tithika
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Sevan, गेघार्कुनिक प्रांत, आर्मेनिया का पंचांग बुध 11 जून 1902

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC+3 में

1970 से पहले के समय UTC+3:00 पर हैं, जो इस तारीख़ के लिए टाइम ज़ोन डेटाबेस का ऑफ़सेट है; इतने पुराने उसके रिकॉर्ड अनिश्चित हैं। आकाश से निकाला गया पंचांग इससे नहीं बदलता।

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 04:28–06:21लाभशुभ
  • 06:21–08:14अमृतयमगण्ड में
  • 08:14–10:06कालअशुभ
  • 10:06–11:59शुभगुलिक काल में
  • 11:59–13:51रोगअशुभ
  • 13:51–15:44उद्वेगअशुभ
  • 15:44–17:37चरसामान्य
  • 17:37–19:29लाभशुभ

रात का चौघड़िया

  • 19:29–20:37उद्वेगअशुभ
  • 20:37–21:44शुभ
  • 21:44–22:51अमृतशुभ
  • 22:51–23:59चरसामान्य
  • 23:59–01:06 गुरुरोगअशुभ
  • 01:06–02:14 गुरुकालअशुभ
  • 02:14–03:21 गुरुलाभशुभ
  • 03:21–04:28 गुरुउद्वेगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, बुध 11 जून: ब्रह्म मुहूर्त, 03:16–03:52, शुभ
  • लाभ, शुभ, 04:28–06:21
  • अमृत, शुभ, 06:21–08:14
  • काल, अशुभ, 08:14–10:06
  • शुभ, 10:06–11:59
  • रोग, अशुभ, 11:59–13:51
  • उद्वेग, अशुभ, 13:51–15:44
  • चर, सामान्य, 15:44–17:37
  • लाभ, शुभ, 17:37–19:29
  • उद्वेग, अशुभ, 19:29–20:37
  • शुभ, 20:37–21:44
  • अमृत, शुभ, 21:44–22:51
  • चर, सामान्य, 22:51–23:59
  • रोग, अशुभ, 23:59–01:06 गुरु
  • काल, अशुभ, 01:06–02:14 गुरु
  • लाभ, शुभ, 02:14–03:21 गुरु
  • उद्वेग, अशुभ, 03:21–04:28 गुरु
  • यमगण्ड, 06:21–08:14, अशुभ
  • गुलिक काल, 10:06–11:59, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 11:29–12:29, अशुभ
  • राहु काल, 11:59–13:51, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 03:16–03:52 गुरु

हर मान कैसे निकलता है

बुध 11 जून को कौन सी तिथि है? शुक्ल षष्ठी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 66.1° आगे था: शुक्ल षष्ठी।

सूर्य अमावस्या 0° 66.1° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण षष्ठी 60°–72° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 66.1° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण षष्ठी 60°–72° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 60°–72° छठी है, शुक्ल षष्ठी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 04:28। पञ्चमी उससे पहले 17:07 मंगल पर समाप्त हुई। षष्ठी 15:37 को समाप्त होगी, जब बढ़त 72° होगी। बढ़त 6 जून की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

बुध 11 जून को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 03:16–03:52

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 03:16–03:52।

सूर्यास्त 19:29 मंगल सूर्योदय 04:28 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 10 जून का दिन 14 1
सूर्यास्त 19:29 मंगल सूर्योदय 04:28 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 10 जून का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · मंगलवार का दिन धुँधला

मंगल 10 जून की रात सूर्यास्त 19:29 मंगल से सूर्योदय 04:28 तक थी, 8 घं 59 मि। इसे 35 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

बुध 11 जून को दुर्मुहूर्त कब है? 11:29–12:29

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है: 11:29–12:29।

सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 04:28 से 19:29, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 1 घं 0 मि का। बुधवार को दुर्मुहूर्त आठवाँ है, 11:29–12:29: वह आठवाँ, बीच वाला, मुहूर्त लेता है, इसलिए बुधवार को अभिजीत मुहूर्त नहीं होता।

बुध 11 जून का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

04:28–06:21 लाभ है, जिसके स्वामी बुध हैं, बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 04:28 से 19:29, 1 घं 52 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 19:29 से 04:28 गुरु, 1 घं 7 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

बुध 11 जून को राहुकाल कब है? 11:59–13:51

राहु काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 11:59–13:51।

बुध 11 जून को यमगंड कब है? 06:21–08:14

यमगण्ड बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 06:21–08:14।

बुध 11 जून को गुलिक काल कब है? 10:06–11:59

गुलिक काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:06–11:59।

सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 2, गुलिक काल 4

यहाँ दिन 04:28 से 19:29 तक है, 15 घं 1 मि। इसे 1 घं 52 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: बुधवार को राहु काल पाँचवाँ भाग है, यमगण्ड दूसरा और गुलिक काल चौथा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

बुध 11 जून को सूर्योदय कितने बजे है? 04:28

यहाँ दिन: सूर्योदय 04:28, सूर्यास्त 19:29, 15 घं 1 मि का दिन।

बुध 11 जून को सूर्यास्त कितने बजे है? 19:29

यहाँ दिन: सूर्योदय 04:28, सूर्यास्त 19:29, 15 घं 1 मि का दिन।

सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:25 चंद्रोदय 10:16
सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:25 चंद्रोदय 10:16
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 59 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 15 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 59 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

बुध 11 जून को कौन सा नक्षत्र है? मघा

सूर्योदय पर चंद्रमा 122.8° पर था: मघा, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° मघा चंद्रमा 122.8° अगला: पूर्वाफाल्गुनी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° मघा चंद्रमा 122.8° अगला: पूर्वाफाल्गुनी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मघा 120°00′–133°20′ तक है; चंद्रमा 120° पर उसके पद 1 में आया। वह 23:06 को निकलेगा, पूर्वाफाल्गुनी में।

बुध 11 जून को कौन सा योग है? हर्षण

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 179.5° थे: हर्षण।

सूर्य 56.7° + चंद्रमा 122.8° = 179.5° हर्षण 173°20′–186°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 56.7° + चंद्रमा 122.8° = 179.5° हर्षण 173°20′–186°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 56.7° + 122.8° = 179.5°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 173°20′–186°40′ चौदहवाँ है, हर्षण। यह 16:16 को समाप्त होता है, फिर वज्र।

बुध 11 जून को कौन सा करण है? तैतिल

सूर्योदय पर बढ़त 66.1° थी: षष्ठी का दूसरा आधा, तैतिल।

सूर्य अमावस्या 0° 66.1° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण षष्ठी 60°–72° तैतिल 66°–72° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 66.1° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण षष्ठी 60°–72° तैतिल 66°–72° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए षष्ठी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 04:16 पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 66° हुई; तैतिल 15:37 तक है।

बुध 11 जून को कौन सा वार है, और कब से? बुधवार

यह दिन बुधवार को सूर्योदय, 04:28, पर शुरू हुआ: बुधवार।

बुधवार सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
बुधवार सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 04:28 से 04:28 गुरु तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी बुधवार के हैं।

बुध 11 जून को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? ज्येष्ठ

यह मास 6 जून की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृषभ में था: ज्येष्ठ।

1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
1 वृषभ 4 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृषभ से ज्येष्ठ। सूर्य 14 जून को, मास के भीतर, मिथुन में जाता है। अगली अमावस्या, 5 जुलाई, उसे मिथुन में पाती है और आषाढ़ शुरू करती है।

बुध 11 जून को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? ज्येष्ठ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष ज्येष्ठ का है।

अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल बुध 11 जून पूर्णिमा 22 मई अमावस्या 6 जून पूर्णिमा 21 जून अमावस्या 5 जुल॰
अमान्त ज्येष्ठ पूर्णिमान्त ज्येष्ठ कृष्ण शुक्ल बुध 11 जून पूर्णिमा 22 मई अमावस्या 6 जून पूर्णिमा 21 जून अमावस्या 5 जुल॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 6 जून की अमावस्या ने, सूर्य वृषभ में, ज्येष्ठ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में ज्येष्ठ है।

बुध 11 जून को कौन सा संवत है? विक्रम 1959 · शक 1824

विक्रम संवत 1959 8 अप्रैल 1902 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 8 अप्रैल 1902 16:49 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 11 जून सूर्य 56.7° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 8 अप्रैल 1902 16:49 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 11 जून सूर्य 56.7° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 8 अप्रैल 1902, 16:49 मंगल। तब से सूर्य तारों के बीच 61.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 1959 गिनता है; शक संवत 1824।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

बुध 11 जून को चंद्रोदय कितने बजे है? 10:16

चंद्रमा यहाँ 10:16 पर उदय होता है।

बुध 11 जून को चंद्रास्त कितने बजे है? 23:25

सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:25 चंद्रोदय 10:16
सूर्योदय 04:28 सूर्यास्त 19:29 सूर्योदय 04:28 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:25 चंद्रोदय 10:16
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 10:16 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 23:25 पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 10:16 पर उदय हुआ; वह फिर 23:25 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।