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एकादशी 2026 लिब, मार्शल द्वीपसमूह

समय UTC+12 में

लिब में अगली एकादशी कब है?

गुरुवार 5 नवंबर

रमा एकादशी

स्मार्त · वैष्णव

पारण
06:39–17:01 शुक्र
10 घं 22 मि

रमा एकादशी गुरु 5 नवंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।

लिब में गुरु 5 नवंबर का पूरा पंचांगगुरु 5 नवंबर क्यों?

Tithika में खोलेंलिब को अपने स्थानों में रखें: उसके आने वाले महीने आपके फ़ोन में सहेजे रहते हैं।

जनवरी 2026 में एकादशी

  1. बुध14
    षटतिला एकादशी

    पारण 07:08–18:50 गुरु

  2. गुरु29
    जया एकादशी

    पारण 07:10–17:39 शुक्र

फ़रवरी 2026 में एकादशी

  1. शुक्र13
    विजया एकादशी

    पारण 07:08–19:00 शनि

  2. शुक्र27
    आमलकी एकादशी

    स्मार्त: पारण 10:35–19:01 शनि

    वैष्णव: शनि 28 फ़रवरी · पारण 07:03–19:01 रवि

मार्च 2026 में एकादशी

  1. रवि15
    पापमोचनी एकादशी

    पारण 06:56–16:11 सोम

  2. रवि29
    कामदा एकादशी

    पारण 06:49–13:40 सोम

अप्रैल 2026 में एकादशी

  1. मंगल14
    वरूथिनी एकादशी

    पारण 06:41–06:42 बुध

  2. सोम27
    मोहिनी एकादशी

    पारण 06:55–18:59 मंगल

मई 2026 में एकादशी

  1. बुध13
    अपरा एकादशी

    पारण 06:31–17:51 गुरु

  2. बुध27
    पद्मिनी एकादशी

    पारण 06:30–14:27 गुरु

जून 2026 में एकादशी

  1. गुरु11
    परमा एकादशी

    स्मार्त: पारण 10:21–19:08 शुक्र

    वैष्णव: शुक्र 12 जून · पारण 06:32–19:08 शनि

  2. गुरु25
    निर्जला एकादशी

    पारण 09:13–19:11 शुक्र

जुलाई 2026 में एकादशी

  1. शनि11
    योगिनी एकादशी

    पारण 06:38–08:34 रवि

  2. शनि25
    देवशयनी एकादशी

    पारण 06:41–19:12 रवि

अगस्त 2026 में एकादशी

  1. रवि9
    कामिका एकादशी

    पारण 06:43–14:31 सोम

  2. सोम24

सितंबर 2026 में एकादशी

  1. सोम7
    अजा एकादशी

    पारण 06:41–18:54 मंगल

  2. मंगल22
    पार्श्व एकादशी

    पारण 10:30–18:46 बुध

अक्टूबर 2026 में एकादशी

  1. बुध7
    इंदिरा एकादशी

    पारण 05:02–05:47 गुरु

  2. गुरु22
    पापांकुशा एकादशी

    पारण 06:38–18:31 शुक्र

नवंबर 2026 में एकादशी

  1. गुरु5
    रमा एकादशी

    पारण 06:39–17:01 शुक्र

  2. शनि21
    देवउठनी एकादशी

    पारण 06:44–11:27 रवि

दिसंबर 2026 में एकादशी

  1. शुक्र4
    उत्पन्ना एकादशी

    स्मार्त: पारण 12:32–18:30 शनि

    वैष्णव: शनि 5 दिसंबर · पारण 06:51–07:22 रवि

  2. रवि20
    मोक्षदा एकादशी

    पारण 08:05–18:37 सोम

एकादशी इन तारीख़ों पर क्यों है?

अगली बार, गुरु 5 नवंबर, लिब में

रमा एकादशी गुरु 5 नवंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 17:33 से।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 17:33 बुध से 17:06 तक।

हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+12)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।

स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल गुरु 5 नवंबर को सूर्योदय पर है, 06:39: गुरु 5 नवंबर। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 17:33 बुध पर, उससे (05:03–06:39) पहले, समाप्त हुई।

व्रत का पारण

स्मार्त · वैष्णव · शुक्र 6 नवंबर, 06:39–17:01

पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी गुरु 5 नवंबर 17:06 से शुक्र 6 नवंबर 17:01 तक है; हरिवासर 23:04 गुरु पर पूरा होता है। इसलिए पारण शुक्र 6 नवंबर को सूर्योदय (06:39) से होता है। द्वादशी दोपहर के बाद तक है: धर्मसिंधु के अनुसार बहुत लोग पारण सूर्योदय के बाद के पहले 3 मुहूर्तों में, 09:01 तक, करते हैं।

नियम

कार्तिक कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण एकादशी (अमान्त)

एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।

स्मार्त
सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
वैष्णव
पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
व्रत का पारण
द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।

दूसरे वर्षों में एकादशी

दूसरी तिथियाँ और लिस्ट