tithika
English

Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग मंगल 9 मार्च 1926

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+3 में

1970 से पहले के समय UTC+3:00 पर हैं, जो इस तारीख़ के लिए टाइम ज़ोन डेटाबेस का ऑफ़सेट है; इतने पुराने उसके रिकॉर्ड अनिश्चित हैं। आकाश से निकाला गया पंचांग इससे नहीं बदलता।

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:43 06:23 17:59अगला सूर्योदय 06:21 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:23–07:50रोगअशुभ
  • 07:50–09:17उद्वेगअशुभ
  • 09:17–10:44चरसामान्य
  • 10:44–12:11लाभशुभ
  • 12:11–13:38अमृतगुलिक काल में
  • 13:38–15:05कालअशुभ
  • 15:05–16:32शुभराहु काल में
  • 16:32–17:59रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:59–19:32कालअशुभ
  • 19:32–21:04लाभशुभ
  • 21:04–22:37उद्वेगअशुभ
  • 22:37–00:10 बुधशुभ
  • 00:10–01:43 बुधअमृतशुभ
  • 01:43–03:15 बुधचरसामान्य
  • 03:15–04:48 बुधरोगअशुभ
  • 04:48–06:21 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 9 मार्च: ब्रह्म मुहूर्त, 04:43–05:33, शुभ
  • रोग, अशुभ, 06:23–07:50
  • उद्वेग, अशुभ, 07:50–09:17
  • चर, सामान्य, 09:17–10:44
  • लाभ, शुभ, 10:44–12:11
  • अमृत, शुभ, 12:11–13:38
  • काल, अशुभ, 13:38–15:05
  • शुभ, 15:05–16:32
  • रोग, अशुभ, 16:32–17:59
  • काल, अशुभ, 17:59–19:32
  • लाभ, शुभ, 19:32–21:04
  • उद्वेग, अशुभ, 21:04–22:37
  • शुभ, 22:37–00:10 बुध
  • अमृत, शुभ, 00:10–01:43 बुध
  • चर, सामान्य, 01:43–03:15 बुध
  • रोग, अशुभ, 03:15–04:48 बुध
  • काल, अशुभ, 04:48–06:21 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 08:42–09:28, अशुभ
  • यमगण्ड, 09:17–10:44, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:47–12:34, शुभ
  • गुलिक काल, 12:11–13:38, अशुभ
  • राहु काल, 15:05–16:32, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 22:56–23:45, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:42–05:31 बुध

हर मान कैसे निकलता है

मंगल 9 मार्च को कौन सी तिथि है? कृष्ण दशमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 291.1° आगे था: कृष्ण दशमी।

सूर्य अमावस्या 0° 291.1° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल दशमी 288°–300° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 291.1° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल दशमी 288°–300° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 288°–300° पच्चीसवीं है, कृष्ण दशमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:23। नवमी उससे पहले 00:42 पर समाप्त हुई। दशमी 22:34 को समाप्त होगी, जब बढ़त 300° होगी। बढ़त 27 फ़रवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

मंगल 9 मार्च को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:43–05:33

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:43–05:33।

सूर्यास्त 17:58 सोम सूर्योदय 06:23 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 8 मार्च का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:58 सोम सूर्योदय 06:23 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 8 मार्च का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 8 मार्च की रात सूर्यास्त 17:58 सोम से सूर्योदय 06:23 तक थी, 12 घं 25 मि। इसे 49 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 9 मार्च को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:47–12:34

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:47–12:34।

मंगल 9 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 08:42–09:28

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:42–09:28, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:56–23:45।

मंगल 9 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 22:56–23:45

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:42–09:28, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:56–23:45।

सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 06:23 से 17:59, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 46 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 08:42–09:28 और 22:56–23:45।

मंगल 9 मार्च का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:23–07:50 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:23 से 17:59, 1 घं 27 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:59 से 06:21 बुध, 1 घं 32 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 9 मार्च को राहुकाल कब है? 15:05–16:32

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:05–16:32।

मंगल 9 मार्च को यमगंड कब है? 09:17–10:44

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:17–10:44।

मंगल 9 मार्च को गुलिक काल कब है? 12:11–13:38

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:11–13:38।

सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 06:23 से 17:59 तक है, 11 घं 36 मि। इसे 1 घं 27 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 9 मार्च को सूर्योदय कितने बजे है? 06:23

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:23, सूर्यास्त 17:59, 11 घं 36 मि का दिन।

मंगल 9 मार्च को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:59

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:23, सूर्यास्त 17:59, 11 घं 36 मि का दिन।

सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 12:27 चंद्रोदय 03:44 बुध
सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 12:27 चंद्रोदय 03:44 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 36 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 22 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 36 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 22 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 9 मार्च को कौन सा नक्षत्र है? पूर्वाषाढा

सूर्योदय पर चंद्रमा 256.1° पर था: पूर्वाषाढा, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° पूर्वाषाढा चंद्रमा 256.1° अगला: उत्तराषाढा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° पूर्वाषाढा चंद्रमा 256.1° अगला: उत्तराषाढा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। पूर्वाषाढा 253°20′–266°40′ तक है; चंद्रमा 253°20′ पर उसके पद 1 में आया। वह 00:15 बुध को निकलेगा, उत्तराषाढा में।

मंगल 9 मार्च को कौन सा योग है? व्यतीपात

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 581.1° थे, एक चक्कर और 221.1°: व्यतीपात।

सूर्य 325.0° + चंद्रमा 256.1° = 581.1° एक चक्कर + 221.1° व्यतीपात 213°20′–226°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 325.0° + चंद्रमा 256.1° = 581.1° एक चक्कर + 221.1° व्यतीपात 213°20′–226°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 325° + 256.1° = 581.1°, एक पूरा चक्कर और 221.1°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 213°20′–226°40′ सत्रहवाँ है, व्यतीपात। यह 15:15 को समाप्त होता है, फिर वरीयान्।

मंगल 9 मार्च को कौन सा करण है? वणिज

सूर्योदय पर बढ़त 291.1° थी: दशमी का पहला आधा, वणिज।

सूर्य अमावस्या 0° 291.1° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल दशमी 288°–300° वणिज 288°–294° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 291.1° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल दशमी 288°–300° वणिज 288°–294° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए दशमी का पहला आधा वणिज है और दूसरा विष्टि। वणिज 11:42 तक है, जब बढ़त 294° होगी; विष्टि 22:34 तक।

मंगल 9 मार्च को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:23, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:23 से 06:21 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 9 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? फाल्गुन (अधिक)

12 फ़रवरी और 14 मार्च की अमावस्याओं के बीच कोई संक्रांति नहीं: अधिक फाल्गुन।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 कुंभ मीन 0° पृथ्वी
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 कुंभ मीन 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ · धारीदार: अगली संक्रांति, मास के बाद

सामान्यतः एक मास में एक संक्रांति होती है, सूर्य का नई राशि में प्रवेश। 12 फ़रवरी 20:20 शुक्र से 14 मार्च 06:20 रवि तक सूर्य कुंभ में रहा; मीन में वह अमावस्या के बाद 14 मार्च 06:53 रवि को गया। बिना संक्रांति का मास अधिक फाल्गुन है, जो फाल्गुन से पहले आता है।

मंगल 9 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? फाल्गुन (अधिक)

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष फाल्गुन (अधिक) का है।

अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन (अधिक) फाल्गुन (अधिक) कृष्ण शुक्ल मंगल 9 मार्च अमावस्या 12 फ़र॰ पूर्णिमा 27 फ़र॰ अमावस्या 14 मार्च पूर्णिमा 29 मार्च
अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन (अधिक) फाल्गुन (अधिक) कृष्ण शुक्ल मंगल 9 मार्च अमावस्या 12 फ़र॰ पूर्णिमा 27 फ़र॰ अमावस्या 14 मार्च पूर्णिमा 29 मार्च
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 14 मार्च की अमावस्या, सूर्य कुंभ में, फाल्गुन (अधिक) शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ फाल्गुन (अधिक) है, और अमान्त गणना में फाल्गुन (अधिक)।

मंगल 9 मार्च को कौन सा संवत है? विक्रम 1982 · शक 1847

विक्रम संवत 1982 24 मार्च 1925 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 1925 17:02 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 9 मार्च सूर्य 325.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 1925 17:02 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 9 मार्च सूर्य 325.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 24 मार्च 1925, 17:02 मंगल। तब से सूर्य तारों के बीच 344.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 1982 गिनता है; शक संवत 1847।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 9 मार्च को चंद्रोदय कितने बजे है? 03:44 बुध

चंद्रमा यहाँ 03:44 बुध पर उदय होता है।

मंगल 9 मार्च को चंद्रास्त कितने बजे है? 12:27

सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 12:27 चंद्रोदय 03:44 बुध
सूर्योदय 06:23 सूर्यास्त 17:59 सूर्योदय 06:21 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 12:27 चंद्रोदय 03:44 बुध
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 12:27 पर अस्त हुआ; वह फिर 03:44 बुध पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 12:27 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 03:44 बुध पर उदय होगा।