सोफिया, बुल्गारिया का पंचांग बुध 15 जुलाई 2026
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय EEST में
15 जुलाई का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, बुध 15 जुलाई
- 04:50–05:26ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 06:02 से
- 06:02–07:54लाभ चौघड़िया
- 07:54–09:47अमृत चौघड़ियायमगण्ड में
- 11:39–13:32शुभ चौघड़ियागुलिक काल में
- 19:10–21:03लाभ चौघड़िया
- सूर्यास्त 21:03 के बाद
- 22:10–23:18शुभ चौघड़िया
- 23:18–00:25 गुरुअमृत चौघड़िया
- 03:47–04:55 गुरुलाभ चौघड़िया
- 04:50–05:26 गुरुअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 06:02–07:54लाभशुभ
- 07:54–09:47अमृतयमगण्ड में
- 09:47–11:39कालअशुभ
- 11:39–13:32शुभगुलिक काल में
- 13:32–15:25रोगअशुभ
- 15:25–17:17उद्वेगअशुभ
- 17:17–19:10चरसामान्य
- 19:10–21:03लाभशुभ
रात का चौघड़िया
- 21:03–22:10उद्वेगअशुभ
- 22:10–23:18शुभ
- 23:18–00:25 गुरुअमृतशुभ
- 00:25–01:33 गुरुचरसामान्य
- 01:33–02:40 गुरुरोगअशुभ
- 02:40–03:47 गुरुकालअशुभ
- 03:47–04:55 गुरुलाभशुभ
- 04:55–06:02 गुरुउद्वेगअशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, बुध 15 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:50–05:26, शुभ
- लाभ, शुभ, 06:02–07:54
- अमृत, शुभ, 07:54–09:47
- काल, अशुभ, 09:47–11:39
- शुभ, 11:39–13:32
- रोग, अशुभ, 13:32–15:25
- उद्वेग, अशुभ, 15:25–17:17
- चर, सामान्य, 17:17–19:10
- लाभ, शुभ, 19:10–21:03
- उद्वेग, अशुभ, 21:03–22:10
- शुभ, 22:10–23:18
- अमृत, शुभ, 23:18–00:25 गुरु
- चर, सामान्य, 00:25–01:33 गुरु
- रोग, अशुभ, 01:33–02:40 गुरु
- काल, अशुभ, 02:40–03:47 गुरु
- लाभ, शुभ, 03:47–04:55 गुरु
- उद्वेग, अशुभ, 04:55–06:02 गुरु
- यमगण्ड, 07:54–09:47, अशुभ
- गुलिक काल, 11:39–13:32, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 13:02–14:02, अशुभ
- राहु काल, 13:32–15:25, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:50–05:26 गुरु
हर मान कैसे निकलता है
बुध 15 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल प्रतिपदा
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 10.1° आगे था: शुक्ल प्रतिपदा।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 0°–12° पहली है, शुक्ल प्रतिपदा। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:02। अमावस्या उससे पहले 12:43 मंगल पर समाप्त हुई। प्रतिपदा 09:21 को समाप्त होगी, जब बढ़त 12° होगी। बढ़त 14 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।
बुध 15 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:50–05:26
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:50–05:26।
मंगल 14 जुलाई की रात सूर्यास्त 21:03 मंगल से सूर्योदय 06:02 तक थी, 8 घं 59 मि। इसे 35 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
बुध 15 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 13:02–14:02
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है: 13:02–14:02।
यहाँ दिन, 06:02 से 21:03, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 1 घं 0 मि का। बुधवार को दुर्मुहूर्त आठवाँ है, 13:02–14:02: वह आठवाँ, बीच वाला, मुहूर्त लेता है, इसलिए बुधवार को अभिजीत मुहूर्त नहीं होता।
बुध 15 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
06:02–07:54 लाभ है, जिसके स्वामी बुध हैं, बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 06:02 से 21:03, 1 घं 52 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 21:03 से 06:02 गुरु, 1 घं 7 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
बुध 15 जुलाई को राहुकाल कब है? 13:32–15:25
राहु काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 13:32–15:25।
बुध 15 जुलाई को यमगंड कब है? 07:54–09:47
यमगण्ड बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:54–09:47।
बुध 15 जुलाई को गुलिक काल कब है? 11:39–13:32
गुलिक काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 11:39–13:32।
यहाँ दिन 06:02 से 21:03 तक है, 15 घं 1 मि। इसे 1 घं 52 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: बुधवार को राहु काल पाँचवाँ भाग है, यमगण्ड दूसरा और गुलिक काल चौथा।
सूर्योदय और सूर्यास्त
बुध 15 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 06:02
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:02, सूर्यास्त 21:03, 15 घं 1 मि का दिन।
बुध 15 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 21:03
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:02, सूर्यास्त 21:03, 15 घं 1 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 59 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 59 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
बुध 15 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? पुष्य
सूर्योदय पर चंद्रमा 98.5° पर था: पुष्य, पद 2।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। पुष्य 93°20′–106°40′ तक है; चंद्रमा 96°40′ पर उसके पद 2 में आया। वह 19:16 को निकलेगा, अश्लेशा में।
बुध 15 जुलाई को कौन सा योग है? वज्र
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 186.9° थे: वज्र।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 88.4° + 98.5° = 186.9°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 186°40′–200°00′ पंद्रहवाँ है, वज्र। यह 02:00 गुरु को समाप्त होता है, फिर सिद्धि।
बुध 15 जुलाई को कौन सा करण है? बव
सूर्योदय पर बढ़त 10.1° थी: प्रतिपदा का दूसरा आधा, बव।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए प्रतिपदा का पहला आधा किंस्तुघ्न है और दूसरा बव। किंस्तुघ्न 23:00 मंगल पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 6° हुई; बव 09:21 तक है।
बुध 15 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? बुधवार
यह दिन बुधवार को सूर्योदय, 06:02, पर शुरू हुआ: बुधवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:02 से 06:02 गुरु तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी बुधवार के हैं।
बुध 15 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? आषाढ़
यह मास 14 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मिथुन में था: आषाढ़।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मिथुन से आषाढ़। सूर्य 16 जुलाई को, मास के भीतर, कर्क में जाता है। अगली अमावस्या, 12 अगस्त, उसे कर्क में पाती है और श्रावण शुरू करती है।
बुध 15 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आषाढ़
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष आषाढ़ का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 14 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य मिथुन में, आषाढ़ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में आषाढ़ है।
बुध 15 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 2083 · शक 1948
विक्रम संवत 2083 19 मार्च 2026 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 19 मार्च 2026, 03:23 गुरु। तब से सूर्य तारों के बीच 114.2° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2083 गिनता है; शक संवत 1948।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
बुध 15 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 06:54
चंद्रमा यहाँ 06:54 पर उदय होता है।
बुध 15 जुलाई को चंद्रास्त कितने बजे है? 22:05
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 06:54 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 22:05 पर अस्त होगा।
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 06:54 पर उदय हुआ; वह फिर 22:05 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।