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आज का पंचांग, Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू गुरु 5 नवंबर 2026

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−5 में

द्वादशी

कृष्ण पक्ष · 00:01 शुक्र तक

फिर त्रयोदशी · 00:18 शनि तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

व्रत का पारण

रमा एकादशी

पारण गुरु 5 नवंबर, 06:04 से सूर्यास्त 17:53 तक
रमा एकादशी: Pangoa में हर तारीख़ आज कौन सा व्रत है: Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू

सूर्योदय और सूर्यास्त

03:46 05:18 17:53अगला सूर्योदय 05:17 शुक्र

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:18–06:52शुभयमगण्ड में
  • 06:52–08:26रोगअशुभ
  • 08:26–10:01उद्वेगअशुभ
  • 10:01–11:35चरसामान्य
  • 11:35–13:10लाभशुभ
  • 13:10–14:44अमृतराहु काल में
  • 14:44–16:18कालअशुभ
  • 16:18–17:53शुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:53–19:18अमृतशुभ
  • 19:18–20:44चरसामान्य
  • 20:44–22:09रोगअशुभ
  • 22:09–23:35कालअशुभ
  • 23:35–01:01 शुक्रलाभशुभ
  • 01:01–02:26 शुक्रउद्वेगअशुभ
  • 02:26–03:52 शुक्रशुभ
  • 03:52–05:17 शुक्रअमृतशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, गुरु 5 नवंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 03:46–04:32, शुभ
  • शुभ, 05:18–06:52
  • रोग, अशुभ, 06:52–08:26
  • उद्वेग, अशुभ, 08:26–10:01
  • चर, सामान्य, 10:01–11:35
  • लाभ, शुभ, 11:35–13:10
  • अमृत, शुभ, 13:10–14:44
  • काल, अशुभ, 14:44–16:18
  • शुभ, 16:18–17:53
  • अमृत, शुभ, 17:53–19:18
  • चर, सामान्य, 19:18–20:44
  • रोग, अशुभ, 20:44–22:09
  • काल, अशुभ, 22:09–23:35
  • लाभ, शुभ, 23:35–01:01 शुक्र
  • उद्वेग, अशुभ, 01:01–02:26 शुक्र
  • शुभ, 02:26–03:52 शुक्र
  • अमृत, शुभ, 03:52–05:17 शुक्र
  • यमगण्ड, 05:18–06:52, अशुभ
  • गुलिक काल, 08:26–10:01, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 09:29–10:20, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:10–12:00, शुभ
  • राहु काल, 13:10–14:44, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 14:31–15:22, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 03:46–04:32 शुक्र

Pangoa में आने वाले त्योहार

हर मान कैसे निकलता है

आज कौन सी तिथि है? कृष्ण द्वादशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 314.6° आगे था: कृष्ण द्वादशी।

सूर्य अमावस्या 0° 314.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 314.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 312°–324° सत्ताईसवीं है, कृष्ण द्वादशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:18। एकादशी उससे पहले 00:06 पर समाप्त हुई। द्वादशी 00:01 शुक्र को समाप्त होगी, जब बढ़त 324° होगी। बढ़त 25 अक्टूबर की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

नई दिल्ली में एकादशी क्यों है?

नई दिल्ली में एकादशी है, Pangoa में द्वादशी।

एकादशी द्वादशी द्वादशी त्रयोदशी गुरु 5 नवंबर सुबह शुक्र 6 नवंबर सुबह नई दिल्ली IST Pangoa UTC−5 10:36 00:06 10:31 00:01 06:35 एकादशी 06:36 द्वादशी 05:18 द्वादशी 05:17 त्रयोदशी
एकादशी द्वादशी द्वादशी त्रयोदशी गुरु 5 नवंबर सुबह शुक्र 6 नवंबर सुबह नई दिल्ली IST Pangoa UTC−5 10:36 00:06 10:31 00:01 06:35 एकादशी 06:36 द्वादशी 05:18 द्वादशी 05:17 त्रयोदशी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 06:35, एकादशी की समाप्ति 10:36 से पहले हुआ: यह दिन एकादशी है।

Pangoa · UTC−5

यहाँ सूर्योदय, 05:18, एकादशी की समाप्ति 00:06 के बाद हुआ: यह दिन द्वादशी है।

आज ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? शुक्र 6 नवंबर, 03:46–04:32 गुरु 5 नवंबर, 03:46–04:32

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 03:46–04:32।

सूर्यास्त 17:52 बुध सूर्योदय 05:18 गुरु समय, ऊँचाई नहीं बुध 4 नवंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:52 बुध सूर्योदय 05:18 गुरु समय, ऊँचाई नहीं बुध 4 नवंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · बुधवार का दिन धुँधला

बुध 4 नवंबर की रात सूर्यास्त 17:52 बुध से सूर्योदय 05:18 तक थी, 11 घं 26 मि। इसे 45 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

ब्रह्म मुहूर्त का समय आज और कल, Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू

दिन के 15 मुहूर्त

आज अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:10–12:00

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:10–12:00।

आज दुर्मुहूर्त कब है? 09:29–10:20

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से छठा और बारहवाँ है: 09:29–10:20 और 14:31–15:22।

आज दुर्मुहूर्त कब है? 14:31–15:22

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से छठा और बारहवाँ है: 09:29–10:20 और 14:31–15:22।

सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 8 6 12 1
सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 8 6 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 6, 12

यहाँ दिन, 05:18 से 17:53, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 50 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। गुरुवार को दुर्मुहूर्त छठा और बारहवाँ है, 09:29–10:20 और 14:31–15:22।

अभिजीत मुहूर्त आज, Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू

आज का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:18–06:52 शुभ है, जिसके स्वामी गुरु (बृहस्पति) हैं, गुरुवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं शुभ
सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं शुभ
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:18 से 17:53, 1 घं 34 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:53 से 05:17 शुक्र, 1 घं 25 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

आज का चौघड़िया, Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू

दिन के 8 भाग

आज राहुकाल कब है? 13:10–14:44

राहु काल गुरुवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:10–14:44।

आज यमगंड कब है? 05:18–06:52

यमगण्ड गुरुवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 05:18–06:52।

आज गुलिक काल कब है? 08:26–10:01

गुलिक काल गुरुवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 08:26–10:01।

सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 1, गुलिक काल 3

यहाँ दिन 05:18 से 17:53 तक है, 12 घं 35 मि। इसे 1 घं 34 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: गुरुवार को राहु काल छठा भाग है, यमगण्ड पहला और गुलिक काल तीसरा।

राहु काल आज, Pangoa, कुस्को प्रदेश, पेरू

सूर्योदय और सूर्यास्त

आज सूर्योदय कितने बजे है? 05:18

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:18, सूर्यास्त 17:53, 12 घं 35 मि का दिन।

आज सूर्यास्त कितने बजे है? 17:53

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:18, सूर्यास्त 17:53, 12 घं 35 मि का दिन।

सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 15:00 चंद्रोदय 03:13 शुक्र
सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 15:00 चंद्रोदय 03:13 शुक्र
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 35 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 24 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 35 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 24 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

आज कौन सा नक्षत्र है? उत्तराफाल्गुनी

सूर्योदय पर चंद्रमा 153.4° पर था: उत्तराफाल्गुनी, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° उत्तराफाल्गुनी चंद्रमा 153.4° अगला: हस्त पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° उत्तराफाल्गुनी चंद्रमा 153.4° अगला: हस्त पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। उत्तराफाल्गुनी 146°40′–160°00′ तक है; चंद्रमा 153°20′ पर उसके पद 3 में आया। वह 17:26 को निकलेगा, हस्त में।

आज कौन सा योग है? वैधृति

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 352.2° थे: वैधृति।

सूर्य 198.8° + चंद्रमा 153.4° = 352.2° वैधृति 346°40′–360°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 198.8° + चंद्रमा 153.4° = 352.2° वैधृति 346°40′–360°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 198.8° + 153.4° = 352.2°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 346°40′–360°00′ सत्ताईसवाँ है, वैधृति। यह 18:39 को समाप्त होता है, फिर विष्कम्भ।

आज कौन सा करण है? कौलव

सूर्योदय पर बढ़त 314.6° थी: द्वादशी का पहला आधा, कौलव।

सूर्य अमावस्या 0° 314.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° कौलव 312°–318° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 314.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वादशी 312°–324° कौलव 312°–318° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वादशी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 12:00 तक है, जब बढ़त 318° होगी; तैतिल 00:01 शुक्र तक।

आज कौन सा वार है, और कब से? गुरुवार

यह दिन गुरुवार को सूर्योदय, 05:18, पर शुरू हुआ: गुरुवार।

गुरुवार सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शुक्र अब भी गुरुवार
गुरुवार सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शुक्र अब भी गुरुवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:18 से 05:17 शुक्र तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी गुरुवार के हैं।

कौन सा हिंदू महीना चल रहा है (अमांत)? आश्विन

यह मास 10 अक्टूबर की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कन्या में था: आश्विन।

1 2 3 4 5 कन्या तुला 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
1 2 3 4 5 कन्या तुला 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कन्या से आश्विन। सूर्य 17 अक्टूबर को, मास के भीतर, तुला में जाता है। अगली अमावस्या, 9 नवंबर, उसे तुला में पाती है और कार्तिक शुरू करती है।

कौन सा हिंदू महीना चल रहा है (पूर्णिमांत)? कार्तिक

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष कार्तिक का है।

अमान्त कार्तिक पूर्णिमान्त आश्विन कृष्ण शुक्ल गुरु 5 नवंबर अमावस्या 10 अक्टू॰ पूर्णिमा 25 अक्टू॰ अमावस्या 9 नव॰ पूर्णिमा 24 नव॰
अमान्त कार्तिक पूर्णिमान्त आश्विन कृष्ण शुक्ल गुरु 5 नवंबर अमावस्या 10 अक्टू॰ पूर्णिमा 25 अक्टू॰ अमावस्या 9 नव॰ पूर्णिमा 24 नव॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 9 नवंबर की अमावस्या, सूर्य तुला में, कार्तिक शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ कार्तिक है, और अमान्त गणना में आश्विन।

कौन सा संवत चल रहा है? विक्रम 2083 · शक 1948

विक्रम संवत 2083 18 मार्च 2026 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 18 मार्च 2026 20:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, गुरु 5 नवंबर सूर्य 198.8° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 18 मार्च 2026 20:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, गुरु 5 नवंबर सूर्य 198.8° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 18 मार्च 2026, 20:23 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 224.6° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2083 गिनता है; शक संवत 1948।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

आज चंद्रोदय कितने बजे है? 03:13 शुक्र

चंद्रमा यहाँ 03:13 शुक्र पर उदय होता है।

आज चंद्रास्त कितने बजे है? 15:00

सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 15:00 चंद्रोदय 03:13 शुक्र
सूर्योदय 05:18 सूर्यास्त 17:53 सूर्योदय 05:17 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 15:00 चंद्रोदय 03:13 शुक्र
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 15:00 पर अस्त हुआ; वह फिर 03:13 शुक्र पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 15:00 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 03:13 शुक्र पर उदय होगा।