Pāthardi, महाराष्ट्र का पंचांग मंगल 24 जुलाई 2040
महाराष्ट्र, भारत
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय IST में
त्योहार
गुरु पूर्णिमा
गुरु पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पूर्णिमा है। मंगल 24 जुलाई क्यों?
गुरु पूर्णिमा: Pāthardi में हर तारीख़व्रत
पूर्णिमा
पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पूर्णिमा है। मंगल 24 जुलाई क्यों?
पूर्णिमा: Pāthardi में हर तारीख़24 जुलाई का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, मंगल 24 जुलाई
- 04:35–05:19ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 06:03 से
-
06:06–07:30अमृत कालउत्तराषाढा में
- 10:57–12:35लाभ चौघड़िया
- 12:09–12:35अभिजीत मुहूर्तगुलिक काल छोड़कर
- 12:35–14:13अमृत चौघड़ियागुलिक काल में
- 15:51–17:30शुभ चौघड़ियाराहु काल में
- सूर्यास्त 19:08 के बाद
- 20:30–21:51लाभ चौघड़िया
- 23:13–23:30शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- 00:14–00:35 बुधशुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
-
00:14–00:59 बुधअमृत कालदुर्मुहूर्त छोड़कर · श्रवण में
- 00:35–01:57 बुधअमृत चौघड़िया
- 04:36–05:19 बुधअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
टालने योग्य समय
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 06:03–07:41रोगअशुभ
- 07:41–09:19उद्वेगअशुभ
- 09:19–10:57चरसामान्य
- 10:57–12:35लाभशुभ
- 12:35–14:13अमृतगुलिक काल में
- 14:13–15:51कालअशुभ
- 15:51–17:30शुभराहु काल में
- 17:30–19:08रोगअशुभ
रात का चौघड़िया
- 19:08–20:30कालअशुभ
- 20:30–21:51लाभशुभ
- 21:51–23:13उद्वेगअशुभ
- 23:13–00:35 बुधशुभ
- 00:35–01:57 बुधअमृतशुभ
- 01:57–03:19 बुधचरसामान्य
- 03:19–04:41 बुधरोगअशुभ
- 04:41–06:03 बुधकालअशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, मंगल 24 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:35–05:19, शुभ
- रोग, अशुभ, 06:03–07:41
- उद्वेग, अशुभ, 07:41–09:19
- चर, सामान्य, 09:19–10:57
- लाभ, शुभ, 10:57–12:35
- अमृत, शुभ, 12:35–14:13
- काल, अशुभ, 14:13–15:51
- शुभ, 15:51–17:30
- रोग, अशुभ, 17:30–19:08
- काल, अशुभ, 19:08–20:30
- लाभ, शुभ, 20:30–21:51
- उद्वेग, अशुभ, 21:51–23:13
- शुभ, 23:13–00:35 बुध
- अमृत, शुभ, 00:35–01:57 बुध
- चर, सामान्य, 01:57–03:19 बुध
- रोग, अशुभ, 03:19–04:41 बुध
- काल, अशुभ, 04:41–06:03 बुध
- दुर्मुहूर्त, 08:40–09:32, अशुभ
- यमगण्ड, 09:19–10:57, अशुभ
- अभिजीत मुहूर्त, 12:09–13:01, शुभ
- गुलिक काल, 12:35–14:13, अशुभ
- राहु काल, 15:51–17:30, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 23:30–00:14 बुध, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:36–05:19 बुध
हर मान कैसे निकलता है
Pāthardi में गुरु पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को क्यों है?
गुरु पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पूर्णिमा है।
गुरु पूर्णिमा सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। पूर्णिमा सोम 23 जुलाई को 11:30 से मंगल 24 जुलाई को 07:35 तक है, इसलिए वह केवल मंगल 24 जुलाई के सूर्योदय (06:03) पर है। गुरु पूर्णिमा का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।
Pāthardi में पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को क्यों है?
पूर्णिमा मंगल 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पूर्णिमा है।
पूर्णिमा सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। पूर्णिमा सोम 23 जुलाई को 11:30 से मंगल 24 जुलाई को 07:35 तक है, इसलिए वह केवल मंगल 24 जुलाई के सूर्योदय (06:03) पर है। पूर्णिमा का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।
मंगल 24 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल पूर्णिमा
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 179.1° आगे था: शुक्ल पूर्णिमा।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 168°–180° पंद्रहवीं है, शुक्ल पूर्णिमा। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:03। चतुर्दशी उससे पहले 11:30 सोम पर समाप्त हुई। पूर्णिमा 07:35 को समाप्त होगी, जब बढ़त 180° होगी। बढ़त 9 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।
प्रतिपदा क्षय क्यों है?
प्रतिपदा एक सूर्योदय के बाद शुरू हुई और अगले से पहले समाप्त, इसलिए यहाँ कोई दिन प्रतिपदा नहीं होता।
दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। प्रतिपदा 07:35 को शुरू हुई और 03:42 बुध को समाप्त, 06:03 और 06:03 बुध के सूर्योदयों के बीच। मंगलवार को पूर्णिमा है और बुधवार को द्वितीया: प्रतिपदा यहाँ क्षय तिथि है।
मंगल 24 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:35–05:19
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:35–05:19।
सोम 23 जुलाई की रात सूर्यास्त 19:08 सोम से सूर्योदय 06:03 तक थी, 10 घं 55 मि। इसे 43 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
मंगल 24 जुलाई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:09–13:01
अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:09–13:01।
मंगल 24 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 08:40–09:32
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:40–09:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:30–00:14 बुध।
मंगल 24 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 23:30–00:14 बुध
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:40–09:32, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:30–00:14 बुध।
यहाँ दिन, 06:03 से 19:08, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 52 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 08:40–09:32 और 23:30–00:14 बुध।
मंगल 24 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
06:03–07:41 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 06:03 से 19:08, 1 घं 38 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 19:08 से 06:03 बुध, 1 घं 21 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
मंगल 24 जुलाई को राहुकाल कब है? 15:51–17:30
राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:51–17:30।
मंगल 24 जुलाई को यमगंड कब है? 09:19–10:57
यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:19–10:57।
मंगल 24 जुलाई को गुलिक काल कब है? 12:35–14:13
गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:35–14:13।
यहाँ दिन 06:03 से 19:08 तक है, 13 घं 5 मि। इसे 1 घं 38 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।
सूर्योदय और सूर्यास्त
मंगल 24 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 06:03
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:03, सूर्यास्त 19:08, 13 घं 5 मि का दिन।
मंगल 24 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 19:08
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:03, सूर्यास्त 19:08, 13 घं 5 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 5 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 55 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 5 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 55 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? उत्तराषाढा
सूर्योदय पर चंद्रमा 276.4° पर था: उत्तराषाढा, पद 3।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। उत्तराषाढा 266°40′–280°00′ तक है; चंद्रमा 273°20′ पर उसके पद 3 में आया। वह 11:41 को निकलेगा, श्रवण में।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा योग है? प्रीति
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 373.7° थे, एक चक्कर और 13.7°: प्रीति।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 97.3° + 276.4° = 373.7°, एक पूरा चक्कर और 13.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 13°20′–26°40′ दूसरा है, प्रीति। यह 01:10 बुध को समाप्त होता है, फिर आयुष्मान्।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा करण है? बव
सूर्योदय पर बढ़त 179.1° थी: पूर्णिमा का दूसरा आधा, बव।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए पूर्णिमा का पहला आधा विष्टि है और दूसरा बव। विष्टि 21:33 सोम पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 174° हुई; बव 07:35 तक है।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार
यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:03, पर शुरू हुआ: मंगलवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:03 से 06:03 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? आषाढ़
यह मास 9 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मिथुन में था: आषाढ़।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मिथुन से आषाढ़। सूर्य 16 जुलाई को, मास के भीतर, कर्क में जाता है। अगली अमावस्या, 8 अगस्त, उसे कर्क में पाती है और श्रावण शुरू करती है।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आषाढ़
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष आषाढ़ का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 9 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य मिथुन में, आषाढ़ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में आषाढ़ है।
मंगल 24 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 2097 · शक 1962
विक्रम संवत 2097 11 अप्रैल 2040 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 11 अप्रैल 2040, 19:30 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 99.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2097 गिनता है; शक संवत 1962।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
मंगल 24 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 19:44
चंद्रमा यहाँ 19:44 पर उदय होता है।
चंद्रमा 19:44 पर, रात में, उदय होता है और अगले सूर्योदय से पहले अस्त नहीं होता।
चंद्रमा इस सूर्योदय और अगले के बीच अस्त नहीं होता।