tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग मंगल 19 मई 1981

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+5 में

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:24 06:40 21:13अगला सूर्योदय 06:39 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:40–08:29रोगअशुभ
  • 08:29–10:18उद्वेगअशुभ
  • 10:18–12:07चरसामान्य
  • 12:07–13:56लाभशुभ
  • 13:56–15:45अमृतगुलिक काल में
  • 15:45–17:34कालअशुभ
  • 17:34–19:24शुभराहु काल में
  • 19:24–21:13रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 21:13–22:23कालअशुभ
  • 22:23–23:34लाभशुभ
  • 23:34–00:45 बुधउद्वेगअशुभ
  • 00:45–01:56 बुधशुभ
  • 01:56–03:07 बुधअमृतशुभ
  • 03:07–04:17 बुधचरसामान्य
  • 04:17–05:28 बुधरोगअशुभ
  • 05:28–06:39 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 19 मई: ब्रह्म मुहूर्त, 05:24–06:02, शुभ
  • रोग, अशुभ, 06:40–08:29
  • उद्वेग, अशुभ, 08:29–10:18
  • चर, सामान्य, 10:18–12:07
  • लाभ, शुभ, 12:07–13:56
  • अमृत, शुभ, 13:56–15:45
  • काल, अशुभ, 15:45–17:34
  • शुभ, 17:34–19:24
  • रोग, अशुभ, 19:24–21:13
  • काल, अशुभ, 21:13–22:23
  • लाभ, शुभ, 22:23–23:34
  • उद्वेग, अशुभ, 23:34–00:45 बुध
  • शुभ, 00:45–01:56 बुध
  • अमृत, शुभ, 01:56–03:07 बुध
  • चर, सामान्य, 03:07–04:17 बुध
  • रोग, अशुभ, 04:17–05:28 बुध
  • काल, अशुभ, 05:28–06:39 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 09:34–10:32, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:18–12:07, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 13:27–14:25, शुभ
  • गुलिक काल, 13:56–15:45, अशुभ
  • राहु काल, 17:34–19:24, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 00:59–01:37 बुध, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:23–06:01 बुध

हर मान कैसे निकलता है

मंगल 19 मई को कौन सी तिथि है? कृष्ण प्रतिपदा

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 180.7° आगे था: कृष्ण प्रतिपदा।

सूर्य अमावस्या 0° 180.7° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल प्रतिपदा 180°–192° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 180.7° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल प्रतिपदा 180°–192° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 180°–192° सोलहवीं है, कृष्ण प्रतिपदा। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:40। पूर्णिमा उससे पहले 05:03 पर समाप्त हुई। प्रतिपदा 07:20 बुध को समाप्त होगी, जब बढ़त 192° होगी। बढ़त 19 मई की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

प्रतिपदा दो सूर्योदयों पर क्यों है?

प्रतिपदा यहाँ मंगल 19 और बुध 20 मई दोनों के सूर्योदय पर है।

पूर्णिमा प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया मंगल 19 मई सुबह बुध 20 मई सुबह Sevan UTC+5 05:03 07:20 06:40 प्रतिपदा 06:39 प्रतिपदा प्रतिपदा इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
पूर्णिमा प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया मंगल 19 मई सुबह बुध 20 मई सुबह Sevan UTC+5 05:03 07:20 06:40 प्रतिपदा 06:39 प्रतिपदा प्रतिपदा इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
समय नीचे की ओर · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। प्रतिपदा 05:03 को, सूर्योदय 06:40 से पहले, शुरू हुई और 07:20 बुध को, अगले सूर्योदय 06:39 बुध के बाद, समाप्त होगी। दोनों दिन प्रतिपदा है: यह यहाँ वृद्धि तिथि है।

नई दिल्ली में पूर्णिमा क्यों है?

नई दिल्ली में पूर्णिमा है, Sevan में प्रतिपदा।

पूर्णिमा प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया मंगल 19 मई सुबह बुध 20 मई सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+5 05:33 05:03 07:50 07:20 05:28 पूर्णिमा 05:27 प्रतिपदा 06:40 प्रतिपदा 06:39 प्रतिपदा
पूर्णिमा प्रतिपदा प्रतिपदा द्वितीया मंगल 19 मई सुबह बुध 20 मई सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+5 05:33 05:03 07:50 07:20 05:28 पूर्णिमा 05:27 प्रतिपदा 06:40 प्रतिपदा 06:39 प्रतिपदा
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:28, पूर्णिमा की समाप्ति 05:33 से पहले हुआ: यह दिन पूर्णिमा है।

Sevan · UTC+5

यहाँ सूर्योदय, 06:40, पूर्णिमा की समाप्ति 05:03 के बाद हुआ: यह दिन प्रतिपदा है।

मंगल 19 मई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:24–06:02

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:24–06:02।

सूर्यास्त 21:12 सोम सूर्योदय 06:40 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 18 मई का दिन 14 1
सूर्यास्त 21:12 सोम सूर्योदय 06:40 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 18 मई का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 18 मई की रात सूर्यास्त 21:12 सोम से सूर्योदय 06:40 तक थी, 9 घं 28 मि। इसे 37 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 19 मई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 13:27–14:25

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 13:27–14:25।

मंगल 19 मई को दुर्मुहूर्त कब है? 09:34–10:32

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:34–10:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 00:59 बुध–01:37 बुध।

मंगल 19 मई को दुर्मुहूर्त कब है? 00:59–01:37 बुध

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:34–10:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 00:59 बुध–01:37 बुध।

सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 06:40 से 21:13, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 58 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 09:34–10:32 और 00:59 बुध–01:37 बुध।

मंगल 19 मई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:40–08:29 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:40 से 21:13, 1 घं 49 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 21:13 से 06:39 बुध, 1 घं 10 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 19 मई को राहुकाल कब है? 17:34–19:24

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 17:34–19:24।

मंगल 19 मई को यमगंड कब है? 10:18–12:07

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:18–12:07।

मंगल 19 मई को गुलिक काल कब है? 13:56–15:45

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 13:56–15:45।

सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 06:40 से 21:13 तक है, 14 घं 33 मि। इसे 1 घं 49 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 19 मई को सूर्योदय कितने बजे है? 06:40

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 21:13, 14 घं 33 मि का दिन।

मंगल 19 मई को सूर्यास्त कितने बजे है? 21:13

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 21:13, 14 घं 33 मि का दिन।

सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 07:09 चंद्रोदय 21:32
सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 07:09 चंद्रोदय 21:32
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 14 घं 33 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 26 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 14 घं 33 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 9 घं 26 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 19 मई को कौन सा नक्षत्र है? अनुराधा

सूर्योदय पर चंद्रमा 215.1° पर था: अनुराधा, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° अनुराधा चंद्रमा 215.1° अगला: ज्येष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° अनुराधा चंद्रमा 215.1° अगला: ज्येष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। अनुराधा 213°20′–226°40′ तक है; चंद्रमा 213°20′ पर उसके पद 1 में आया। वह 05:52 बुध को निकलेगा, ज्येष्ठा में।

मंगल 19 मई को कौन सा योग है? परिघ

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 249.5° थे: परिघ।

सूर्य 34.4° + चंद्रमा 215.1° = 249.5° परिघ 240°00′–253°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 34.4° + चंद्रमा 215.1° = 249.5° परिघ 240°00′–253°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 34.4° + 215.1° = 249.5°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 240°00′–253°20′ उन्नीसवाँ है, परिघ। यह 13:44 को समाप्त होता है, फिर शिव।

मंगल 19 मई को कौन सा करण है? बालव

सूर्योदय पर बढ़त 180.7° थी: प्रतिपदा का पहला आधा, बालव।

सूर्य अमावस्या 0° 180.7° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल प्रतिपदा 180°–192° बालव 180°–186° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 180.7° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल प्रतिपदा 180°–192° बालव 180°–186° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए प्रतिपदा का पहला आधा बालव है और दूसरा कौलव। बालव 18:12 तक है, जब बढ़त 186° होगी; कौलव 07:20 बुध तक।

मंगल 19 मई को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:40, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:40 से 06:39 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 19 मई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? वैशाख

यह मास 4 मई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मेष में था: वैशाख।

मेष वृषभ 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
मेष वृषभ 3 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मेष से वैशाख। सूर्य 14 मई को, मास के भीतर, वृषभ में जाता है। अगली अमावस्या, 2 जून, उसे वृषभ में पाती है और ज्येष्ठ शुरू करती है।

मंगल 19 मई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? ज्येष्ठ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष ज्येष्ठ का है।

अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त वैशाख कृष्ण शुक्ल मंगल 19 मई अमावस्या 4 मई पूर्णिमा 19 मई अमावस्या 2 जून पूर्णिमा 17 जून
अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त वैशाख कृष्ण शुक्ल मंगल 19 मई अमावस्या 4 मई पूर्णिमा 19 मई अमावस्या 2 जून पूर्णिमा 17 जून
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 2 जून की अमावस्या, सूर्य वृषभ में, ज्येष्ठ शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ ज्येष्ठ है, और अमान्त गणना में वैशाख।

मंगल 19 मई को कौन सा संवत है? विक्रम 2038 · शक 1903

विक्रम संवत 2038 5 अप्रैल 1981 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 5 अप्रैल 1981 01:19 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 19 मई सूर्य 34.4° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 5 अप्रैल 1981 01:19 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 19 मई सूर्य 34.4° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 5 अप्रैल 1981, 01:19 रवि। तब से सूर्य तारों के बीच 43° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2038 गिनता है; शक संवत 1903।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 19 मई को चंद्रोदय कितने बजे है? 21:32

चंद्रमा यहाँ 21:32 पर उदय होता है।

मंगल 19 मई को चंद्रास्त कितने बजे है? 07:09

सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 07:09 चंद्रोदय 21:32
सूर्योदय 06:40 सूर्यास्त 21:13 सूर्योदय 06:39 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 07:09 चंद्रोदय 21:32
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 07:09 पर अस्त हुआ; वह फिर 21:32 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 07:09 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 21:32 पर उदय होगा।