tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग सोम 28 सितंबर 1981

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+5 में

अमावस्या

कृष्ण पक्ष · 09:07 तक

फिर प्रतिपदा · 10:17 मंगल तक

व्रत

अमावस्या

अमावस्या सोम 28 सितंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर अमावस्या है। सोम 28 सितंबर क्यों?

अमावस्या: Sevan में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

06:16 07:53 19:47अगला सूर्योदय 07:54 मंगल

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 07:53–09:22अमृतशुभ
  • 09:22–10:51कालअशुभ
  • 10:51–12:21शुभ
  • 12:21–13:50रोगअशुभ
  • 13:50–15:19उद्वेगअशुभ
  • 15:19–16:49चरसामान्य
  • 16:49–18:18लाभशुभ
  • 18:18–19:47अमृतशुभ

रात का चौघड़िया

  • 19:47–21:18चरसामान्य
  • 21:18–22:49रोगअशुभ
  • 22:49–00:20 मंगलकालअशुभ
  • 00:20–01:50 मंगललाभशुभ
  • 01:50–03:21 मंगलउद्वेगअशुभ
  • 03:21–04:52 मंगलशुभ
  • 04:52–06:23 मंगलअमृतशुभ
  • 06:23–07:54 मंगलचरसामान्य

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, सोम 28 सितंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 06:16–07:04, शुभ
  • अमृत, शुभ, 07:53–09:22
  • काल, अशुभ, 09:22–10:51
  • शुभ, 10:51–12:21
  • रोग, अशुभ, 12:21–13:50
  • उद्वेग, अशुभ, 13:50–15:19
  • चर, सामान्य, 15:19–16:49
  • लाभ, शुभ, 16:49–18:18
  • अमृत, शुभ, 18:18–19:47
  • चर, सामान्य, 19:47–21:18
  • रोग, अशुभ, 21:18–22:49
  • काल, अशुभ, 22:49–00:20 मंगल
  • लाभ, शुभ, 00:20–01:50 मंगल
  • उद्वेग, अशुभ, 01:50–03:21 मंगल
  • शुभ, 03:21–04:52 मंगल
  • अमृत, शुभ, 04:52–06:23 मंगल
  • चर, सामान्य, 06:23–07:54 मंगल
  • राहु काल, 09:22–10:51, अशुभ
  • यमगण्ड, 12:21–13:50, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 13:26–14:14, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 14:14–15:01, अशुभ
  • गुलिक काल, 15:19–16:49, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 16:37–17:24, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 06:17–07:05 मंगल

हर मान कैसे निकलता है

Sevan में अमावस्या सोम 28 सितंबर को क्यों है?

अमावस्या सोम 28 सितंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर अमावस्या है।

चतुर्दशी अमावस्या 08:22 06:00 07:00 09:00 10:00 रवि 27 सितंबर सूर्योदय 07:52
चतुर्दशी अमावस्या 08:22 06:00 07:00 09:00 10:00 रवि 27 सितंबर सूर्योदय 07:52
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+5)। पट्टी: तिथि। रेखा: सूर्योदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

अमावस्या सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। अमावस्या रवि 27 सितंबर को 08:22 से सोम 28 सितंबर को 09:07 तक है, इसलिए वह केवल सोम 28 सितंबर के सूर्योदय (07:53) पर है। अमावस्या का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।

अमावस्या: Sevan में हर तारीख़

सोम 28 सितंबर को कौन सी तिथि है? कृष्ण अमावस्या

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 359.4° आगे था: कृष्ण अमावस्या।

सूर्य अमावस्या 0° 359.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 359.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 348°–360° तीसवीं है, कृष्ण अमावस्या। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:53। चतुर्दशी उससे पहले 08:22 रवि पर समाप्त हुई। अमावस्या 09:07 को समाप्त होगी, जब बढ़त 360° होगी। बढ़त 14 सितंबर की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

सोम 28 सितंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 06:16–07:04

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 06:16–07:04।

सूर्यास्त 19:49 रवि सूर्योदय 07:53 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 27 सितंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 19:49 रवि सूर्योदय 07:53 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 27 सितंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · रविवार का दिन धुँधला

रवि 27 सितंबर की रात सूर्यास्त 19:49 रवि से सूर्योदय 07:53 तक थी, 12 घं 4 मि। इसे 48 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

सोम 28 सितंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 13:26–14:14

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 13:26–14:14।

सोम 28 सितंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 14:14–15:01

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 14:14–15:01 और 16:37–17:24।

सोम 28 सितंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 16:37–17:24

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 14:14–15:01 और 16:37–17:24।

सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 12 1
सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 9, 12

यहाँ दिन, 07:53 से 19:47, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 47 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। सोमवार को दुर्मुहूर्त नौवाँ और बारहवाँ है, 14:14–15:01 और 16:37–17:24।

सोम 28 सितंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

07:53–09:22 अमृत है, जिसके स्वामी चंद्र हैं, सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 07:53 से 19:47, 1 घं 29 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 19:47 से 07:54 मंगल, 1 घं 30 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

सोम 28 सितंबर को राहुकाल कब है? 09:22–10:51

राहु काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 09:22–10:51।

सोम 28 सितंबर को यमगंड कब है? 12:21–13:50

यमगण्ड सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 12:21–13:50।

सोम 28 सितंबर को गुलिक काल कब है? 15:19–16:49

गुलिक काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 15:19–16:49।

सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 4, गुलिक काल 6

यहाँ दिन 07:53 से 19:47 तक है, 11 घं 54 मि। इसे 1 घं 29 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: सोमवार को राहु काल दूसरा भाग है, यमगण्ड चौथा और गुलिक काल छठा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

सोम 28 सितंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 07:53

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:53, सूर्यास्त 19:47, 11 घं 54 मि का दिन।

सोम 28 सितंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 19:47

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:53, सूर्यास्त 19:47, 11 घं 54 मि का दिन।

सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 20:17
सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 20:17
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 54 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 7 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 54 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 7 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सोम 28 सितंबर को कौन सा नक्षत्र है? हस्त

सूर्योदय पर चंद्रमा 160.7° पर था: हस्त, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° हस्त चंद्रमा 160.7° अगला: चित्रा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° हस्त चंद्रमा 160.7° अगला: चित्रा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। हस्त 160°00′–173°20′ तक है; चंद्रमा 160° पर उसके पद 1 में आया। वह 08:15 मंगल को निकलेगा, चित्रा में।

सोम 28 सितंबर को कौन सा योग है? ब्रह्म

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 322° थे: ब्रह्म।

सूर्य 161.3° + चंद्रमा 160.7° = 322.0° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 161.3° + चंद्रमा 160.7° = 322.0° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 161.3° + 160.7° = 322°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 320°00′–333°20′ पच्चीसवाँ है, ब्रह्म। यह 04:07 मंगल को समाप्त होता है, फिर इन्द्र।

सोम 28 सितंबर को कौन सा करण है? नाग

सूर्योदय पर बढ़त 359.4° थी: अमावस्या का दूसरा आधा, नाग।

सूर्य अमावस्या 0° 359.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° नाग 354°–360° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 359.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° नाग 354°–360° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए अमावस्या का पहला आधा चतुष्पाद है और दूसरा नाग। चतुष्पाद 20:41 रवि पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 354° हुई; नाग 09:07 तक है।

सोम 28 सितंबर को कौन सा वार है, और कब से? सोमवार

यह दिन सोमवार को सूर्योदय, 07:53, पर शुरू हुआ: सोमवार।

सोमवार सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
सोमवार सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:53 से 07:54 मंगल तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी सोमवार के हैं।

सोम 28 सितंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? भाद्रपद

यह मास 29 अगस्त की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य सिंह में था: भाद्रपद।

1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: सिंह से भाद्रपद। सूर्य 16 सितंबर को, मास के भीतर, कन्या में जाता है। अगली अमावस्या, 28 सितंबर, उसे कन्या में पाती है और आश्विन शुरू करती है।

सोम 28 सितंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आश्विन

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष आश्विन का है।

अमान्त पूर्णिमान्त आश्विन भाद्रपद कृष्ण शुक्ल सोम 28 सितंबर अमावस्या 29 अग॰ पूर्णिमा 14 सित॰ अमावस्या 28 सित॰ पूर्णिमा 13 अक्टू॰
अमान्त पूर्णिमान्त आश्विन भाद्रपद कृष्ण शुक्ल सोम 28 सितंबर अमावस्या 29 अग॰ पूर्णिमा 14 सित॰ अमावस्या 28 सित॰ पूर्णिमा 13 अक्टू॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 28 सितंबर की अमावस्या, सूर्य कन्या में, आश्विन शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ आश्विन है, और अमान्त गणना में भाद्रपद।

सोम 28 सितंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 2038 · शक 1903

विक्रम संवत 2038 5 अप्रैल 1981 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 5 अप्रैल 1981 01:19 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 28 सितंबर सूर्य 161.3° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 5 अप्रैल 1981 01:19 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 28 सितंबर सूर्य 161.3° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 5 अप्रैल 1981, 01:19 रवि। तब से सूर्य तारों के बीच 169.9° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2038 गिनता है; शक संवत 1903।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

सोम 28 सितंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 20:17

चंद्रमा यहाँ 20:17 पर अस्त होता है।

सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 20:17
सूर्योदय 07:53 सूर्यास्त 19:47 सूर्योदय 07:54 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 20:17
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा इस सूर्योदय और अगले के बीच उदय नहीं होता।

चंद्रमा 20:17 पर, रात में, अस्त होता है और अगले सूर्योदय से पहले उदय नहीं होता।