tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग मंगल 28 जून 2011

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+5 में

द्वादशी

कृष्ण पक्ष · 13:34 तक

फिर त्रयोदशी · 14:16 बुध तक

व्रत

प्रदोष व्रत

प्रदोष पूजा मुहूर्त
21:34⁠–⁠23:22
प्रदोष काल 21:34⁠–⁠23:22

प्रदोष व्रत मंगल 28 जून को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं। मंगल 28 जून क्यों?

प्रदोष व्रत: Sevan में हर तारीख़

व्रत का पारण

योगिनी एकादशी

पारण मंगल 28 जून, 06:31⁠–⁠13:34
योगिनी एकादशी: Sevan में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:20 06:31 21:34अगला सूर्योदय 06:32 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:31–08:24रोगअशुभ
  • 08:24–10:17उद्वेगअशुभ
  • 10:17–12:10चरसामान्य
  • 12:10–14:03लाभशुभ
  • 14:03–15:56अमृतगुलिक काल में
  • 15:56–17:48कालअशुभ
  • 17:48–19:41शुभराहु काल में
  • 19:41–21:34रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 21:34–22:41कालअशुभ
  • 22:41–23:48लाभशुभ
  • 23:48–00:56 बुधउद्वेगअशुभ
  • 00:56–02:03 बुधशुभ
  • 02:03–03:10 बुधअमृतशुभ
  • 03:10–04:17 बुधचरसामान्य
  • 04:17–05:24 बुधरोगअशुभ
  • 05:24–06:32 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 28 जून: ब्रह्म मुहूर्त, 05:20–05:55, शुभ
  • रोग, अशुभ, 06:31–08:24
  • उद्वेग, अशुभ, 08:24–10:17
  • चर, सामान्य, 10:17–12:10
  • लाभ, शुभ, 12:10–14:03
  • अमृत, शुभ, 14:03–15:56
  • काल, अशुभ, 15:56–17:48
  • शुभ, 17:48–19:41
  • रोग, अशुभ, 19:41–21:34
  • काल, अशुभ, 21:34–22:41
  • लाभ, शुभ, 22:41–23:48
  • उद्वेग, अशुभ, 23:48–00:56 बुध
  • शुभ, 00:56–02:03 बुध
  • अमृत, शुभ, 02:03–03:10 बुध
  • चर, सामान्य, 03:10–04:17 बुध
  • रोग, अशुभ, 04:17–05:24 बुध
  • काल, अशुभ, 05:24–06:32 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 09:32–10:32, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:17–12:10, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 13:33–14:33, शुभ
  • गुलिक काल, 14:03–15:56, अशुभ
  • राहु काल, 17:48–19:41, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 01:09–01:45 बुध, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:20–05:56 बुध

हर मान कैसे निकलता है

Sevan में प्रदोष व्रत मंगल 28 जून को क्यों है?

प्रदोष व्रत मंगल 28 जून को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।

त्रयोदशी 20:00 21:00 22:00 23:00 00:00 01:00 मंगल 28 जून स्मार्त · वैष्णव प्रदोष काल 21:34–23:22
त्रयोदशी 20:00 22:00 00:00 मंगल 28 जून स्मार्त · वैष्णव प्रदोष काल 21:34–23:22
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+5)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी मंगल 28 जून को 13:34 से बुध 29 जून को 14:16 तक है, इसलिए केवल मंगलवार का प्रदोष काल (21:34–23:22) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

प्रदोष व्रत: Sevan में हर तारीख़

मंगल 28 जून को कौन सी तिथि है? कृष्ण द्वादशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 320.6° आगे था: कृष्ण द्वादशी।

सूर्य अमावस्या 0° 320.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 320.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 312°–324° सत्ताईसवीं है, कृष्ण द्वादशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:31। एकादशी उससे पहले 12:16 सोम पर समाप्त हुई। द्वादशी 13:34 को समाप्त होगी, जब बढ़त 324° होगी। बढ़त 16 जून की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

मंगल 28 जून को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:20–05:55

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:20–05:55।

सूर्यास्त 21:34 सोम सूर्योदय 06:31 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 27 जून का दिन 14 1
सूर्यास्त 21:34 सोम सूर्योदय 06:31 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 27 जून का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 27 जून की रात सूर्यास्त 21:34 सोम से सूर्योदय 06:31 तक थी, 8 घं 57 मि। इसे 35 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 28 जून को अभिजीत मुहूर्त कब है? 13:33–14:33

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 13:33–14:33।

मंगल 28 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 09:32–10:32

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:32–10:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 01:09 बुध–01:45 बुध।

मंगल 28 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 01:09–01:45 बुध

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:32–10:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 01:09 बुध–01:45 बुध।

सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 06:31 से 21:34, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 1 घं 0 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 09:32–10:32 और 01:09 बुध–01:45 बुध।

मंगल 28 जून का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:31–08:24 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:31 से 21:34, 1 घं 52 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 21:34 से 06:32 बुध, 1 घं 7 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 28 जून को राहुकाल कब है? 17:48–19:41

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 17:48–19:41।

मंगल 28 जून को यमगंड कब है? 10:17–12:10

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:17–12:10।

मंगल 28 जून को गुलिक काल कब है? 14:03–15:56

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 14:03–15:56।

सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 06:31 से 21:34 तक है, 15 घं 3 मि। इसे 1 घं 52 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 28 जून को सूर्योदय कितने बजे है? 06:31

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:31, सूर्यास्त 21:34, 15 घं 3 मि का दिन।

मंगल 28 जून को सूर्यास्त कितने बजे है? 21:34

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:31, सूर्यास्त 21:34, 15 घं 3 मि का दिन।

सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:00 चंद्रोदय 04:33 बुध
सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:00 चंद्रोदय 04:33 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 3 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 58 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 3 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 58 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 28 जून को कौन सा नक्षत्र है? कृत्तिका

सूर्योदय पर चंद्रमा 32.7° पर था: कृत्तिका, पद 2।

चंद्रमा सूर्य 0° कृत्तिका चंद्रमा 32.7° अगला: रोहिणी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° कृत्तिका चंद्रमा 32.7° अगला: रोहिणी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। कृत्तिका 26°40′–40°00′ तक है; चंद्रमा 30° पर उसके पद 2 में आया। वह 20:39 को निकलेगा, रोहिणी में।

मंगल 28 जून को कौन सा योग है? धृति

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 104.7° थे: धृति।

सूर्य 72.0° + चंद्रमा 32.7° = 104.7° धृति 93°20′–106°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 72.0° + चंद्रमा 32.7° = 104.7° धृति 93°20′–106°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 72° + 32.7° = 104.7°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 93°20′–106°40′ आठवाँ है, धृति। यह 10:04 को समाप्त होता है, फिर शूल।

मंगल 28 जून को कौन सा करण है? तैतिल

सूर्योदय पर बढ़त 320.6° थी: द्वादशी का दूसरा आधा, तैतिल।

सूर्य अमावस्या 0° 320.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° तैतिल 318°–324° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 320.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° तैतिल 318°–324° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वादशी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 00:59 पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 318° हुई; तैतिल 13:34 तक है।

मंगल 28 जून को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:31, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:31 से 06:32 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 28 जून को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? ज्येष्ठ

यह मास 2 जून की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृषभ में था: ज्येष्ठ।

1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृषभ से ज्येष्ठ। सूर्य 15 जून को, मास के भीतर, मिथुन में जाता है। अगली अमावस्या, 1 जुलाई, उसे मिथुन में पाती है और आषाढ़ शुरू करती है।

मंगल 28 जून को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आषाढ़

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष आषाढ़ का है।

अमान्त पूर्णिमान्त आषाढ़ ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल मंगल 28 जून अमावस्या 2 जून पूर्णिमा 16 जून अमावस्या 1 जुल॰ पूर्णिमा 15 जुल॰
अमान्त पूर्णिमान्त आषाढ़ ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल मंगल 28 जून अमावस्या 2 जून पूर्णिमा 16 जून अमावस्या 1 जुल॰ पूर्णिमा 15 जुल॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 1 जुलाई की अमावस्या, सूर्य मिथुन में, आषाढ़ शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ आषाढ़ है, और अमान्त गणना में ज्येष्ठ।

मंगल 28 जून को कौन सा संवत है? विक्रम 2068 · शक 1933

विक्रम संवत 2068 3 अप्रैल 2011 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 2011 19:32 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 28 जून सूर्य 72.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 2011 19:32 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 28 जून सूर्य 72.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 3 अप्रैल 2011, 19:32 रवि। तब से सूर्य तारों के बीच 82.5° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2068 गिनता है; शक संवत 1933।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 28 जून को चंद्रोदय कितने बजे है? 04:33 बुध

चंद्रमा यहाँ 04:33 बुध पर उदय होता है।

मंगल 28 जून को चंद्रास्त कितने बजे है? 19:00

सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:00 चंद्रोदय 04:33 बुध
सूर्योदय 06:31 सूर्यास्त 21:34 सूर्योदय 06:32 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:00 चंद्रोदय 04:33 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 19:00 पर अस्त हुआ; वह फिर 04:33 बुध पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 19:00 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 04:33 बुध पर उदय होगा।