंगल819:10–21:26प्रदोष पूजा मुहूर्त
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बुध2318:49–21:12प्रदोष पूजा मुहूर्त
अक्टूबर 2026 में प्रदोष व्रत CDT
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बुध718:30–20:58प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शुक्र2318:10–20:45प्रदोष पूजा मुहूर्त
नवंबर 2026 में प्रदोष व्रत CST
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शुक्र616:56–19:37प्रदोष पूजा मुहूर्त
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शनि2116:47–19:32प्रदोष पूजा मुहूर्त
दिसंबर 2026 में प्रदोष व्रत CST
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शनि516:44–19:32प्रदोष पूजा मुहूर्त
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सोम2116:48–19:38प्रदोष पूजा मुहूर्त
प्रदोष व्रत इन तारीख़ों पर क्यों है?
अगली बार, शुक्र 6 नवंबर, Amory में
प्रदोष व्रत शुक्र 6 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।
प्रदोष काल में द्वादशी; त्रयोदशी 23:01 से।
पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी, 16:56–19:37। त्रयोदशी: 23:01 गुरु से 23:18 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−6)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।
प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी गुरु 5 नवंबर को 23:01 से शुक्र 6 नवंबर को 23:18 तक है, इसलिए केवल शुक्रवार का प्रदोष काल (16:56–19:37) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।
नियम
हर शुक्ल और कृष्ण त्रयोदशी
प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त।
- स्मार्त
- वह शाम जिसके प्रदोष काल में त्रयोदशी हो: Tithika की परिपाटी, क्योंकि कोई ग्रंथ समय नहीं बताता।
- वैष्णव
- स्मार्त वाला दिन।