Split, क्रोएशिया का पंचांग शुक्र 28 जनवरी 2033
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय CET में
व्रत
प्रदोष व्रत
प्रदोष व्रत शुक्र 28 जनवरी को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं। शुक्र 28 जनवरी क्यों?
प्रदोष व्रत: Split में हर तारीख़व्रत का पारण
षटतिला एकादशी
28 जनवरी का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, शुक्र 28 जनवरी
- 05:20–06:17ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 07:14 से
- 08:27–09:41लाभ चौघड़ियागुलिक काल में
- 09:50–10:54अमृत चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
-
09:50–10:54अमृत कालराहु काल, गुलिक काल, दुर्मुहूर्त छोड़कर · मूल में
- 12:07–12:27अभिजीत मुहूर्तराहु काल छोड़कर
- 12:07–12:27शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- 13:06–13:20शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- सूर्यास्त 17:00 के बाद
- 20:33–22:20लाभ चौघड़िया
- 00:07–01:53 शनिशुभ चौघड़िया
- 01:53–03:40 शनिअमृत चौघड़िया
- 05:19–06:16 शनिअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
टालने योग्य समय
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 07:14–08:27चरसामान्य
- 08:27–09:41लाभगुलिक काल में
- 09:41–10:54अमृतशुभ
- 10:54–12:07कालअशुभ
- 12:07–13:20शुभ
- 13:20–14:34रोगअशुभ
- 14:34–15:47उद्वेगअशुभ
- 15:47–17:00चरसामान्य
रात का चौघड़िया
- 17:00–18:47रोगअशुभ
- 18:47–20:33कालअशुभ
- 20:33–22:20लाभशुभ
- 22:20–00:07 शनिउद्वेगअशुभ
- 00:07–01:53 शनिशुभ
- 01:53–03:40 शनिअमृतशुभ
- 03:40–05:26 शनिचरसामान्य
- 05:26–07:13 शनिरोगअशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, शुक्र 28 जनवरी: ब्रह्म मुहूर्त, 05:20–06:17, शुभ
- चर, सामान्य, 07:14–08:27
- लाभ, शुभ, 08:27–09:41
- अमृत, शुभ, 09:41–10:54
- काल, अशुभ, 10:54–12:07
- शुभ, 12:07–13:20
- रोग, अशुभ, 13:20–14:34
- उद्वेग, अशुभ, 14:34–15:47
- चर, सामान्य, 15:47–17:00
- रोग, अशुभ, 17:00–18:47
- काल, अशुभ, 18:47–20:33
- लाभ, शुभ, 20:33–22:20
- उद्वेग, अशुभ, 22:20–00:07 शनि
- शुभ, 00:07–01:53 शनि
- अमृत, शुभ, 01:53–03:40 शनि
- चर, सामान्य, 03:40–05:26 शनि
- रोग, अशुभ, 05:26–07:13 शनि
- गुलिक काल, 08:27–09:41, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 09:11–09:50, अशुभ
- राहु काल, 10:54–12:07, अशुभ
- अभिजीत मुहूर्त, 11:48–12:27, शुभ
- दुर्मुहूर्त, 12:27–13:06, अशुभ
- यमगण्ड, 14:34–15:47, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:19–06:16 शनि
हर मान कैसे निकलता है
Split में प्रदोष व्रत शुक्र 28 जनवरी को क्यों है?
प्रदोष व्रत शुक्र 28 जनवरी को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।
प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी शुक्र 28 जनवरी को 07:06 से शनि 29 जनवरी को 04:56 तक है, इसलिए केवल शुक्रवार का प्रदोष काल (17:00–19:51) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सी तिथि है? कृष्ण त्रयोदशी
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 324.1° आगे था: कृष्ण त्रयोदशी।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 324°–336° अट्ठाईसवीं है, कृष्ण त्रयोदशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:14। द्वादशी उससे पहले 07:06 पर समाप्त हुई। त्रयोदशी 04:56 शनि को समाप्त होगी, जब बढ़त 336° होगी। बढ़त 15 जनवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।
नई दिल्ली में द्वादशी क्यों है?
नई दिल्ली में द्वादशी है, Split में त्रयोदशी।
दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।
नई दिल्ली · IST
यहाँ सूर्योदय, 07:11, द्वादशी की समाप्ति 11:36 से पहले हुआ: यह दिन द्वादशी है।
Split · UTC+1
यहाँ सूर्योदय, 07:14, द्वादशी की समाप्ति 07:06 के बाद हुआ: यह दिन त्रयोदशी है।
शुक्र 28 जनवरी को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:20–06:17
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:20–06:17।
गुरु 27 जनवरी की रात सूर्यास्त 16:59 गुरु से सूर्योदय 07:14 तक थी, 14 घं 15 मि। इसे 57 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
शुक्र 28 जनवरी को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:48–12:27
अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:48–12:27।
शुक्र 28 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 09:11–09:50
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 09:11–09:50 और 12:27–13:06।
शुक्र 28 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 12:27–13:06
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 09:11–09:50 और 12:27–13:06।
यहाँ दिन, 07:14 से 17:00, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 39 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 09:11–09:50 और 12:27–13:06।
शुक्र 28 जनवरी का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
07:14–08:27 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।
यहाँ दिन, 07:14 से 17:00, 1 घं 13 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 17:00 से 07:13 शनि, 1 घं 46 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
शुक्र 28 जनवरी को राहुकाल कब है? 10:54–12:07
राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:54–12:07।
शुक्र 28 जनवरी को यमगंड कब है? 14:34–15:47
यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 14:34–15:47।
शुक्र 28 जनवरी को गुलिक काल कब है? 08:27–09:41
गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 08:27–09:41।
यहाँ दिन 07:14 से 17:00 तक है, 9 घं 46 मि। इसे 1 घं 13 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।
सूर्योदय और सूर्यास्त
शुक्र 28 जनवरी को सूर्योदय कितने बजे है? 07:14
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:14, सूर्यास्त 17:00, 9 घं 46 मि का दिन।
शुक्र 28 जनवरी को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:00
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:14, सूर्यास्त 17:00, 9 घं 46 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 46 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 13 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 46 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 13 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा नक्षत्र है? मूल
सूर्योदय पर चंद्रमा 248.4° पर था: मूल, पद 3।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मूल 240°00′–253°20′ तक है; चंद्रमा 246°40′ पर उसके पद 3 में आया। वह 15:40 को निकलेगा, पूर्वाषाढा में।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा योग है? व्याघात
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 532.7° थे, एक चक्कर और 172.7°: व्याघात।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 284.3° + 248.4° = 532.7°, एक पूरा चक्कर और 172.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 160°00′–173°20′ तेरहवाँ है, व्याघात। यह 08:15 को समाप्त होता है, फिर हर्षण।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा करण है? गर
सूर्योदय पर बढ़त 324.1° थी: त्रयोदशी का पहला आधा, गर।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए त्रयोदशी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 18:06 तक है, जब बढ़त 330° होगी; वणिज 04:56 शनि तक।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार
यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 07:14, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:14 से 07:13 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? पौष
यह मास 1 जनवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य धनु में था: पौष।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: धनु से पौष। सूर्य 14 जनवरी को, मास के भीतर, मकर में जाता है। अगली अमावस्या, 30 जनवरी, उसे मकर में पाती है और माघ शुरू करती है।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? माघ
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष माघ का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 30 जनवरी की अमावस्या, सूर्य मकर में, माघ शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ माघ है, और अमान्त गणना में पौष।
शुक्र 28 जनवरी को कौन सा संवत है? विक्रम 2089 · शक 1954
विक्रम संवत 2089 10 अप्रैल 2032 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 10 अप्रैल 2032, 04:39 शनि। तब से सूर्य तारों के बीच 287.8° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2089 गिनता है; शक संवत 1954।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
शुक्र 28 जनवरी को चंद्रोदय कितने बजे है? 05:36 शनि
चंद्रमा यहाँ 05:36 शनि पर उदय होता है।
शुक्र 28 जनवरी को चंद्रास्त कितने बजे है? 14:36
चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 14:36 पर अस्त हुआ; वह फिर 05:36 शनि पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।
चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 14:36 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 05:36 शनि पर उदय होगा।