tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग शुक्र 22 दिसंबर 1995

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+4 में

प्रतिपदा

शुक्ल पक्ष · 02:28 शनि तक

फिर द्वितीया · 22:40 शनि तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

सूर्योदय और सूर्यास्त

06:22 08:20 17:36अगला सूर्योदय 08:20 शनि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 08:20–09:29चरसामान्य
  • 09:29–10:39लाभगुलिक काल में
  • 10:39–11:48अमृतशुभ
  • 11:48–12:58कालअशुभ
  • 12:58–14:07शुभ
  • 14:07–15:17रोगअशुभ
  • 15:17–16:27उद्वेगअशुभ
  • 16:27–17:36चरसामान्य

रात का चौघड़िया

  • 17:36–19:27रोगअशुभ
  • 19:27–21:17कालअशुभ
  • 21:17–23:08लाभशुभ
  • 23:08–00:58 शनिउद्वेगअशुभ
  • 00:58–02:49 शनिशुभ
  • 02:49–04:39 शनिअमृतशुभ
  • 04:39–06:30 शनिचरसामान्य
  • 06:30–08:20 शनिरोगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शुक्र 22 दिसंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 06:22–07:21, शुभ
  • चर, सामान्य, 08:20–09:29
  • लाभ, शुभ, 09:29–10:39
  • अमृत, शुभ, 10:39–11:48
  • काल, अशुभ, 11:48–12:58
  • शुभ, 12:58–14:07
  • रोग, अशुभ, 14:07–15:17
  • उद्वेग, अशुभ, 15:17–16:27
  • चर, सामान्य, 16:27–17:36
  • रोग, अशुभ, 17:36–19:27
  • काल, अशुभ, 19:27–21:17
  • लाभ, शुभ, 21:17–23:08
  • उद्वेग, अशुभ, 23:08–00:58 शनि
  • शुभ, 00:58–02:49 शनि
  • अमृत, शुभ, 02:49–04:39 शनि
  • चर, सामान्य, 04:39–06:30 शनि
  • रोग, अशुभ, 06:30–08:20 शनि
  • गुलिक काल, 09:29–10:39, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 10:11–10:48, अशुभ
  • राहु काल, 11:48–12:58, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:39–13:16, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 13:16–13:53, अशुभ
  • यमगण्ड, 15:17–16:27, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 06:22–07:21 शनि

हर मान कैसे निकलता है

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सी तिथि है? शुक्ल प्रतिपदा

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 1.2° आगे था: शुक्ल प्रतिपदा।

सूर्य अमावस्या 0° 1.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण प्रतिपदा 0°–12° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 1.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण प्रतिपदा 0°–12° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 0°–12° पहली है, शुक्ल प्रतिपदा। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 08:20। अमावस्या उससे पहले 06:22 पर समाप्त हुई। प्रतिपदा 02:28 शनि को समाप्त होगी, जब बढ़त 12° होगी। बढ़त 22 दिसंबर की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

नई दिल्ली में अमावस्या क्यों है?

नई दिल्ली में अमावस्या है, Sevan में प्रतिपदा।

अमावस्या प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया शुक्र 22 दिसंबर सुबह शनि 23 दिसंबर सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+4 07:52 06:22 03:58 02:28 07:09 अमावस्या 07:10 द्वितीया 08:20 प्रतिपदा 08:20 द्वितीया
अमावस्या प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया शुक्र 22 दिसंबर सुबह शनि 23 दिसंबर सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+4 07:52 06:22 03:58 02:28 07:09 अमावस्या 07:10 द्वितीया 08:20 प्रतिपदा 08:20 द्वितीया
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 07:09, अमावस्या की समाप्ति 07:52 से पहले हुआ: यह दिन अमावस्या है। प्रतिपदा अगले सूर्योदय से पहले, 03:58 शनि को, समाप्त होती है, इसलिए यहाँ कोई दिन प्रतिपदा नहीं होता: वह क्षय है।

Sevan · UTC+4

यहाँ सूर्योदय, 08:20, अमावस्या की समाप्ति 06:22 के बाद हुआ: यह दिन प्रतिपदा है।

शुक्र 22 दिसंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 06:22–07:21

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 06:22–07:21।

सूर्यास्त 17:36 गुरु सूर्योदय 08:20 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 21 दिसंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:36 गुरु सूर्योदय 08:20 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 21 दिसंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · गुरुवार का दिन धुँधला

गुरु 21 दिसंबर की रात सूर्यास्त 17:36 गुरु से सूर्योदय 08:20 तक थी, 14 घं 44 मि। इसे 58 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शुक्र 22 दिसंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:39–13:16

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:39–13:16।

शुक्र 22 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 10:11–10:48

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 10:11–10:48 और 13:16–13:53।

शुक्र 22 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 13:16–13:53

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 10:11–10:48 और 13:16–13:53।

सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 9

यहाँ दिन, 08:20 से 17:36, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 37 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 10:11–10:48 और 13:16–13:53।

शुक्र 22 दिसंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

08:20–09:29 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।

सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 08:20 से 17:36, 1 घं 9 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:36 से 08:20 शनि, 1 घं 50 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शुक्र 22 दिसंबर को राहुकाल कब है? 11:48–12:58

राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 11:48–12:58।

शुक्र 22 दिसंबर को यमगंड कब है? 15:17–16:27

यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:17–16:27।

शुक्र 22 दिसंबर को गुलिक काल कब है? 09:29–10:39

गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 09:29–10:39।

सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 2, यमगण्ड 7

यहाँ दिन 08:20 से 17:36 तक है, 9 घं 16 मि। इसे 1 घं 9 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शुक्र 22 दिसंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 08:20

यहाँ दिन: सूर्योदय 08:20, सूर्यास्त 17:36, 9 घं 16 मि का दिन।

शुक्र 22 दिसंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:36

यहाँ दिन: सूर्योदय 08:20, सूर्यास्त 17:36, 9 घं 16 मि का दिन।

सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:21
सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:21
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 16 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 44 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 16 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 44 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा नक्षत्र है? मूल

सूर्योदय पर चंद्रमा 247.2° पर था: मूल, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° मूल चंद्रमा 247.2° अगला: पूर्वाषाढा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° मूल चंद्रमा 247.2° अगला: पूर्वाषाढा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मूल 240°00′–253°20′ तक है; चंद्रमा 246°40′ पर उसके पद 3 में आया। वह 17:55 को निकलेगा, पूर्वाषाढा में।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा योग है? गण्ड

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 493.2° थे, एक चक्कर और 133.2°: गण्ड।

सूर्य 246.0° + चंद्रमा 247.2° = 493.2° एक चक्कर + 133.2° गण्ड 120°00′–133°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 246.0° + चंद्रमा 247.2° = 493.2° एक चक्कर + 133.2° गण्ड 120°00′–133°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 246° + 247.2° = 493.2°, एक पूरा चक्कर और 133.2°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 120°00′–133°20′ दसवाँ है, गण्ड। यह 08:29 को समाप्त होता है, फिर वृद्धि।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा करण है? किंस्तुघ्न

सूर्योदय पर बढ़त 1.2° थी: प्रतिपदा का पहला आधा, किंस्तुघ्न।

सूर्य अमावस्या 0° 1.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण प्रतिपदा 0°–12° किंस्तुघ्न 0°–6° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 1.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण प्रतिपदा 0°–12° किंस्तुघ्न 0°–6° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए प्रतिपदा का पहला आधा किंस्तुघ्न है और दूसरा बव। किंस्तुघ्न 16:25 तक है, जब बढ़त 6° होगी; बव 02:28 शनि तक।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार

यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 08:20, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।

शुक्रवार सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
शुक्रवार सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 08:20 से 08:20 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? पौष

यह मास 22 दिसंबर की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य धनु में था: पौष।

1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: धनु से पौष। सूर्य 14 जनवरी को, मास के भीतर, मकर में जाता है। अगली अमावस्या, 20 जनवरी, उसे मकर में पाती है और माघ शुरू करती है।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? पौष

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष पौष का है।

अमान्त पूर्णिमान्त पौष पौष कृष्ण शुक्ल शुक्र 22 दिसंबर पूर्णिमा 7 दिस॰ अमावस्या 22 दिस॰ पूर्णिमा 6 जन॰ अमावस्या 20 जन॰
अमान्त पूर्णिमान्त पौष पौष कृष्ण शुक्ल शुक्र 22 दिसंबर पूर्णिमा 7 दिस॰ अमावस्या 22 दिस॰ पूर्णिमा 6 जन॰ अमावस्या 20 जन॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 22 दिसंबर की अमावस्या ने, सूर्य धनु में, पौष शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में पौष है।

शुक्र 22 दिसंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 2052 · शक 1917

विक्रम संवत 2052 31 मार्च 1995 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 31 मार्च 1995 06:08 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 22 दिसंबर सूर्य 246.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 31 मार्च 1995 06:08 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 22 दिसंबर सूर्य 246.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 31 मार्च 1995, 06:08 शुक्र। तब से सूर्य तारों के बीच 259.9° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2052 गिनता है; शक संवत 1917।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शुक्र 22 दिसंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 18:21

चंद्रमा यहाँ 18:21 पर अस्त होता है।

सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:21
सूर्योदय 08:20 सूर्यास्त 17:36 सूर्योदय 08:20 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:21
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा इस सूर्योदय और अगले के बीच उदय नहीं होता।

चंद्रमा 18:21 पर, रात में, अस्त होता है और अगले सूर्योदय से पहले उदय नहीं होता।