tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग बुध 18 अगस्त 1954

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+3 में

1970 से पहले के समय UTC+3:00 पर हैं, जो इस तारीख़ के लिए टाइम ज़ोन डेटाबेस का ऑफ़सेट है; इतने पुराने उसके रिकॉर्ड अनिश्चित हैं। आकाश से निकाला गया पंचांग इससे नहीं बदलता।

सूर्योदय और सूर्यास्त

03:50 05:12 18:54अगला सूर्योदय 05:13 गुरु

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:12–06:55लाभशुभ
  • 06:55–08:38अमृतयमगण्ड में
  • 08:38–10:20कालअशुभ
  • 10:20–12:03शुभगुलिक काल में
  • 12:03–13:46रोगअशुभ
  • 13:46–15:29उद्वेगअशुभ
  • 15:29–17:11चरसामान्य
  • 17:11–18:54लाभशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:54–20:11उद्वेगअशुभ
  • 20:11–21:29शुभ
  • 21:29–22:46अमृतशुभ
  • 22:46–00:04 गुरुचरसामान्य
  • 00:04–01:21 गुरुरोगअशुभ
  • 01:21–02:38 गुरुकालअशुभ
  • 02:38–03:56 गुरुलाभशुभ
  • 03:56–05:13 गुरुउद्वेगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, बुध 18 अगस्त: ब्रह्म मुहूर्त, 03:50–04:31, शुभ
  • लाभ, शुभ, 05:12–06:55
  • अमृत, शुभ, 06:55–08:38
  • काल, अशुभ, 08:38–10:20
  • शुभ, 10:20–12:03
  • रोग, अशुभ, 12:03–13:46
  • उद्वेग, अशुभ, 13:46–15:29
  • चर, सामान्य, 15:29–17:11
  • लाभ, शुभ, 17:11–18:54
  • उद्वेग, अशुभ, 18:54–20:11
  • शुभ, 20:11–21:29
  • अमृत, शुभ, 21:29–22:46
  • चर, सामान्य, 22:46–00:04 गुरु
  • रोग, अशुभ, 00:04–01:21 गुरु
  • काल, अशुभ, 01:21–02:38 गुरु
  • लाभ, शुभ, 02:38–03:56 गुरु
  • उद्वेग, अशुभ, 03:56–05:13 गुरु
  • यमगण्ड, 06:55–08:38, अशुभ
  • गुलिक काल, 10:20–12:03, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 11:36–12:30, अशुभ
  • राहु काल, 12:03–13:46, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 03:51–04:32 गुरु

हर मान कैसे निकलता है

बुध 18 अगस्त को कौन सी तिथि है? कृष्ण पञ्चमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 228.4° आगे था: कृष्ण पञ्चमी।

सूर्य अमावस्या 0° 228.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल पञ्चमी 228°–240° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 228.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल पञ्चमी 228°–240° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 228°–240° बीसवीं है, कृष्ण पञ्चमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:12। चतुर्थी उससे पहले 04:29 पर समाप्त हुई। पञ्चमी 01:49 गुरु को समाप्त होगी, जब बढ़त 240° होगी। बढ़त 14 अगस्त की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

नई दिल्ली में चतुर्थी क्यों है?

नई दिल्ली में चतुर्थी है, Sevan में पञ्चमी।

चतुर्थी पञ्चमी पञ्चमी षष्ठी बुध 18 अगस्त सुबह गुरु 19 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+3 06:59 04:29 04:19 01:49 05:51 चतुर्थी 05:52 षष्ठी 05:12 पञ्चमी 05:13 षष्ठी
चतुर्थी पञ्चमी पञ्चमी षष्ठी बुध 18 अगस्त सुबह गुरु 19 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Sevan UTC+3 06:59 04:29 04:19 01:49 05:51 चतुर्थी 05:52 षष्ठी 05:12 पञ्चमी 05:13 षष्ठी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:51, चतुर्थी की समाप्ति 06:59 से पहले हुआ: यह दिन चतुर्थी है। पञ्चमी अगले सूर्योदय से पहले, 04:19 गुरु को, समाप्त होती है, इसलिए यहाँ कोई दिन पञ्चमी नहीं होता: वह क्षय है।

Sevan · UTC+3

यहाँ सूर्योदय, 05:12, चतुर्थी की समाप्ति 04:29 के बाद हुआ: यह दिन पञ्चमी है।

बुध 18 अगस्त को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 03:50–04:31

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 03:50–04:31।

सूर्यास्त 18:55 मंगल सूर्योदय 05:12 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 17 अगस्त का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:55 मंगल सूर्योदय 05:12 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 17 अगस्त का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · मंगलवार का दिन धुँधला

मंगल 17 अगस्त की रात सूर्यास्त 18:55 मंगल से सूर्योदय 05:12 तक थी, 10 घं 17 मि। इसे 41 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

बुध 18 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 11:36–12:30

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है: 11:36–12:30।

सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:12 से 18:54, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 54 मि का। बुधवार को दुर्मुहूर्त आठवाँ है, 11:36–12:30: वह आठवाँ, बीच वाला, मुहूर्त लेता है, इसलिए बुधवार को अभिजीत मुहूर्त नहीं होता।

बुध 18 अगस्त का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:12–06:55 लाभ है, जिसके स्वामी बुध हैं, बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:12 से 18:54, 1 घं 42 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:54 से 05:13 गुरु, 1 घं 17 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

बुध 18 अगस्त को राहुकाल कब है? 12:03–13:46

राहु काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:03–13:46।

बुध 18 अगस्त को यमगंड कब है? 06:55–08:38

यमगण्ड बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 06:55–08:38।

बुध 18 अगस्त को गुलिक काल कब है? 10:20–12:03

गुलिक काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:20–12:03।

सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 2, गुलिक काल 4

यहाँ दिन 05:12 से 18:54 तक है, 13 घं 42 मि। इसे 1 घं 42 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: बुधवार को राहु काल पाँचवाँ भाग है, यमगण्ड दूसरा और गुलिक काल चौथा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

बुध 18 अगस्त को सूर्योदय कितने बजे है? 05:12

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:12, सूर्यास्त 18:54, 13 घं 42 मि का दिन।

बुध 18 अगस्त को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:54

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:12, सूर्यास्त 18:54, 13 घं 42 मि का दिन।

सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 09:42 चंद्रोदय 20:42
सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 09:42 चंद्रोदय 20:42
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 42 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 19 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 42 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 19 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

बुध 18 अगस्त को कौन सा नक्षत्र है? रेवती

सूर्योदय पर चंद्रमा 349.8° पर था: रेवती, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° रेवती चंद्रमा 349.8° अगला: अश्विनी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° रेवती चंद्रमा 349.8° अगला: अश्विनी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। रेवती 346°40′–360°00′ तक है; चंद्रमा 346°40′ पर उसके पद 1 में आया। वह 22:09 को निकलेगा, अश्विनी में।

बुध 18 अगस्त को कौन सा योग है? शूल

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 471.2° थे, एक चक्कर और 111.2°: शूल।

सूर्य 121.4° + चंद्रमा 349.8° = 471.2° एक चक्कर + 111.2° शूल 106°40′–120°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 121.4° + चंद्रमा 349.8° = 471.2° एक चक्कर + 111.2° शूल 106°40′–120°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 121.4° + 349.8° = 471.2°, एक पूरा चक्कर और 111.2°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 106°40′–120°00′ नौवाँ है, शूल। यह 18:57 को समाप्त होता है, फिर गण्ड।

बुध 18 अगस्त को कौन सा करण है? कौलव

सूर्योदय पर बढ़त 228.4° थी: पञ्चमी का पहला आधा, कौलव।

सूर्य अमावस्या 0° 228.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल पञ्चमी 228°–240° कौलव 228°–234° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 228.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल पञ्चमी 228°–240° कौलव 228°–234° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए पञ्चमी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 15:09 तक है, जब बढ़त 234° होगी; तैतिल 01:49 गुरु तक।

बुध 18 अगस्त को कौन सा वार है, और कब से? बुधवार

यह दिन बुधवार को सूर्योदय, 05:12, पर शुरू हुआ: बुधवार।

बुधवार सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
बुधवार सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:12 से 05:13 गुरु तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी बुधवार के हैं।

बुध 18 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण

यह मास 30 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कर्क में था: श्रावण।

1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कर्क से श्रावण। सूर्य 16 अगस्त को, मास के भीतर, सिंह में जाता है। अगली अमावस्या, 28 अगस्त, उसे सिंह में पाती है और भाद्रपद शुरू करती है।

बुध 18 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? भाद्रपद

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष भाद्रपद का है।

अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल बुध 18 अगस्त अमावस्या 30 जुल॰ पूर्णिमा 14 अग॰ अमावस्या 28 अग॰ पूर्णिमा 12 सित॰
अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल बुध 18 अगस्त अमावस्या 30 जुल॰ पूर्णिमा 14 अग॰ अमावस्या 28 अग॰ पूर्णिमा 12 सित॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 28 अगस्त की अमावस्या, सूर्य सिंह में, भाद्रपद शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ भाद्रपद है, और अमान्त गणना में श्रावण।

बुध 18 अगस्त को कौन सा संवत है? विक्रम 2011 · शक 1876

विक्रम संवत 2011 3 अप्रैल 1954 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 1954 15:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 18 अगस्त सूर्य 121.4° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 1954 15:24 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 18 अगस्त सूर्य 121.4° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 3 अप्रैल 1954, 15:24 शनि। तब से सूर्य तारों के बीच 131.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2011 गिनता है; शक संवत 1876।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

बुध 18 अगस्त को चंद्रोदय कितने बजे है? 20:42

चंद्रमा यहाँ 20:42 पर उदय होता है।

बुध 18 अगस्त को चंद्रास्त कितने बजे है? 09:42

सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 09:42 चंद्रोदय 20:42
सूर्योदय 05:12 सूर्यास्त 18:54 सूर्योदय 05:13 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 09:42 चंद्रोदय 20:42
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 09:42 पर अस्त हुआ; वह फिर 20:42 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 09:42 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 20:42 पर उदय होगा।