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Pāthardi, महाराष्ट्र का पंचांग मंगल 23 जुलाई 1901

महाराष्ट्र, भारत

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय MMT में

1970 से पहले के समय UTC+5:21:10 पर हैं, जो इस तारीख़ के लिए टाइम ज़ोन डेटाबेस का ऑफ़सेट है; इतने पुराने उसके रिकॉर्ड अनिश्चित हैं। आकाश से निकाला गया पंचांग इससे नहीं बदलता।

सप्तमी

शुक्ल पक्ष · 06:05 तक

फिर अष्टमी · 08:35 बुध तक

सप्तमी यहाँ दो सूर्योदयों तक है कारण जानें

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:26 05:53 18:59अगला सूर्योदय 05:53 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:53–07:31रोगअशुभ
  • 07:31–09:09उद्वेगअशुभ
  • 09:09–10:48चरसामान्य
  • 10:48–12:26लाभशुभ
  • 12:26–14:04अमृतगुलिक काल में
  • 14:04–15:43कालअशुभ
  • 15:43–17:21शुभराहु काल में
  • 17:21–18:59रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:59–20:21कालअशुभ
  • 20:21–21:43लाभशुभ
  • 21:43–23:04उद्वेगअशुभ
  • 23:04–00:26 बुधशुभ
  • 00:26–01:48 बुधअमृतशुभ
  • 01:48–03:10 बुधचरसामान्य
  • 03:10–04:31 बुधरोगअशुभ
  • 04:31–05:53 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 23 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:26–05:09, शुभ
  • रोग, अशुभ, 05:53–07:31
  • उद्वेग, अशुभ, 07:31–09:09
  • चर, सामान्य, 09:09–10:48
  • लाभ, शुभ, 10:48–12:26
  • अमृत, शुभ, 12:26–14:04
  • काल, अशुभ, 14:04–15:43
  • शुभ, 15:43–17:21
  • रोग, अशुभ, 17:21–18:59
  • काल, अशुभ, 18:59–20:21
  • लाभ, शुभ, 20:21–21:43
  • उद्वेग, अशुभ, 21:43–23:04
  • शुभ, 23:04–00:26 बुध
  • अमृत, शुभ, 00:26–01:48 बुध
  • चर, सामान्य, 01:48–03:10 बुध
  • रोग, अशुभ, 03:10–04:31 बुध
  • काल, अशुभ, 04:31–05:53 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 08:30–09:22, अशुभ
  • यमगण्ड, 09:09–10:48, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:00–12:52, शुभ
  • गुलिक काल, 12:26–14:04, अशुभ
  • राहु काल, 15:43–17:21, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 23:21–00:04 बुध, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:26–05:09 बुध

हर मान कैसे निकलता है

मंगल 23 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल सप्तमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 83.9° आगे था: शुक्ल सप्तमी।

सूर्य अमावस्या 0° 83.9° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण सप्तमी 72°–84° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 83.9° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण सप्तमी 72°–84° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 72°–84° सातवीं है, शुक्ल सप्तमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:53। षष्ठी उससे पहले 03:52 सोम पर समाप्त हुई। सप्तमी 06:05 को समाप्त होगी, जब बढ़त 84° होगी। बढ़त 16 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

सप्तमी दो सूर्योदयों पर क्यों है?

सप्तमी यहाँ सोम 22 और मंगल 23 जुलाई दोनों के सूर्योदय पर है।

षष्ठी सप्तमी सप्तमी अष्टमी सोम 22 जुलाई सुबह मंगल 23 जुलाई सुबह Pāthardi IST 03:52 06:05 05:52 सप्तमी 05:53 सप्तमी सप्तमी इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
षष्ठी सप्तमी सप्तमी अष्टमी सोम 22 जुलाई सुबह मंगल 23 जुलाई सुबह Pāthardi IST 03:52 06:05 05:52 सप्तमी 05:53 सप्तमी सप्तमी इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
समय नीचे की ओर · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। सप्तमी 03:52 सोम को, सूर्योदय 05:52 सोम से पहले, शुरू हुई और 06:05 को, अगले सूर्योदय 05:53 के बाद, समाप्त होगी। दोनों दिन सप्तमी है: यह यहाँ वृद्धि तिथि है।

मंगल 23 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:26–05:09

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:26–05:09।

सूर्यास्त 19:00 सोम सूर्योदय 05:53 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 22 जुलाई का दिन 14 1
सूर्यास्त 19:00 सोम सूर्योदय 05:53 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 22 जुलाई का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 22 जुलाई की रात सूर्यास्त 19:00 सोम से सूर्योदय 05:53 तक थी, 10 घं 53 मि। इसे 43 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 23 जुलाई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:00–12:52

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:00–12:52।

मंगल 23 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 08:30–09:22

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:30–09:22, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:21–00:04 बुध।

मंगल 23 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 23:21–00:04 बुध

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:30–09:22, और रात के 15 में से सातवाँ, 23:21–00:04 बुध।

सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 05:53 से 18:59, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 52 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 08:30–09:22 और 23:21–00:04 बुध।

मंगल 23 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:53–07:31 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:53 से 18:59, 1 घं 38 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:59 से 05:53 बुध, 1 घं 21 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 23 जुलाई को राहुकाल कब है? 15:43–17:21

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:43–17:21।

मंगल 23 जुलाई को यमगंड कब है? 09:09–10:48

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:09–10:48।

मंगल 23 जुलाई को गुलिक काल कब है? 12:26–14:04

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:26–14:04।

सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 05:53 से 18:59 तक है, 13 घं 6 मि। इसे 1 घं 38 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 23 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 05:53

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:53, सूर्यास्त 18:59, 13 घं 6 मि का दिन।

मंगल 23 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:59

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:53, सूर्यास्त 18:59, 13 घं 6 मि का दिन।

सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:55 चंद्रोदय 12:11
सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:55 चंद्रोदय 12:11
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 6 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 54 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 6 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 54 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? चित्रा

सूर्योदय पर चंद्रमा 180.9° पर था: चित्रा, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° चित्रा चंद्रमा 180.9° अगला: स्वाती पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° चित्रा चंद्रमा 180.9° अगला: स्वाती पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। चित्रा 173°20′–186°40′ तक है; चंद्रमा 180° पर उसके पद 3 में आया। वह 17:38 को निकलेगा, स्वाती में।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा योग है? सिद्ध

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 277.9° थे: सिद्ध।

सूर्य 97.0° + चंद्रमा 180.9° = 277.9° सिद्ध 266°40′–280°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 97.0° + चंद्रमा 180.9° = 277.9° सिद्ध 266°40′–280°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 97° + 180.9° = 277.9°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 266°40′–280°00′ इक्कीसवाँ है, सिद्ध। यह 09:57 को समाप्त होता है, फिर साध्य।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा करण है? वणिज

सूर्योदय पर बढ़त 83.9° थी: सप्तमी का दूसरा आधा, वणिज।

सूर्य अमावस्या 0° 83.9° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण सप्तमी 72°–84° वणिज 78°–84° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 83.9° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण सप्तमी 72°–84° वणिज 78°–84° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए सप्तमी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 16:56 सोम पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 78° हुई; वणिज 06:05 तक है।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 05:53, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:53 से 05:53 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण (अधिक)

16 जुलाई और 14 अगस्त की अमावस्याओं के बीच कोई संक्रांति नहीं: अधिक श्रावण।

1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ · धारीदार: अगली संक्रांति, मास के बाद

सामान्यतः एक मास में एक संक्रांति होती है, सूर्य का नई राशि में प्रवेश। 16 जुलाई 03:31 मंगल से 14 अगस्त 13:48 बुध तक सूर्य कर्क में रहा; सिंह में वह अमावस्या के बाद 16 अगस्त 07:14 शुक्र को गया। बिना संक्रांति का मास अधिक श्रावण है, जो श्रावण से पहले आता है।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? श्रावण (अधिक)

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष श्रावण (अधिक) का है।

अमान्त श्रावण (अधिक) पूर्णिमान्त श्रावण (अधिक) कृष्ण शुक्ल मंगल 23 जुलाई पूर्णिमा 2 जुल॰ अमावस्या 16 जुल॰ पूर्णिमा 31 जुल॰ अमावस्या 14 अग॰
अमान्त पूर्णिमान्त श्रावण (अधिक) श्रावण (अधिक) कृष्ण शुक्ल मंगल 23 जुलाई पूर्णिमा 2 जुल॰ अमावस्या 16 जुल॰ पूर्णिमा 31 जुल॰ अमावस्या 14 अग॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 16 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य कर्क में, श्रावण (अधिक) शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में श्रावण (अधिक) है।

मंगल 23 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 1958 · शक 1823

विक्रम संवत 1958 20 मार्च 1901 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 1901 18:14 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 23 जुलाई सूर्य 97.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 1901 18:14 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 23 जुलाई सूर्य 97.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 20 मार्च 1901, 18:14 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 120.2° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 1958 गिनता है; शक संवत 1823।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 23 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 12:11

चंद्रमा यहाँ 12:11 पर उदय होता है।

मंगल 23 जुलाई को चंद्रास्त कितने बजे है? 23:55

सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:55 चंद्रोदय 12:11
सूर्योदय 05:53 सूर्यास्त 18:59 सूर्योदय 05:53 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 23:55 चंद्रोदय 12:11
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 12:11 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 23:55 पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 12:11 पर उदय हुआ; वह फिर 23:55 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।