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Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग शुक्र 3 जून 2022

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+4 में

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:18 05:31 20:25अगला सूर्योदय 05:30 शनि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:31–07:22चरसामान्य
  • 07:22–09:14लाभगुलिक काल में
  • 09:14–11:06अमृतशुभ
  • 11:06–12:58कालअशुभ
  • 12:58–14:50शुभ
  • 14:50–16:41रोगअशुभ
  • 16:41–18:33उद्वेगअशुभ
  • 18:33–20:25चरसामान्य

रात का चौघड़िया

  • 20:25–21:33रोगअशुभ
  • 21:33–22:41कालअशुभ
  • 22:41–23:50लाभशुभ
  • 23:50–00:58 शनिउद्वेगअशुभ
  • 00:58–02:06 शनिशुभ
  • 02:06–03:14 शनिअमृतशुभ
  • 03:14–04:22 शनिचरसामान्य
  • 04:22–05:30 शनिरोगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शुक्र 3 जून: ब्रह्म मुहूर्त, 04:18–04:54, शुभ
  • चर, सामान्य, 05:31–07:22
  • लाभ, शुभ, 07:22–09:14
  • अमृत, शुभ, 09:14–11:06
  • काल, अशुभ, 11:06–12:58
  • शुभ, 12:58–14:50
  • रोग, अशुभ, 14:50–16:41
  • उद्वेग, अशुभ, 16:41–18:33
  • चर, सामान्य, 18:33–20:25
  • रोग, अशुभ, 20:25–21:33
  • काल, अशुभ, 21:33–22:41
  • लाभ, शुभ, 22:41–23:50
  • उद्वेग, अशुभ, 23:50–00:58 शनि
  • शुभ, 00:58–02:06 शनि
  • अमृत, शुभ, 02:06–03:14 शनि
  • चर, सामान्य, 03:14–04:22 शनि
  • रोग, अशुभ, 04:22–05:30 शनि
  • गुलिक काल, 07:22–09:14, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 08:29–09:29, अशुभ
  • राहु काल, 11:06–12:58, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:28–13:28, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 13:28–14:27, अशुभ
  • यमगण्ड, 16:41–18:33, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:18–04:54 शनि

हर मान कैसे निकलता है

शुक्र 3 जून को कौन सी तिथि है? शुक्ल चतुर्थी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 39° आगे था: शुक्ल चतुर्थी।

सूर्य अमावस्या 0° 39.0° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण चतुर्थी 36°–48° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 39.0° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण चतुर्थी 36°–48° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 36°–48° चौथी है, शुक्ल चतुर्थी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:31। तृतीया उससे पहले 22:47 गुरु पर समाप्त हुई। चतुर्थी 01:12 शनि को समाप्त होगी, जब बढ़त 48° होगी। बढ़त 30 मई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

शुक्र 3 जून को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:18–04:54

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:18–04:54।

सूर्यास्त 20:24 गुरु सूर्योदय 05:31 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 2 जून का दिन 14 1
सूर्यास्त 20:24 गुरु सूर्योदय 05:31 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 2 जून का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · गुरुवार का दिन धुँधला

गुरु 2 जून की रात सूर्यास्त 20:24 गुरु से सूर्योदय 05:31 तक थी, 9 घं 7 मि। इसे 36 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शुक्र 3 जून को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:28–13:28

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:28–13:28।

शुक्र 3 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 08:29–09:29

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:29–09:29 और 13:28–14:27।

शुक्र 3 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 13:28–14:27

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:29–09:29 और 13:28–14:27।

सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 9

यहाँ दिन, 05:31 से 20:25, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 59 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 08:29–09:29 और 13:28–14:27।

शुक्र 3 जून का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:31–07:22 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।

सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:31 से 20:25, 1 घं 51 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 20:25 से 05:30 शनि, 1 घं 8 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शुक्र 3 जून को राहुकाल कब है? 11:06–12:58

राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 11:06–12:58।

शुक्र 3 जून को यमगंड कब है? 16:41–18:33

यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 16:41–18:33।

शुक्र 3 जून को गुलिक काल कब है? 07:22–09:14

गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:22–09:14।

सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 2, यमगण्ड 7

यहाँ दिन 05:31 से 20:25 तक है, 14 घं 54 मि। इसे 1 घं 51 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शुक्र 3 जून को सूर्योदय कितने बजे है? 05:31

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:31, सूर्यास्त 20:25, 14 घं 54 मि का दिन।

शुक्र 3 जून को सूर्यास्त कितने बजे है? 20:25

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:31, सूर्यास्त 20:25, 14 घं 54 मि का दिन।

सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:59 चंद्रोदय 08:18
सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:59 चंद्रोदय 08:18
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 14 घं 54 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 5 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 14 घं 54 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 5 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शुक्र 3 जून को कौन सा नक्षत्र है? पुनर्वसु

सूर्योदय पर चंद्रमा 87.4° पर था: पुनर्वसु, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° पुनर्वसु चंद्रमा 87.4° अगला: पुष्य पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° पुनर्वसु चंद्रमा 87.4° अगला: पुष्य पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। पुनर्वसु 80°00′–93°20′ तक है; चंद्रमा 86°40′ पर उसके पद 3 में आया। वह 17:34 को निकलेगा, पुष्य में।

शुक्र 3 जून को कौन सा योग है? वृद्धि

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 135.7° थे: वृद्धि।

सूर्य 48.3° + चंद्रमा 87.4° = 135.7° वृद्धि 133°20′–146°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 48.3° + चंद्रमा 87.4° = 135.7° वृद्धि 133°20′–146°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 48.3° + 87.4° = 135.7°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 133°20′–146°40′ ग्यारहवाँ है, वृद्धि। यह 02:02 शनि को समाप्त होता है, फिर ध्रुव।

शुक्र 3 जून को कौन सा करण है? वणिज

सूर्योदय पर बढ़त 39° थी: चतुर्थी का पहला आधा, वणिज।

सूर्य अमावस्या 0° 39.0° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण चतुर्थी 36°–48° वणिज 36°–42° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 39.0° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण चतुर्थी 36°–48° वणिज 36°–42° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए चतुर्थी का पहला आधा वणिज है और दूसरा विष्टि। वणिज 12:01 तक है, जब बढ़त 42° होगी; विष्टि 01:12 शनि तक।

शुक्र 3 जून को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार

यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 05:31, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।

शुक्रवार सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
शुक्रवार सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:31 से 05:30 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।

शुक्र 3 जून को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? ज्येष्ठ

यह मास 30 मई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृषभ में था: ज्येष्ठ।

1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृषभ से ज्येष्ठ। सूर्य 15 जून को, मास के भीतर, मिथुन में जाता है। अगली अमावस्या, 29 जून, उसे मिथुन में पाती है और आषाढ़ शुरू करती है।

शुक्र 3 जून को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? ज्येष्ठ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष ज्येष्ठ का है।

अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल शुक्र 3 जून पूर्णिमा 16 मई अमावस्या 30 मई पूर्णिमा 14 जून अमावस्या 29 जून
अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल शुक्र 3 जून पूर्णिमा 16 मई अमावस्या 30 मई पूर्णिमा 14 जून अमावस्या 29 जून
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 30 मई की अमावस्या ने, सूर्य वृषभ में, ज्येष्ठ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में ज्येष्ठ है।

शुक्र 3 जून को कौन सा संवत है? विक्रम 2079 · शक 1944

विक्रम संवत 2079 1 अप्रैल 2022 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 1 अप्रैल 2022 10:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 3 जून सूर्य 48.3° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 1 अप्रैल 2022 10:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 3 जून सूर्य 48.3° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 1 अप्रैल 2022, 10:24 शुक्र। तब से सूर्य तारों के बीच 61° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2079 गिनता है; शक संवत 1944।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शुक्र 3 जून को चंद्रोदय कितने बजे है? 08:18

चंद्रमा यहाँ 08:18 पर उदय होता है।

शुक्र 3 जून को चंद्रास्त कितने बजे है? 23:59

सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:59 चंद्रोदय 08:18
सूर्योदय 05:31 सूर्यास्त 20:25 सूर्योदय 05:30 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:59 चंद्रोदय 08:18
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 08:18 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 23:59 पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 08:18 पर उदय हुआ; वह फिर 23:59 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।