tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग मंगल 8 मार्च 2005

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+4 में

त्रयोदशी

कृष्ण पक्ष · 19:01 तक

फिर चतुर्दशी · 15:58 बुध तक

त्योहार

महाशिवरात्रि

निशीथ पूजा मुहूर्त
00:45⁠–⁠01:35 बुध
निशीथ काल 00:45⁠–⁠01:35 बुध

महाशिवरात्रि मंगल 8 मार्च को है: उस रात पूरे निशीथ काल में चतुर्दशी है, और किसी रात नहीं। मंगल 8 मार्च क्यों?

महाशिवरात्रि: Sevan में हर तारीख़

व्रत

प्रदोष व्रत

प्रदोष पूजा मुहूर्त
18:59⁠–⁠21:27
प्रदोष काल 18:59⁠–⁠21:27

प्रदोष व्रत मंगल 8 मार्च को है: उस शाम त्रयोदशी प्रदोष काल को छूती है, और किसी शाम नहीं। मंगल 8 मार्च क्यों?

प्रदोष व्रत: Sevan में हर तारीख़

व्रत

मासिक शिवरात्रि

निशीथ पूजा मुहूर्त
00:45⁠–⁠01:35 बुध
निशीथ काल 00:45⁠–⁠01:35 बुध

मासिक शिवरात्रि मंगल 8 मार्च को है: उस रात पूरे निशीथ काल में चतुर्दशी है, और किसी रात नहीं। मंगल 8 मार्च क्यों?

मासिक शिवरात्रि: Sevan में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:43 07:23 18:59अगला सूर्योदय 07:21 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 07:23–08:50रोगअशुभ
  • 08:50–10:17उद्वेगअशुभ
  • 10:17–11:44चरसामान्य
  • 11:44–13:11लाभशुभ
  • 13:11–14:38अमृतगुलिक काल में
  • 14:38–16:05कालअशुभ
  • 16:05–17:32शुभराहु काल में
  • 17:32–18:59रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:59–20:31कालअशुभ
  • 20:31–22:04लाभशुभ
  • 22:04–23:37उद्वेगअशुभ
  • 23:37–01:10 बुधशुभ
  • 01:10–02:43 बुधअमृतशुभ
  • 02:43–04:15 बुधचरसामान्य
  • 04:15–05:48 बुधरोगअशुभ
  • 05:48–07:21 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 8 मार्च: ब्रह्म मुहूर्त, 05:43–06:33, शुभ
  • रोग, अशुभ, 07:23–08:50
  • उद्वेग, अशुभ, 08:50–10:17
  • चर, सामान्य, 10:17–11:44
  • लाभ, शुभ, 11:44–13:11
  • अमृत, शुभ, 13:11–14:38
  • काल, अशुभ, 14:38–16:05
  • शुभ, 16:05–17:32
  • रोग, अशुभ, 17:32–18:59
  • काल, अशुभ, 18:59–20:31
  • लाभ, शुभ, 20:31–22:04
  • उद्वेग, अशुभ, 22:04–23:37
  • शुभ, 23:37–01:10 बुध
  • अमृत, शुभ, 01:10–02:43 बुध
  • चर, सामान्य, 02:43–04:15 बुध
  • रोग, अशुभ, 04:15–05:48 बुध
  • काल, अशुभ, 05:48–07:21 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 09:42–10:28, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:17–11:44, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:47–13:34, शुभ
  • गुलिक काल, 13:11–14:38, अशुभ
  • राहु काल, 16:05–17:32, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 23:56–00:45 बुध, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:42–06:32 बुध

हर मान कैसे निकलता है

Sevan में महाशिवरात्रि मंगल 8 मार्च को क्यों है?

महाशिवरात्रि मंगल 8 मार्च को है: उस रात पूरे निशीथ काल में चतुर्दशी है, और किसी रात नहीं।

चतुर्दशी 23:00 00:00 01:00 02:00 03:00 मंगल 8 मार्च स्मार्त · वैष्णव निशीथ काल 00:45–01:35 बुध
चतुर्दशी 23:00 00:00 01:00 02:00 03:00 मंगल 8 मार्च स्मार्त · वैष्णव निशीथ काल 00:45–01:35 बुध
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+4)। पट्टी: तिथि। खाना: निशीथ काल। गहरी पट्टी: रात।

शिव पूजा निशीथ काल में होती है, आधी रात का मुहूर्त। चतुर्दशी मंगल 8 मार्च को 19:01 से बुध 9 मार्च को 15:58 तक है, इसलिए केवल मंगलवार की रात का निशीथ काल (00:45 बुध–01:35 बुध) उसके भीतर है।

महाशिवरात्रि: Sevan में हर तारीख़

Sevan में प्रदोष व्रत मंगल 8 मार्च को क्यों है?

प्रदोष व्रत मंगल 8 मार्च को है: उस शाम त्रयोदशी प्रदोष काल को छूती है, और किसी शाम नहीं।

द्वादशी 22:08 17:00 19:00 21:00 सोम 7 मार्च प्रदोष काल 18:57–21:27 त्रयोदशी 22:08 से
द्वादशी 22:08 17:00 19:00 21:00 सोम 7 मार्च प्रदोष काल 18:57–21:27 त्रयोदशी 22:08 से
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+4)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी सोम 7 मार्च को 22:08 से मंगल 8 मार्च को 19:01 तक है, इसलिए वह केवल मंगलवार के प्रदोष काल (18:59–21:27) को छूती है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

प्रदोष व्रत: Sevan में हर तारीख़

Sevan में मासिक शिवरात्रि मंगल 8 मार्च को क्यों है?

मासिक शिवरात्रि मंगल 8 मार्च को है: उस रात पूरे निशीथ काल में चतुर्दशी है, और किसी रात नहीं।

चतुर्दशी 23:00 00:00 01:00 02:00 03:00 मंगल 8 मार्च स्मार्त · वैष्णव निशीथ काल 00:45–01:35 बुध
चतुर्दशी 23:00 00:00 01:00 02:00 03:00 मंगल 8 मार्च स्मार्त · वैष्णव निशीथ काल 00:45–01:35 बुध
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+4)। पट्टी: तिथि। खाना: निशीथ काल। गहरी पट्टी: रात।

शिव पूजा निशीथ काल में होती है, आधी रात का मुहूर्त। चतुर्दशी मंगल 8 मार्च को 19:01 से बुध 9 मार्च को 15:58 तक है, इसलिए केवल मंगलवार की रात का निशीथ काल (00:45 बुध–01:35 बुध) उसके भीतर है। मासिक शिवरात्रि का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; निशीथ काल Tithika की परिपाटी है।

मासिक शिवरात्रि: Sevan में हर तारीख़

मंगल 8 मार्च को कौन सी तिथि है? कृष्ण त्रयोदशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 329.3° आगे था: कृष्ण त्रयोदशी।

सूर्य अमावस्या 0° 329.3° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 329.3° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 324°–336° अट्ठाईसवीं है, कृष्ण त्रयोदशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:23। द्वादशी उससे पहले 22:08 सोम पर समाप्त हुई। त्रयोदशी 19:01 को समाप्त होगी, जब बढ़त 336° होगी। बढ़त 24 फ़रवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

मंगल 8 मार्च को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:43–06:33

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:43–06:33।

सूर्यास्त 18:57 सोम सूर्योदय 07:23 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 7 मार्च का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:57 सोम सूर्योदय 07:23 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 7 मार्च का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 7 मार्च की रात सूर्यास्त 18:57 सोम से सूर्योदय 07:23 तक थी, 12 घं 26 मि। इसे 49 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 8 मार्च को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:47–13:34

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:47–13:34।

मंगल 8 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 09:42–10:28

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:42–10:28, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:56–00:45 बुध।

मंगल 8 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 23:56–00:45 बुध

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:42–10:28, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:56–00:45 बुध।

सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 07:23 से 18:59, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 46 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 09:42–10:28 और 23:56–00:45 बुध।

मंगल 8 मार्च का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

07:23–08:50 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 07:23 से 18:59, 1 घं 27 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:59 से 07:21 बुध, 1 घं 32 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 8 मार्च को राहुकाल कब है? 16:05–17:32

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 16:05–17:32।

मंगल 8 मार्च को यमगंड कब है? 10:17–11:44

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:17–11:44।

मंगल 8 मार्च को गुलिक काल कब है? 13:11–14:38

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 13:11–14:38।

सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 07:23 से 18:59 तक है, 11 घं 36 मि। इसे 1 घं 27 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 8 मार्च को सूर्योदय कितने बजे है? 07:23

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:23, सूर्यास्त 18:59, 11 घं 36 मि का दिन।

मंगल 8 मार्च को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:59

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:23, सूर्यास्त 18:59, 11 घं 36 मि का दिन।

सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 16:34 चंद्रोदय 07:05 बुध
सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 16:34 चंद्रोदय 07:05 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 36 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 22 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 36 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 22 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 8 मार्च को कौन सा नक्षत्र है? श्रवण

सूर्योदय पर चंद्रमा 293° पर था: श्रवण, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 293.0° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 293.0° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। श्रवण 280°00′–293°20′ तक है; चंद्रमा 290° पर उसके पद 4 में आया। वह 07:51 को निकलेगा, धनिष्ठा में।

मंगल 8 मार्च को कौन सा योग है? शिव

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 616.7° थे, एक चक्कर और 256.7°: शिव।

सूर्य 323.7° + चंद्रमा 293.0° = 616.7° एक चक्कर + 256.7° शिव 253°20′–266°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 323.7° + चंद्रमा 293.0° = 616.7° एक चक्कर + 256.7° शिव 253°20′–266°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 323.7° + 293° = 616.7°, एक पूरा चक्कर और 256.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 253°20′–266°40′ बीसवाँ है, शिव। यह 22:25 को समाप्त होता है, फिर सिद्ध।

मंगल 8 मार्च को कौन सा करण है? गर

सूर्योदय पर बढ़त 329.3° थी: त्रयोदशी का पहला आधा, गर।

सूर्य अमावस्या 0° 329.3° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° गर 324°–330° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 329.3° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° गर 324°–330° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए त्रयोदशी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 08:34 तक है, जब बढ़त 330° होगी; वणिज 19:01 तक।

मंगल 8 मार्च को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 07:23, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:23 से 07:21 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? माघ

यह मास 9 फ़रवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मकर में था: माघ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 कुंभ 12 0° पृथ्वी मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 कुंभ 12 0° पृथ्वी मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मकर से माघ। सूर्य 12 फ़रवरी को, मास के भीतर, कुंभ में जाता है। अगली अमावस्या, 10 मार्च, उसे कुंभ में पाती है और फाल्गुन शुरू करती है।

मंगल 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? फाल्गुन

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष फाल्गुन का है।

अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन माघ कृष्ण शुक्ल मंगल 8 मार्च अमावस्या 9 फ़र॰ पूर्णिमा 24 फ़र॰ अमावस्या 10 मार्च पूर्णिमा 26 मार्च
अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन माघ कृष्ण शुक्ल मंगल 8 मार्च अमावस्या 9 फ़र॰ पूर्णिमा 24 फ़र॰ अमावस्या 10 मार्च पूर्णिमा 26 मार्च
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 10 मार्च की अमावस्या, सूर्य कुंभ में, फाल्गुन शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ फाल्गुन है, और अमान्त गणना में माघ।

मंगल 8 मार्च को कौन सा संवत है? विक्रम 2061 · शक 1926

विक्रम संवत 2061 21 मार्च 2004 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 21 मार्च 2004 02:41 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 8 मार्च सूर्य 323.7° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 21 मार्च 2004 02:41 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 8 मार्च सूर्य 323.7° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 21 मार्च 2004, 02:41 रवि। तब से सूर्य तारों के बीच 347° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2061 गिनता है; शक संवत 1926।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 8 मार्च को चंद्रोदय कितने बजे है? 07:05 बुध

चंद्रमा यहाँ 07:05 बुध पर उदय होता है।

मंगल 8 मार्च को चंद्रास्त कितने बजे है? 16:34

सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 16:34 चंद्रोदय 07:05 बुध
सूर्योदय 07:23 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 07:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 16:34 चंद्रोदय 07:05 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 16:34 पर अस्त हुआ; वह फिर 07:05 बुध पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 16:34 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 07:05 बुध पर उदय होगा।