tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग शनि 12 अगस्त 2006

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+5 में

चतुर्थी

कृष्ण पक्ष · 02:26 रवि तक

फिर पञ्चमी · 23:39 रवि तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

व्रत

संकष्टी चतुर्थी

चंद्रोदय
22:45

संकष्टी चतुर्थी शनि 12 अगस्त को है: उस रात चंद्रोदय पर चतुर्थी है। शनि 12 अगस्त क्यों?

संकष्टी चतुर्थी: Sevan में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:46 07:07 21:02अगला सूर्योदय 07:08 रवि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 07:07–08:51कालअशुभ
  • 08:51–10:36शुभ
  • 10:36–12:20रोगअशुभ
  • 12:20–14:04उद्वेगअशुभ
  • 14:04–15:49चरसामान्य
  • 15:49–17:33लाभयमगण्ड में
  • 17:33–19:17अमृतशुभ
  • 19:17–21:02कालअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 21:02–22:17लाभशुभ
  • 22:17–23:33उद्वेगअशुभ
  • 23:33–00:49 रविशुभ
  • 00:49–02:05 रविअमृतशुभ
  • 02:05–03:21 रविचरसामान्य
  • 03:21–04:36 रविरोगअशुभ
  • 04:36–05:52 रविकालअशुभ
  • 05:52–07:08 रविलाभशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शनि 12 अगस्त: ब्रह्म मुहूर्त, 05:46–06:27, शुभ
  • काल, अशुभ, 07:07–08:51
  • शुभ, 08:51–10:36
  • रोग, अशुभ, 10:36–12:20
  • उद्वेग, अशुभ, 12:20–14:04
  • चर, सामान्य, 14:04–15:49
  • लाभ, शुभ, 15:49–17:33
  • अमृत, शुभ, 17:33–19:17
  • काल, अशुभ, 19:17–21:02
  • लाभ, शुभ, 21:02–22:17
  • उद्वेग, अशुभ, 22:17–23:33
  • शुभ, 23:33–00:49 रवि
  • अमृत, शुभ, 00:49–02:05 रवि
  • चर, सामान्य, 02:05–03:21 रवि
  • रोग, अशुभ, 03:21–04:36 रवि
  • काल, अशुभ, 04:36–05:52 रवि
  • लाभ, शुभ, 05:52–07:08 रवि
  • गुलिक काल, 07:07–08:51, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 07:07–08:02, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 08:02–08:58, अशुभ
  • राहु काल, 10:36–12:20, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 13:36–14:32, शुभ
  • यमगण्ड, 15:49–17:33, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:47–06:27 रवि

हर मान कैसे निकलता है

Sevan में संकष्टी चतुर्थी शनि 12 अगस्त को क्यों है?

संकष्टी चतुर्थी शनि 12 अगस्त को है: उस रात चंद्रोदय पर चतुर्थी है।

तृतीया 21:00 22:00 23:00 00:00 शुक्र 11 अगस्त चंद्रोदय 22:21
तृतीया 21:00 22:00 23:00 00:00 शुक्र 11 अगस्त चंद्रोदय 22:21
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+5)। पट्टी: तिथि। रेखा: चंद्रोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

संकष्टी का व्रत चंद्रोदय पर खोला जाता है। चतुर्थी शनि 12 अगस्त को 05:34 से रवि 13 अगस्त को 02:26 तक है, इसलिए चंद्रोदय पर वह केवल शनि 12 अगस्त को है, 22:45 पर। संकष्टी चतुर्थी का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; चंद्रोदय Tithika की परिपाटी है।

संकष्टी चतुर्थी: Sevan में हर तारीख़

शनि 12 अगस्त को कौन सी तिथि है? कृष्ण चतुर्थी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 216.9° आगे था: कृष्ण चतुर्थी।

सूर्य अमावस्या 0° 216.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 216.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 216°–228° उन्नीसवीं है, कृष्ण चतुर्थी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:07। तृतीया उससे पहले 05:34 पर समाप्त हुई। चतुर्थी 02:26 रवि को समाप्त होगी, जब बढ़त 228° होगी। बढ़त 9 अगस्त की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

नई दिल्ली में तृतीया क्यों है?

नई दिल्ली में तृतीया है, Sevan में चतुर्थी।

तृतीया चतुर्थी चतुर्थी पञ्चमी शनि 12 अगस्त सुबह रवि 13 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+5 06:04 05:34 02:56 02:26 05:48 तृतीया 05:49 पञ्चमी 07:07 चतुर्थी 07:08 पञ्चमी
तृतीया चतुर्थी चतुर्थी पञ्चमी शनि 12 अगस्त सुबह रवि 13 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+5 06:04 05:34 02:56 02:26 05:48 तृतीया 05:49 पञ्चमी 07:07 चतुर्थी 07:08 पञ्चमी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:48, तृतीया की समाप्ति 06:04 से पहले हुआ: यह दिन तृतीया है। चतुर्थी अगले सूर्योदय से पहले, 02:56 रवि को, समाप्त होती है, इसलिए यहाँ कोई दिन चतुर्थी नहीं होता: वह क्षय है।

Sevan · UTC+5

यहाँ सूर्योदय, 07:07, तृतीया की समाप्ति 05:34 के बाद हुआ: यह दिन चतुर्थी है।

शनि 12 अगस्त को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:46–06:27

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:46–06:27।

सूर्यास्त 21:03 शुक्र सूर्योदय 07:07 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 11 अगस्त का दिन 14 1
सूर्यास्त 21:03 शुक्र सूर्योदय 07:07 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 11 अगस्त का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · शुक्रवार का दिन धुँधला

शुक्र 11 अगस्त की रात सूर्यास्त 21:03 शुक्र से सूर्योदय 07:07 तक थी, 10 घं 4 मि। इसे 40 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शनि 12 अगस्त को अभिजीत मुहूर्त कब है? 13:36–14:32

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 13:36–14:32।

शनि 12 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 07:07–08:02

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:07–08:02 और 08:02–08:58।

शनि 12 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 08:02–08:58

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 07:07–08:02 और 08:02–08:58।

सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 1, 2

यहाँ दिन, 07:07 से 21:02, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 55 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 07:07–08:02 और 08:02–08:58।

शनि 12 अगस्त का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

07:07–08:51 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 07:07 से 21:02, 1 घं 44 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 21:02 से 07:08 रवि, 1 घं 15 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शनि 12 अगस्त को राहुकाल कब है? 10:36–12:20

राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:36–12:20।

शनि 12 अगस्त को यमगंड कब है? 15:49–17:33

यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 15:49–17:33।

शनि 12 अगस्त को गुलिक काल कब है? 07:07–08:51

गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 07:07–08:51।

सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 1, यमगण्ड 6

यहाँ दिन 07:07 से 21:02 तक है, 13 घं 55 मि। इसे 1 घं 44 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शनि 12 अगस्त को सूर्योदय कितने बजे है? 07:07

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:07, सूर्यास्त 21:02, 13 घं 55 मि का दिन।

शनि 12 अगस्त को सूर्यास्त कितने बजे है? 21:02

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:07, सूर्यास्त 21:02, 13 घं 55 मि का दिन।

सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 10:28 चंद्रोदय 22:45
सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 10:28 चंद्रोदय 22:45
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 55 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 6 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 55 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 6 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शनि 12 अगस्त को कौन सा नक्षत्र है? पूर्व भाद्रपद

सूर्योदय पर चंद्रमा 332.2° पर था: पूर्व भाद्रपद, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° पूर्व भाद्रपद चंद्रमा 332.2° अगला: उत्तर भाद्रपद पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° पूर्व भाद्रपद चंद्रमा 332.2° अगला: उत्तर भाद्रपद पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। पूर्व भाद्रपद 320°00′–333°20′ तक है; चंद्रमा 330° पर उसके पद 4 में आया। वह 08:57 को निकलेगा, उत्तर भाद्रपद में।

शनि 12 अगस्त को कौन सा योग है? सुकर्मा

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 447.5° थे, एक चक्कर और 87.5°: सुकर्मा।

सूर्य 115.3° + चंद्रमा 332.2° = 447.5° एक चक्कर + 87.5° सुकर्मा 80°00′–93°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 115.3° + चंद्रमा 332.2° = 447.5° एक चक्कर + 87.5° सुकर्मा 80°00′–93°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 115.3° + 332.2° = 447.5°, एक पूरा चक्कर और 87.5°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 80°00′–93°20′ सातवाँ है, सुकर्मा। यह 16:00 को समाप्त होता है, फिर धृति।

शनि 12 अगस्त को कौन सा करण है? बव

सूर्योदय पर बढ़त 216.9° थी: चतुर्थी का पहला आधा, बव।

सूर्य अमावस्या 0° 216.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° बव 216°–222° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 216.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° बव 216°–222° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए चतुर्थी का पहला आधा बव है और दूसरा बालव। बव 15:58 तक है, जब बढ़त 222° होगी; बालव 02:26 रवि तक।

शनि 12 अगस्त को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार

यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 07:07, पर शुरू हुआ: शनिवार।

शनिवार सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
शनिवार सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:07 से 07:08 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।

शनि 12 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण

यह मास 25 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कर्क में था: श्रावण।

1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कर्क से श्रावण। सूर्य 17 अगस्त को, मास के भीतर, सिंह में जाता है। अगली अमावस्या, 24 अगस्त, उसे सिंह में पाती है और भाद्रपद शुरू करती है।

शनि 12 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? भाद्रपद

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष भाद्रपद का है।

अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल शनि 12 अगस्त अमावस्या 25 जुल॰ पूर्णिमा 9 अग॰ अमावस्या 24 अग॰ पूर्णिमा 7 सित॰
अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल शनि 12 अगस्त अमावस्या 25 जुल॰ पूर्णिमा 9 अग॰ अमावस्या 24 अग॰ पूर्णिमा 7 सित॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 24 अगस्त की अमावस्या, सूर्य सिंह में, भाद्रपद शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ भाद्रपद है, और अमान्त गणना में श्रावण।

शनि 12 अगस्त को कौन सा संवत है? विक्रम 2063 · शक 1928

विक्रम संवत 2063 29 मार्च 2006 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 29 मार्च 2006 15:15 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 12 अगस्त सूर्य 115.3° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 29 मार्च 2006 15:15 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 12 अगस्त सूर्य 115.3° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 29 मार्च 2006, 15:15 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 130.7° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2063 गिनता है; शक संवत 1928।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शनि 12 अगस्त को चंद्रोदय कितने बजे है? 22:45

चंद्रमा यहाँ 22:45 पर उदय होता है।

शनि 12 अगस्त को चंद्रास्त कितने बजे है? 10:28

सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 10:28 चंद्रोदय 22:45
सूर्योदय 07:07 सूर्यास्त 21:02 सूर्योदय 07:08 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 10:28 चंद्रोदय 22:45
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 10:28 पर अस्त हुआ; वह फिर 22:45 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 10:28 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 22:45 पर उदय होगा।