tithika
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Split, क्रोएशिया का पंचांग शनि 10 दिसंबर 2016

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय CET में

एकादशी

शुक्ल पक्ष · 15:14 तक

फिर द्वादशी · 12:01 रवि तक

त्योहार

गीता जयंती

गीता जयंती शनि 10 दिसंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर एकादशी है। शनि 10 दिसंबर क्यों?

गीता जयंती: Split में हर तारीख़

व्रत

मोक्षदा एकादशी

पारण समय
07:17⁠–⁠12:01 रवि
रवि 11 दिसंबर
व्रत आरंभ
07:16

मोक्षदा एकादशी शनि 10 दिसंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है। शनि 10 दिसंबर क्यों?

मोक्षदा एकादशी: Split में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:16 07:16 16:17अगला सूर्योदय 07:17 रवि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 07:16–08:24कालअशुभ
  • 08:24–09:31शुभ
  • 09:31–10:39रोगअशुभ
  • 10:39–11:47उद्वेगअशुभ
  • 11:47–12:54चरसामान्य
  • 12:54–14:02लाभयमगण्ड में
  • 14:02–15:10अमृतशुभ
  • 15:10–16:17कालअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 16:17–18:10लाभशुभ
  • 18:10–20:02उद्वेगअशुभ
  • 20:02–21:55शुभ
  • 21:55–23:47अमृतशुभ
  • 23:47–01:40 रविचरसामान्य
  • 01:40–03:32 रविरोगअशुभ
  • 03:32–05:25 रविकालअशुभ
  • 05:25–07:17 रविलाभशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शनि 10 दिसंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 05:16–06:16, शुभ
  • काल, अशुभ, 07:16–08:24
  • शुभ, 08:24–09:31
  • रोग, अशुभ, 09:31–10:39
  • उद्वेग, अशुभ, 10:39–11:47
  • चर, सामान्य, 11:47–12:54
  • लाभ, शुभ, 12:54–14:02
  • अमृत, शुभ, 14:02–15:10
  • काल, अशुभ, 15:10–16:17
  • लाभ, शुभ, 16:17–18:10
  • उद्वेग, अशुभ, 18:10–20:02
  • शुभ, 20:02–21:55
  • अमृत, शुभ, 21:55–23:47
  • चर, सामान्य, 23:47–01:40 रवि
  • रोग, अशुभ, 01:40–03:32 रवि
  • काल, अशुभ, 03:32–05:25 रवि
  • लाभ, शुभ, 05:25–07:17 रवि
  • गुलिक काल, 07:16–08:24, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 07:16–07:52, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 07:52–08:28, अशुभ
  • राहु काल, 09:31–10:39, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:29–12:05, शुभ
  • यमगण्ड, 12:54–14:02, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:17–06:17 रवि

हर मान कैसे निकलता है

Split में गीता जयंती शनि 10 दिसंबर को क्यों है?

गीता जयंती शनि 10 दिसंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर एकादशी है।

दशमी 06:00 07:00 08:00 09:00 शुक्र 9 दिसंबर सूर्योदय 07:15
दशमी 06:00 07:00 08:00 09:00 शुक्र 9 दिसंबर सूर्योदय 07:15
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। रेखा: सूर्योदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

गीता जयंती सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। एकादशी शुक्र 9 दिसंबर को 17:58 से शनि 10 दिसंबर को 15:14 तक है, इसलिए वह केवल शनि 10 दिसंबर के सूर्योदय (07:16) पर है। गीता जयंती का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।

गीता जयंती: Split में हर तारीख़

Split में मोक्षदा एकादशी शनि 10 दिसंबर को क्यों है?

मोक्षदा एकादशी शनि 10 दिसंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।

दशमी 07:15 04:00 05:00 06:00 07:00 08:00 09:00 शुक्र 9 दिसंबर अरुणोदय 05:39–07:15
दशमी 07:15 04:00 06:00 08:00 शुक्र 9 दिसंबर अरुणोदय 05:39–07:15
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।

स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल शनि 10 दिसंबर को सूर्योदय पर है, 07:16: शनि 10 दिसंबर। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 17:58 शुक्र पर, उससे (05:40–07:16) पहले, समाप्त हुई।

मोक्षदा एकादशी: Split में हर तारीख़

शनि 10 दिसंबर को कौन सी तिथि है? शुक्ल एकादशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 127.5° आगे था: शुक्ल एकादशी।

सूर्य अमावस्या 0° 127.5° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण एकादशी 120°–132° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 127.5° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण एकादशी 120°–132° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 120°–132° ग्यारहवीं है, शुक्ल एकादशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:16। दशमी उससे पहले 17:58 शुक्र पर समाप्त हुई। एकादशी 15:14 को समाप्त होगी, जब बढ़त 132° होगी। बढ़त 29 नवंबर की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

शनि 10 दिसंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:16–06:16

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:16–06:16।

सूर्यास्त 16:17 शुक्र सूर्योदय 07:16 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 9 दिसंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 16:17 शुक्र सूर्योदय 07:16 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 9 दिसंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · शुक्रवार का दिन धुँधला

शुक्र 9 दिसंबर की रात सूर्यास्त 16:17 शुक्र से सूर्योदय 07:16 तक थी, 14 घं 59 मि। इसे 59 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शनि 10 दिसंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:29–12:05

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:29–12:05।

शनि 10 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 07:16–07:52

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:16–07:52 और 07:52–08:28।

शनि 10 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 07:52–08:28

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:16–07:52 और 07:52–08:28।

सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 1, 2

यहाँ दिन, 07:16 से 16:17, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 36 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 07:16–07:52 और 07:52–08:28।

शनि 10 दिसंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

07:16–08:24 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 07:16 से 16:17, 1 घं 7 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 16:17 से 07:17 रवि, 1 घं 52 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शनि 10 दिसंबर को राहुकाल कब है? 09:31–10:39

राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:31–10:39।

शनि 10 दिसंबर को यमगंड कब है? 12:54–14:02

यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 12:54–14:02।

शनि 10 दिसंबर को गुलिक काल कब है? 07:16–08:24

गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 07:16–08:24।

सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 1, यमगण्ड 6

यहाँ दिन 07:16 से 16:17 तक है, 9 घं 1 मि। इसे 1 घं 7 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शनि 10 दिसंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 07:16

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:16, सूर्यास्त 16:17, 9 घं 1 मि का दिन।

शनि 10 दिसंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 16:17

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:16, सूर्यास्त 16:17, 9 घं 1 मि का दिन।

सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:42 रवि चंद्रोदय 14:05
सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:42 रवि चंद्रोदय 14:05
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 15 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 15 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा नक्षत्र है? अश्विनी

सूर्योदय पर चंद्रमा 2° पर था: अश्विनी, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° अश्विनी चंद्रमा 2.0° अगला: भरणी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° अश्विनी चंद्रमा 2.0° अगला: भरणी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। अश्विनी 0°00′–13°20′ तक है; चंद्रमा 0° पर उसके पद 1 में आया। वह 01:43 रवि को निकलेगा, भरणी में।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा योग है? वरीयान्

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 236.5° थे: वरीयान्।

सूर्य 234.5° + चंद्रमा 2.0° = 236.5° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 234.5° + चंद्रमा 2.0° = 236.5° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 234.5° + 2° = 236.5°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 226°40′–240°00′ अठारहवाँ है, वरीयान्। यह 12:35 को समाप्त होता है, फिर परिघ।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा करण है? विष्टि

सूर्योदय पर बढ़त 127.5° थी: एकादशी का दूसरा आधा, विष्टि।

सूर्य अमावस्या 0° 127.5° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण एकादशी 120°–132° विष्टि 126°–132° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 127.5° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण एकादशी 120°–132° विष्टि 126°–132° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए एकादशी का पहला आधा वणिज है और दूसरा विष्टि। वणिज 04:40 पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 126° हुई; विष्टि 15:14 तक है।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार

यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 07:16, पर शुरू हुआ: शनिवार।

शनिवार सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
शनिवार सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:16 से 07:17 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? मार्गशीर्ष

यह मास 29 नवंबर की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृश्चिक में था: मार्गशीर्ष।

1 2 3 4 5 6 7 वृश्चिक 10 11 12 0° पृथ्वी धनु
1 2 3 4 5 6 7 वृश्चिक 10 11 12 0° पृथ्वी धनु
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृश्चिक से मार्गशीर्ष। सूर्य 15 दिसंबर को, मास के भीतर, धनु में जाता है। अगली अमावस्या, 29 दिसंबर, उसे धनु में पाती है और पौष शुरू करती है।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? मार्गशीर्ष

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष मार्गशीर्ष का है।

अमान्त मार्गशीर्ष पूर्णिमान्त मार्गशीर्ष कृष्ण शुक्ल शनि 10 दिसंबर पूर्णिमा 14 नव॰ अमावस्या 29 नव॰ पूर्णिमा 14 दिस॰ अमावस्या 29 दिस॰
अमान्त मार्गशीर्ष पूर्णिमान्त मार्गशीर्ष कृष्ण शुक्ल शनि 10 दिसंबर पूर्णिमा 14 नव॰ अमावस्या 29 नव॰ पूर्णिमा 14 दिस॰ अमावस्या 29 दिस॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 29 नवंबर की अमावस्या ने, सूर्य वृश्चिक में, मार्गशीर्ष शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में मार्गशीर्ष है।

शनि 10 दिसंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 2073 · शक 1938

विक्रम संवत 2073 7 अप्रैल 2016 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 7 अप्रैल 2016 13:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 10 दिसंबर सूर्य 234.5° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 7 अप्रैल 2016 13:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 10 दिसंबर सूर्य 234.5° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 7 अप्रैल 2016, 13:23 गुरु। तब से सूर्य तारों के बीच 240.5° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2073 गिनता है; शक संवत 1938।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शनि 10 दिसंबर को चंद्रोदय कितने बजे है? 14:05

चंद्रमा यहाँ 14:05 पर उदय होता है।

शनि 10 दिसंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 03:42 रवि

सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:42 रवि चंद्रोदय 14:05
सूर्योदय 07:16 सूर्यास्त 16:17 सूर्योदय 07:17 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:42 रवि चंद्रोदय 14:05
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 14:05 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 03:42 रवि पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 14:05 पर उदय हुआ; वह फिर 03:42 रवि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।