Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग शनि 8 मार्च 2031
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+4 में
त्योहार
होलिका दहन
होलिका दहन शनि 8 मार्च को है, भद्रा समाप्त होने (20:31) के बाद। शनि 8 मार्च क्यों?
होलिका दहन: Sevan में हर तारीख़8 मार्च का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, शनि 8 मार्च
- 05:44–06:33ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 07:23 से
- 08:56–10:17शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
-
10:04–10:17अमृत कालराहु काल छोड़कर · मघा में
- 12:47–13:34अभिजीत मुहूर्त
- 14:38–16:04लाभ चौघड़ियायमगण्ड में
- 16:04–17:31अमृत चौघड़िया
- सूर्यास्त 18:58 के बाद
- 18:58–20:31लाभ चौघड़िया
- 22:04–23:37शुभ चौघड़िया
- 23:37–01:10 रविअमृत चौघड़िया
- 05:49–07:22 रविलाभ चौघड़िया
-
06:37–08:15 रविअमृत कालपूर्वाफाल्गुनी में
- 05:42–06:32 रविअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
टालने योग्य समय
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 07:23–08:50कालअशुभ
- 08:50–10:17शुभ
- 10:17–11:44रोगअशुभ
- 11:44–13:11उद्वेगअशुभ
- 13:11–14:38चरसामान्य
- 14:38–16:04लाभयमगण्ड में
- 16:04–17:31अमृतशुभ
- 17:31–18:58कालअशुभ
रात का चौघड़िया
- 18:58–20:31लाभशुभ
- 20:31–22:04उद्वेगअशुभ
- 22:04–23:37शुभ
- 23:37–01:10 रविअमृतशुभ
- 01:10–02:43 रविचरसामान्य
- 02:43–04:16 रविरोगअशुभ
- 04:16–05:49 रविकालअशुभ
- 05:49–07:22 रविलाभशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, शनि 8 मार्च: ब्रह्म मुहूर्त, 05:44–06:33, शुभ
- काल, अशुभ, 07:23–08:50
- शुभ, 08:50–10:17
- रोग, अशुभ, 10:17–11:44
- उद्वेग, अशुभ, 11:44–13:11
- चर, सामान्य, 13:11–14:38
- लाभ, शुभ, 14:38–16:04
- अमृत, शुभ, 16:04–17:31
- काल, अशुभ, 17:31–18:58
- लाभ, शुभ, 18:58–20:31
- उद्वेग, अशुभ, 20:31–22:04
- शुभ, 22:04–23:37
- अमृत, शुभ, 23:37–01:10 रवि
- चर, सामान्य, 01:10–02:43 रवि
- रोग, अशुभ, 02:43–04:16 रवि
- काल, अशुभ, 04:16–05:49 रवि
- लाभ, शुभ, 05:49–07:22 रवि
- गुलिक काल, 07:23–08:50, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 07:23–08:09, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 08:09–08:56, अशुभ
- राहु काल, 10:17–11:44, अशुभ
- अभिजीत मुहूर्त, 12:47–13:34, शुभ
- यमगण्ड, 14:38–16:04, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:42–06:32 रवि
हर मान कैसे निकलता है
Sevan में होलिका दहन शनि 8 मार्च को क्यों है?
होलिका दहन शनि 8 मार्च को है, भद्रा समाप्त होने (20:31) के बाद।
होलिका दहन प्रदोष काल में, भद्रा के बाहर, होता है: सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। पूर्णिमा शनि 8 मार्च को 08:25 से रवि 9 मार्च को 08:29 तक है, इसलिए केवल शनिवार का प्रदोष काल (18:58–21:27) उसके भीतर है। भद्रा 20:31 तक है, और धर्मसिंधु विधि भद्रा में नहीं करवाता: यह 20:31 से होती है।
होलिका दहन मुहूर्त: भद्रा के बाद का समय, 20:31–21:27।
शनि 8 मार्च को कौन सी तिथि है? शुक्ल चतुर्दशी
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 167.5° आगे था: शुक्ल चतुर्दशी।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 156°–168° चौदहवीं है, शुक्ल चतुर्दशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:23। त्रयोदशी उससे पहले 07:48 शुक्र पर समाप्त हुई। चतुर्दशी 08:25 को समाप्त होगी, जब बढ़त 168° होगी। बढ़त 21 फ़रवरी की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।
शनि 8 मार्च को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:44–06:33
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:44–06:33।
शुक्र 7 मार्च की रात सूर्यास्त 18:57 शुक्र से सूर्योदय 07:23 तक थी, 12 घं 26 मि। इसे 49 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
शनि 8 मार्च को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:47–13:34
अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:47–13:34।
शनि 8 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 07:23–08:09
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:23–08:09 और 08:09–08:56।
शनि 8 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 08:09–08:56
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:23–08:09 और 08:09–08:56।
यहाँ दिन, 07:23 से 18:58, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 46 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 07:23–08:09 और 08:09–08:56।
शनि 8 मार्च का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
07:23–08:50 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 07:23 से 18:58, 1 घं 26 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 18:58 से 07:22 रवि, 1 घं 33 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
शनि 8 मार्च को राहुकाल कब है? 10:17–11:44
राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:17–11:44।
शनि 8 मार्च को यमगंड कब है? 14:38–16:04
यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 14:38–16:04।
शनि 8 मार्च को गुलिक काल कब है? 07:23–08:50
गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 07:23–08:50।
यहाँ दिन 07:23 से 18:58 तक है, 11 घं 35 मि। इसे 1 घं 26 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।
सूर्योदय और सूर्यास्त
शनि 8 मार्च को सूर्योदय कितने बजे है? 07:23
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:23, सूर्यास्त 18:58, 11 घं 35 मि का दिन।
शनि 8 मार्च को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:58
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:23, सूर्यास्त 18:58, 11 घं 35 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 35 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 24 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 35 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 24 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
शनि 8 मार्च को कौन सा नक्षत्र है? मघा
सूर्योदय पर चंद्रमा 130.6° पर था: मघा, पद 4।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मघा 120°00′–133°20′ तक है; चंद्रमा 130° पर उसके पद 4 में आया। वह 12:35 को निकलेगा, पूर्वाफाल्गुनी में।
शनि 8 मार्च को कौन सा योग है? धृति
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 453.7° थे, एक चक्कर और 93.7°: धृति।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 323.1° + 130.6° = 453.7°, एक पूरा चक्कर और 93.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 93°20′–106°40′ आठवाँ है, धृति। यह 05:51 रवि को समाप्त होता है, फिर शूल।
शनि 8 मार्च को कौन सा करण है? वणिज
सूर्योदय पर बढ़त 167.5° थी: चतुर्दशी का दूसरा आधा, वणिज।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए चतुर्दशी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 20:11 शुक्र पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 162° हुई; वणिज 08:25 तक है।
शनि 8 मार्च को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार
यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 07:23, पर शुरू हुआ: शनिवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:23 से 07:22 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।
शनि 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? फाल्गुन
यह मास 21 फ़रवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कुंभ में था: फाल्गुन।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कुंभ से फाल्गुन। सूर्य 15 मार्च को, मास के भीतर, मीन में जाता है। अगली अमावस्या, 23 मार्च, उसे मीन में पाती है और चैत्र शुरू करती है।
शनि 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? फाल्गुन
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष फाल्गुन का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 21 फ़रवरी की अमावस्या ने, सूर्य कुंभ में, फाल्गुन शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में फाल्गुन है।
शनि 8 मार्च को कौन सा संवत है? विक्रम 2087 · शक 1952
विक्रम संवत 2087 3 अप्रैल 2030 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 3 अप्रैल 2030, 02:02 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 334.2° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2087 गिनता है; शक संवत 1952।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
शनि 8 मार्च को चंद्रोदय कितने बजे है? 18:27
चंद्रमा यहाँ 18:27 पर उदय होता है।
शनि 8 मार्च को चंद्रास्त कितने बजे है? 07:01 रवि
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 18:27 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 07:01 रवि पर अस्त होगा।
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 18:27 पर उदय हुआ; वह फिर 07:01 रवि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।