Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग बुध 21 अगस्त 1985
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+5 में
21 अगस्त का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, बुध 21 अगस्त
- 05:52–06:34ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 07:16 से
- 07:16–08:57लाभ चौघड़िया
- 08:57–10:39अमृत चौघड़ियायमगण्ड में
- 12:21–14:02शुभ चौघड़ियागुलिक काल में
- 19:07–20:49लाभ चौघड़िया
- सूर्यास्त 20:49 के बाद
-
21:36–23:06अमृत कालस्वाती में
- 22:07–23:26शुभ चौघड़िया
- 23:26–00:44 गुरुअमृत चौघड़िया
- 04:40–05:58 गुरुलाभ चौघड़िया
- 05:53–06:35 गुरुअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 07:16–08:57लाभशुभ
- 08:57–10:39अमृतयमगण्ड में
- 10:39–12:21कालअशुभ
- 12:21–14:02शुभगुलिक काल में
- 14:02–15:44रोगअशुभ
- 15:44–17:26उद्वेगअशुभ
- 17:26–19:07चरसामान्य
- 19:07–20:49लाभशुभ
रात का चौघड़िया
- 20:49–22:07उद्वेगअशुभ
- 22:07–23:26शुभ
- 23:26–00:44 गुरुअमृतशुभ
- 00:44–02:03 गुरुचरसामान्य
- 02:03–03:21 गुरुरोगअशुभ
- 03:21–04:40 गुरुकालअशुभ
- 04:40–05:58 गुरुलाभशुभ
- 05:58–07:17 गुरुउद्वेगअशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, बुध 21 अगस्त: ब्रह्म मुहूर्त, 05:52–06:34, शुभ
- लाभ, शुभ, 07:16–08:57
- अमृत, शुभ, 08:57–10:39
- काल, अशुभ, 10:39–12:21
- शुभ, 12:21–14:02
- रोग, अशुभ, 14:02–15:44
- उद्वेग, अशुभ, 15:44–17:26
- चर, सामान्य, 17:26–19:07
- लाभ, शुभ, 19:07–20:49
- उद्वेग, अशुभ, 20:49–22:07
- शुभ, 22:07–23:26
- अमृत, शुभ, 23:26–00:44 गुरु
- चर, सामान्य, 00:44–02:03 गुरु
- रोग, अशुभ, 02:03–03:21 गुरु
- काल, अशुभ, 03:21–04:40 गुरु
- लाभ, शुभ, 04:40–05:58 गुरु
- उद्वेग, अशुभ, 05:58–07:17 गुरु
- यमगण्ड, 08:57–10:39, अशुभ
- गुलिक काल, 12:21–14:02, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 13:35–14:29, अशुभ
- राहु काल, 14:02–15:44, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:53–06:35 गुरु
हर मान कैसे निकलता है
बुध 21 अगस्त को कौन सी तिथि है? शुक्ल षष्ठी
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 62.3° आगे था: शुक्ल षष्ठी।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 60°–72° छठी है, शुक्ल षष्ठी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:16। पञ्चमी उससे पहले 03:11 पर समाप्त हुई। षष्ठी 00:49 गुरु को समाप्त होगी, जब बढ़त 72° होगी। बढ़त 16 अगस्त की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।
बुध 21 अगस्त को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:52–06:34
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:52–06:34।
मंगल 20 अगस्त की रात सूर्यास्त 20:50 मंगल से सूर्योदय 07:16 तक थी, 10 घं 26 मि। इसे 41 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
बुध 21 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 13:35–14:29
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है: 13:35–14:29।
यहाँ दिन, 07:16 से 20:49, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 54 मि का। बुधवार को दुर्मुहूर्त आठवाँ है, 13:35–14:29: वह आठवाँ, बीच वाला, मुहूर्त लेता है, इसलिए बुधवार को अभिजीत मुहूर्त नहीं होता।
बुध 21 अगस्त का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
07:16–08:57 लाभ है, जिसके स्वामी बुध हैं, बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 07:16 से 20:49, 1 घं 41 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 20:49 से 07:17 गुरु, 1 घं 18 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
बुध 21 अगस्त को राहुकाल कब है? 14:02–15:44
राहु काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 14:02–15:44।
बुध 21 अगस्त को यमगंड कब है? 08:57–10:39
यमगण्ड बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 08:57–10:39।
बुध 21 अगस्त को गुलिक काल कब है? 12:21–14:02
गुलिक काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 12:21–14:02।
यहाँ दिन 07:16 से 20:49 तक है, 13 घं 33 मि। इसे 1 घं 41 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: बुधवार को राहु काल पाँचवाँ भाग है, यमगण्ड दूसरा और गुलिक काल चौथा।
सूर्योदय और सूर्यास्त
बुध 21 अगस्त को सूर्योदय कितने बजे है? 07:16
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:16, सूर्यास्त 20:49, 13 घं 33 मि का दिन।
बुध 21 अगस्त को सूर्यास्त कितने बजे है? 20:49
यहाँ दिन: सूर्योदय 07:16, सूर्यास्त 20:49, 13 घं 33 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 33 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 28 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 33 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 28 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
बुध 21 अगस्त को कौन सा नक्षत्र है? चित्रा
सूर्योदय पर चंद्रमा 186.6° पर था: चित्रा, पद 4।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। चित्रा 173°20′–186°40′ तक है; चंद्रमा 183°20′ पर उसके पद 4 में आया। वह 07:23 को निकलेगा, स्वाती में।
बुध 21 अगस्त को कौन सा योग है? शुक्ल
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 310.9° थे: शुक्ल।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 124.3° + 186.6° = 310.9°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 306°40′–320°00′ चौबीसवाँ है, शुक्ल। यह 21:34 को समाप्त होता है, फिर ब्रह्म।
बुध 21 अगस्त को कौन सा करण है? कौलव
सूर्योदय पर बढ़त 62.3° थी: षष्ठी का पहला आधा, कौलव।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए षष्ठी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 13:59 तक है, जब बढ़त 66° होगी; तैतिल 00:49 गुरु तक।
बुध 21 अगस्त को कौन सा वार है, और कब से? बुधवार
यह दिन बुधवार को सूर्योदय, 07:16, पर शुरू हुआ: बुधवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:16 से 07:17 गुरु तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी बुधवार के हैं।
बुध 21 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण
यह मास 16 अगस्त की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कर्क में था: श्रावण।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कर्क से श्रावण। सूर्य 16 अगस्त को, मास के भीतर, सिंह में जाता है। अगली अमावस्या, 15 सितंबर, उसे सिंह में पाती है और भाद्रपद शुरू करती है।
बुध 21 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? श्रावण
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष श्रावण का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 16 अगस्त की अमावस्या ने, सूर्य कर्क में, श्रावण शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में श्रावण है।
बुध 21 अगस्त को कौन सा संवत है? विक्रम 2042 · शक 1907
विक्रम संवत 2042 21 मार्च 1985 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 21 मार्च 1985, 15:58 गुरु। तब से सूर्य तारों के बीच 147.1° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2042 गिनता है; शक संवत 1907।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
बुध 21 अगस्त को चंद्रोदय कितने बजे है? 12:50
चंद्रमा यहाँ 12:50 पर उदय होता है।
बुध 21 अगस्त को चंद्रास्त कितने बजे है? 23:38
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 12:50 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 23:38 पर अस्त होगा।
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 12:50 पर उदय हुआ; वह फिर 23:38 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।