tithika
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Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग शुक्र 10 जून 2022

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+4 में

दशमी

शुक्ल पक्ष · 05:56 तक

फिर एकादशी · 04:16 शनि तक

यहाँ कोई दिन एकादशी नहीं कारण जानें

त्योहार

गंगा दशहरा

गंगा दशहरा शुक्र 10 जून को है: उस दिन सूर्योदय पर दशमी है। शुक्र 10 जून क्यों?

गंगा दशहरा: Sevan में हर तारीख़

व्रत

निर्जला एकादशी

पारण समय
09:40⁠–⁠20:30 शनि
शनि 11 जून
व्रत आरंभ
05:29

स्मार्त परंपरा में निर्जला एकादशी शुक्र 10 जून को है: एकादशी किसी सूर्योदय पर नहीं है, और क्षय एकादशी उसी दिन रखी जाती है जिस दिन वह चलती है। वैष्णव शनि 11 जून को व्रत रखते हैं। शुक्र 10 जून क्यों?

निर्जला एकादशी: Sevan में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:17 05:29 20:29अगला सूर्योदय 05:29 शनि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:29–07:21चरसामान्य
  • 07:21–09:14लाभगुलिक काल में
  • 09:14–11:06अमृतशुभ
  • 11:06–12:59कालअशुभ
  • 12:59–14:52शुभ
  • 14:52–16:44रोगअशुभ
  • 16:44–18:37उद्वेगअशुभ
  • 18:37–20:29चरसामान्य

रात का चौघड़िया

  • 20:29–21:37रोगअशुभ
  • 21:37–22:44कालअशुभ
  • 22:44–23:52लाभशुभ
  • 23:52–00:59 शनिउद्वेगअशुभ
  • 00:59–02:06 शनिशुभ
  • 02:06–03:14 शनिअमृतशुभ
  • 03:14–04:21 शनिचरसामान्य
  • 04:21–05:29 शनिरोगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शुक्र 10 जून: ब्रह्म मुहूर्त, 04:17–04:53, शुभ
  • चर, सामान्य, 05:29–07:21
  • लाभ, शुभ, 07:21–09:14
  • अमृत, शुभ, 09:14–11:06
  • काल, अशुभ, 11:06–12:59
  • शुभ, 12:59–14:52
  • रोग, अशुभ, 14:52–16:44
  • उद्वेग, अशुभ, 16:44–18:37
  • चर, सामान्य, 18:37–20:29
  • रोग, अशुभ, 20:29–21:37
  • काल, अशुभ, 21:37–22:44
  • लाभ, शुभ, 22:44–23:52
  • उद्वेग, अशुभ, 23:52–00:59 शनि
  • शुभ, 00:59–02:06 शनि
  • अमृत, शुभ, 02:06–03:14 शनि
  • चर, सामान्य, 03:14–04:21 शनि
  • रोग, अशुभ, 04:21–05:29 शनि
  • गुलिक काल, 07:21–09:14, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 08:29–09:29, अशुभ
  • राहु काल, 11:06–12:59, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:29–13:29, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 13:29–14:29, अशुभ
  • यमगण्ड, 16:44–18:37, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:17–04:53 शनि

हर मान कैसे निकलता है

Sevan में गंगा दशहरा शुक्र 10 जून को क्यों है?

गंगा दशहरा शुक्र 10 जून को है: उस दिन सूर्योदय पर दशमी है।

नवमी 06:52 04:00 05:00 06:00 गुरु 9 जून सूर्योदय 05:29 दशमी 06:52 से
नवमी 06:52 04:00 05:00 06:00 गुरु 9 जून सूर्योदय 05:29 दशमी 06:52 से
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+4)। पट्टी: तिथि। रेखा: सूर्योदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

गंगा दशहरा सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। दशमी गुरु 9 जून को 06:52 से शुक्र 10 जून को 05:56 तक है, इसलिए वह केवल शुक्र 10 जून के सूर्योदय (05:29) पर है। गंगा दशहरा का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।

गंगा दशहरा: Sevan में हर तारीख़

Sevan में निर्जला एकादशी शुक्र 10 जून को क्यों है?

स्मार्त परंपरा में निर्जला एकादशी शुक्र 10 जून को है: एकादशी किसी सूर्योदय पर नहीं है, और क्षय एकादशी उसी दिन रखी जाती है जिस दिन वह चलती है। वैष्णव शनि 11 जून को व्रत रखते हैं।

दशमी एकादशी 05:29 05:56 02:00 03:00 04:00 05:00 07:00 शुक्र 10 जून स्मार्त अरुणोदय 03:53–05:29
दशमी एकादशी 05:29 05:56 02:00 04:00 शुक्र 10 जून स्मार्त अरुणोदय 03:53–05:29
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+4)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।

स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं। यह शुक्र 10 जून को 05:56 पर, उस सूर्योदय (05:29) के बाद, लगती है और शनि 11 जून को 04:16 पर, अगले सूर्योदय (05:29 शनि) से पहले, समाप्त होती है: यह किसी सूर्योदय पर नहीं है। क्षय एकादशी उसी दिन रखी जाती है जिस दिन वह चलती है: शुक्र 10 जून।

निर्जला एकादशी: Sevan में हर तारीख़

शुक्र 10 जून को कौन सी तिथि है? शुक्ल दशमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 119.8° आगे था: शुक्ल दशमी।

सूर्य अमावस्या 0° 119.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण दशमी 108°–120° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 119.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण दशमी 108°–120° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 108°–120° दसवीं है, शुक्ल दशमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:29। नवमी उससे पहले 06:52 गुरु पर समाप्त हुई। दशमी 05:56 को समाप्त होगी, जब बढ़त 120° होगी। बढ़त 30 मई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

एकादशी क्षय क्यों है?

एकादशी एक सूर्योदय के बाद शुरू हुई और अगले से पहले समाप्त, इसलिए यहाँ कोई दिन एकादशी नहीं होता।

दशमी एकादशी एकादशी द्वादशी शुक्र 10 जून सुबह शनि 11 जून सुबह Sevan UTC+4 05:56 04:16 05:29 दशमी 05:29 द्वादशी एकादशी इस सूर्योदय के बाद शुरू और इससे पहले समाप्त
दशमी एकादशी एकादशी द्वादशी शुक्र 10 जून सुबह शनि 11 जून सुबह Sevan UTC+4 05:56 04:16 05:29 दशमी 05:29 द्वादशी एकादशी इस सूर्योदय के बाद शुरू और इससे पहले समाप्त
समय नीचे की ओर · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। एकादशी 05:56 को शुरू हुई और 04:16 शनि को समाप्त, 05:29 और 05:29 शनि के सूर्योदयों के बीच। शुक्रवार को दशमी है और शनिवार को द्वादशी: एकादशी यहाँ क्षय तिथि है।

शुक्र 10 जून को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:17–04:53

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:17–04:53।

सूर्यास्त 20:29 गुरु सूर्योदय 05:29 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 9 जून का दिन 14 1
सूर्यास्त 20:29 गुरु सूर्योदय 05:29 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 9 जून का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · गुरुवार का दिन धुँधला

गुरु 9 जून की रात सूर्यास्त 20:29 गुरु से सूर्योदय 05:29 तक थी, 9 घं 0 मि। इसे 36 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शुक्र 10 जून को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:29–13:29

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:29–13:29।

शुक्र 10 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 08:29–09:29

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:29–09:29 और 13:29–14:29।

शुक्र 10 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 13:29–14:29

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:29–09:29 और 13:29–14:29।

सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 9

यहाँ दिन, 05:29 से 20:29, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 1 घं 0 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 08:29–09:29 और 13:29–14:29।

शुक्र 10 जून का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:29–07:21 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।

सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:29 से 20:29, 1 घं 52 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 20:29 से 05:29 शनि, 1 घं 7 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शुक्र 10 जून को राहुकाल कब है? 11:06–12:59

राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 11:06–12:59।

शुक्र 10 जून को यमगंड कब है? 16:44–18:37

यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 16:44–18:37।

शुक्र 10 जून को गुलिक काल कब है? 07:21–09:14

गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:21–09:14।

सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 2, यमगण्ड 7

यहाँ दिन 05:29 से 20:29 तक है, 15 घं 0 मि। इसे 1 घं 52 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शुक्र 10 जून को सूर्योदय कितने बजे है? 05:29

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:29, सूर्यास्त 20:29, 15 घं 0 मि का दिन।

शुक्र 10 जून को सूर्यास्त कितने बजे है? 20:29

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:29, सूर्यास्त 20:29, 15 घं 0 मि का दिन।

सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:06 शनि चंद्रोदय 15:46
सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:06 शनि चंद्रोदय 15:46
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 0 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 0 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शुक्र 10 जून को कौन सा नक्षत्र है? चित्रा

सूर्योदय पर चंद्रमा 174.8° पर था: चित्रा, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° चित्रा चंद्रमा 174.8° अगला: स्वाती पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° चित्रा चंद्रमा 174.8° अगला: स्वाती पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। चित्रा 173°20′–186°40′ तक है; चंद्रमा 173°20′ पर उसके पद 1 में आया। वह 02:06 शनि को निकलेगा, स्वाती में।

शुक्र 10 जून को कौन सा योग है? वरीयान्

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 229.8° थे: वरीयान्।

सूर्य 55.0° + चंद्रमा 174.8° = 229.8° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 55.0° + चंद्रमा 174.8° = 229.8° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 55° + 174.8° = 229.8°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 226°40′–240°00′ अठारहवाँ है, वरीयान्। यह 22:04 को समाप्त होता है, फिर परिघ।

शुक्र 10 जून को कौन सा करण है? गर

सूर्योदय पर बढ़त 119.8° थी: दशमी का दूसरा आधा, गर।

सूर्य अमावस्या 0° 119.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण दशमी 108°–120° गर 114°–120° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 119.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण दशमी 108°–120° गर 114°–120° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए दशमी का पहला आधा तैतिल है और दूसरा गर। तैतिल 18:30 गुरु पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 114° हुई; गर 05:56 तक है।

शुक्र 10 जून को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार

यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 05:29, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।

शुक्रवार सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
शुक्रवार सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:29 से 05:29 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।

शुक्र 10 जून को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? ज्येष्ठ

यह मास 30 मई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृषभ में था: ज्येष्ठ।

1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृषभ से ज्येष्ठ। सूर्य 15 जून को, मास के भीतर, मिथुन में जाता है। अगली अमावस्या, 29 जून, उसे मिथुन में पाती है और आषाढ़ शुरू करती है।

शुक्र 10 जून को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? ज्येष्ठ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष ज्येष्ठ का है।

अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल शुक्र 10 जून पूर्णिमा 16 मई अमावस्या 30 मई पूर्णिमा 14 जून अमावस्या 29 जून
अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल शुक्र 10 जून पूर्णिमा 16 मई अमावस्या 30 मई पूर्णिमा 14 जून अमावस्या 29 जून
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 30 मई की अमावस्या ने, सूर्य वृषभ में, ज्येष्ठ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में ज्येष्ठ है।

शुक्र 10 जून को कौन सा संवत है? विक्रम 2079 · शक 1944

विक्रम संवत 2079 1 अप्रैल 2022 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 1 अप्रैल 2022 10:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 10 जून सूर्य 55.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 1 अप्रैल 2022 10:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 10 जून सूर्य 55.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 1 अप्रैल 2022, 10:24 शुक्र। तब से सूर्य तारों के बीच 67.7° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2079 गिनता है; शक संवत 1944।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शुक्र 10 जून को चंद्रोदय कितने बजे है? 15:46

चंद्रमा यहाँ 15:46 पर उदय होता है।

शुक्र 10 जून को चंद्रास्त कितने बजे है? 03:06 शनि

सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:06 शनि चंद्रोदय 15:46
सूर्योदय 05:29 सूर्यास्त 20:29 सूर्योदय 05:29 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:06 शनि चंद्रोदय 15:46
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 15:46 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 03:06 शनि पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 15:46 पर उदय हुआ; वह फिर 03:06 शनि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।