Myjava, स्लोवाकिया का पंचांग मंगल 10 नवंबर 1925
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय CET में
1970 से पहले के समय UTC+1:00 पर हैं, जो इस तारीख़ के लिए टाइम ज़ोन डेटाबेस का ऑफ़सेट है; इतने पुराने उसके रिकॉर्ड अनिश्चित हैं। आकाश से निकाला गया पंचांग इससे नहीं बदलता।
10 नवंबर का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, मंगल 10 नवंबर
- 04:53–05:51ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 06:49 से
- 10:22–11:33लाभ चौघड़िया
- 11:14–11:33अभिजीत मुहूर्तगुलिक काल छोड़कर
- 11:33–12:44अमृत चौघड़ियागुलिक काल में
- 13:55–15:05शुभ चौघड़ियाराहु काल में
- सूर्यास्त 16:16 के बाद
- 18:06–19:55लाभ चौघड़िया
- 21:44–22:06शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- 23:04–23:34शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- 23:34–01:23 बुधअमृत चौघड़िया
-
04:38–06:23 बुधअमृत कालपूर्वाफाल्गुनी में
- 04:54–05:52 बुधअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
टालने योग्य समय
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 06:49–08:00रोगअशुभ
- 08:00–09:11उद्वेगअशुभ
- 09:11–10:22चरसामान्य
- 10:22–11:33लाभशुभ
- 11:33–12:44अमृतगुलिक काल में
- 12:44–13:55कालअशुभ
- 13:55–15:05शुभराहु काल में
- 15:05–16:16रोगअशुभ
रात का चौघड़िया
- 16:16–18:06कालअशुभ
- 18:06–19:55लाभशुभ
- 19:55–21:44उद्वेगअशुभ
- 21:44–23:34शुभ
- 23:34–01:23 बुधअमृतशुभ
- 01:23–03:12 बुधचरसामान्य
- 03:12–05:01 बुधरोगअशुभ
- 05:01–06:51 बुधकालअशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, मंगल 10 नवंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 04:53–05:51, शुभ
- रोग, अशुभ, 06:49–08:00
- उद्वेग, अशुभ, 08:00–09:11
- चर, सामान्य, 09:11–10:22
- लाभ, शुभ, 10:22–11:33
- अमृत, शुभ, 11:33–12:44
- काल, अशुभ, 12:44–13:55
- शुभ, 13:55–15:05
- रोग, अशुभ, 15:05–16:16
- काल, अशुभ, 16:16–18:06
- लाभ, शुभ, 18:06–19:55
- उद्वेग, अशुभ, 19:55–21:44
- शुभ, 21:44–23:34
- अमृत, शुभ, 23:34–01:23 बुध
- चर, सामान्य, 01:23–03:12 बुध
- रोग, अशुभ, 03:12–05:01 बुध
- काल, अशुभ, 05:01–06:51 बुध
- दुर्मुहूर्त, 08:43–09:20, अशुभ
- यमगण्ड, 09:11–10:22, अशुभ
- अभिजीत मुहूर्त, 11:14–11:52, शुभ
- गुलिक काल, 11:33–12:44, अशुभ
- राहु काल, 13:55–15:05, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 22:06–23:04, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:54–05:52 बुध
हर मान कैसे निकलता है
मंगल 10 नवंबर को कौन सी तिथि है? कृष्ण नवमी
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 287.5° आगे था: कृष्ण नवमी।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 276°–288° चौबीसवीं है, कृष्ण नवमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:49। अष्टमी उससे पहले 05:30 सोम पर समाप्त हुई। नवमी 07:50 को समाप्त होगी, जब बढ़त 288° होगी। बढ़त 31 अक्टूबर की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।
नवमी दो सूर्योदयों पर क्यों है?
नवमी यहाँ सोम 9 और मंगल 10 नवंबर दोनों के सूर्योदय पर है।
दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। नवमी 05:30 सोम को, सूर्योदय 06:48 सोम से पहले, शुरू हुई और 07:50 को, अगले सूर्योदय 06:49 के बाद, समाप्त होगी। दोनों दिन नवमी है: यह यहाँ वृद्धि तिथि है।
मंगल 10 नवंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:53–05:51
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:53–05:51।
सोम 9 नवंबर की रात सूर्यास्त 16:18 सोम से सूर्योदय 06:49 तक थी, 14 घं 31 मि। इसे 58 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
मंगल 10 नवंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:14–11:52
अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:14–11:52।
मंगल 10 नवंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 08:43–09:20
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:43–09:20, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:06–23:04।
मंगल 10 नवंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 22:06–23:04
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:43–09:20, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:06–23:04।
यहाँ दिन, 06:49 से 16:16, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 37 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 08:43–09:20 और 22:06–23:04।
मंगल 10 नवंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
06:49–08:00 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 06:49 से 16:16, 1 घं 10 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 16:16 से 06:51 बुध, 1 घं 49 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
मंगल 10 नवंबर को राहुकाल कब है? 13:55–15:05
राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 13:55–15:05।
मंगल 10 नवंबर को यमगंड कब है? 09:11–10:22
यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:11–10:22।
मंगल 10 नवंबर को गुलिक काल कब है? 11:33–12:44
गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 11:33–12:44।
यहाँ दिन 06:49 से 16:16 तक है, 9 घं 27 मि। इसे 1 घं 10 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।
सूर्योदय और सूर्यास्त
मंगल 10 नवंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 06:49
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:49, सूर्यास्त 16:16, 9 घं 27 मि का दिन।
मंगल 10 नवंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 16:16
यहाँ दिन: सूर्योदय 06:49, सूर्यास्त 16:16, 9 घं 27 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 27 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 35 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 27 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 35 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा नक्षत्र है? मघा
सूर्योदय पर चंद्रमा 132° पर था: मघा, पद 4।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मघा 120°00′–133°20′ तक है; चंद्रमा 130° पर उसके पद 4 में आया। वह 09:24 को निकलेगा, पूर्वाफाल्गुनी में।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा योग है? इन्द्र
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 336.5° थे: इन्द्र।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 204.5° + 132° = 336.5°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 333°20′–346°40′ छब्बीसवाँ है, इन्द्र। यह 01:19 बुध को समाप्त होता है, फिर वैधृति।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा करण है? गर
सूर्योदय पर बढ़त 287.5° थी: नवमी का दूसरा आधा, गर।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए नवमी का पहला आधा तैतिल है और दूसरा गर। तैतिल 18:43 सोम पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 282° हुई; गर 07:50 तक है।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार
यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:49, पर शुरू हुआ: मंगलवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:49 से 06:51 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? कार्तिक
यह मास 17 अक्टूबर की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य तुला में था: कार्तिक।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: तुला से कार्तिक। सूर्य 15 नवंबर को, मास के भीतर, वृश्चिक में जाता है। अगली अमावस्या, 16 नवंबर, उसे वृश्चिक में पाती है और मार्गशीर्ष शुरू करती है।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? मार्गशीर्ष
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष मार्गशीर्ष का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 16 नवंबर की अमावस्या, सूर्य वृश्चिक में, मार्गशीर्ष शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ मार्गशीर्ष है, और अमान्त गणना में कार्तिक।
मंगल 10 नवंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 1982 · शक 1847
विक्रम संवत 1982 24 मार्च 1925 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 24 मार्च 1925, 15:02 मंगल। तब से सूर्य तारों के बीच 223.9° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 1982 गिनता है; शक संवत 1847।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
मंगल 10 नवंबर को चंद्रोदय कितने बजे है? 00:53 बुध
चंद्रमा यहाँ 00:53 बुध पर उदय होता है।
मंगल 10 नवंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 14:11
चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 14:11 पर अस्त हुआ; वह फिर 00:53 बुध पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।
चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 14:11 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 00:53 बुध पर उदय होगा।