Khmelnytskyi, यूक्रेन का पंचांग शनि 10 जुलाई 2027
सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय EEST में
10 जुलाई का शुभ मुहूर्त
- सूर्योदय से पहले, शनि 10 जुलाई
- 04:12–04:44ब्रह्म मुहूर्त
- सूर्योदय 05:16 से
- 07:24–09:16शुभ चौघड़ियादुर्मुहूर्त छोड़कर
- 12:45–13:49अभिजीत मुहूर्त
-
14:27–15:17अमृत कालयमगण्ड छोड़कर · हस्त में
- 15:17–17:17लाभ चौघड़ियायमगण्ड में
- 17:17–19:17अमृत चौघड़िया
- सूर्यास्त 21:17 के बाद
- 21:17–22:17लाभ चौघड़िया
- 23:17–00:17 रविशुभ चौघड़िया
- 00:17–01:17 रविअमृत चौघड़िया
- 04:17–05:17 रविलाभ चौघड़िया
- 04:13–04:45 रविअगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त
टालने योग्य समय
सूर्योदय और सूर्यास्त
पंचांग
चौघड़िया
दिन का चौघड़िया
- 05:16–07:16कालअशुभ
- 07:16–09:16शुभ
- 09:16–11:17रोगअशुभ
- 11:17–13:17उद्वेगअशुभ
- 13:17–15:17चरसामान्य
- 15:17–17:17लाभयमगण्ड में
- 17:17–19:17अमृतशुभ
- 19:17–21:17कालअशुभ
रात का चौघड़िया
- 21:17–22:17लाभशुभ
- 22:17–23:17उद्वेगअशुभ
- 23:17–00:17 रविशुभ
- 00:17–01:17 रविअमृतशुभ
- 01:17–02:17 रविचरसामान्य
- 02:17–03:17 रविरोगअशुभ
- 03:17–04:17 रविकालअशुभ
- 04:17–05:17 रविलाभशुभ
दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक
समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।
- सूर्योदय से पहले, शनि 10 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:12–04:44, शुभ
- काल, अशुभ, 05:16–07:16
- शुभ, 07:16–09:16
- रोग, अशुभ, 09:16–11:17
- उद्वेग, अशुभ, 11:17–13:17
- चर, सामान्य, 13:17–15:17
- लाभ, शुभ, 15:17–17:17
- अमृत, शुभ, 17:17–19:17
- काल, अशुभ, 19:17–21:17
- लाभ, शुभ, 21:17–22:17
- उद्वेग, अशुभ, 22:17–23:17
- शुभ, 23:17–00:17 रवि
- अमृत, शुभ, 00:17–01:17 रवि
- चर, सामान्य, 01:17–02:17 रवि
- रोग, अशुभ, 02:17–03:17 रवि
- काल, अशुभ, 03:17–04:17 रवि
- लाभ, शुभ, 04:17–05:17 रवि
- गुलिक काल, 05:16–07:16, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 05:16–06:20, अशुभ
- दुर्मुहूर्त, 06:20–07:24, अशुभ
- राहु काल, 09:16–11:17, अशुभ
- अभिजीत मुहूर्त, 12:45–13:49, शुभ
- यमगण्ड, 15:17–17:17, अशुभ
- अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:13–04:45 रवि
हर मान कैसे निकलता है
शनि 10 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल सप्तमी
सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 81.4° आगे था: शुक्ल सप्तमी।
चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 72°–84° सातवीं है, शुक्ल सप्तमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:16। षष्ठी उससे पहले 11:34 शुक्र पर समाप्त हुई। सप्तमी 10:07 को समाप्त होगी, जब बढ़त 84° होगी। बढ़त 4 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।
शनि 10 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:12–04:44
ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:12–04:44।
शुक्र 9 जुलाई की रात सूर्यास्त 21:18 शुक्र से सूर्योदय 05:16 तक थी, 7 घं 58 मि। इसे 31 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।
दिन के 15 मुहूर्त
शनि 10 जुलाई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:45–13:49
अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:45–13:49।
शनि 10 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 05:16–06:20
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 05:16–06:20 और 06:20–07:24।
शनि 10 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 06:20–07:24
दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 05:16–06:20 और 06:20–07:24।
यहाँ दिन, 05:16 से 21:17, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 1 घं 4 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 05:16–06:20 और 06:20–07:24।
शनि 10 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?
05:16–07:16 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।
यहाँ दिन, 05:16 से 21:17, 2 घं 0 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
यहाँ रात, 21:17 से 05:17 रवि, 1 घं 0 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।
दिन के 8 भाग
शनि 10 जुलाई को राहुकाल कब है? 09:16–11:17
राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:16–11:17।
शनि 10 जुलाई को यमगंड कब है? 15:17–17:17
यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 15:17–17:17।
शनि 10 जुलाई को गुलिक काल कब है? 05:16–07:16
गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 05:16–07:16।
यहाँ दिन 05:16 से 21:17 तक है, 16 घं 1 मि। इसे 2 घं 0 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।
सूर्योदय और सूर्यास्त
शनि 10 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 05:16
यहाँ दिन: सूर्योदय 05:16, सूर्यास्त 21:17, 16 घं 1 मि का दिन।
शनि 10 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 21:17
यहाँ दिन: सूर्योदय 05:16, सूर्यास्त 21:17, 16 घं 1 मि का दिन।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 16 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 16 घं 1 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 8 घं 0 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।
शनि 10 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? हस्त
सूर्योदय पर चंद्रमा 164.9° पर था: हस्त, पद 2।
स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। हस्त 160°00′–173°20′ तक है; चंद्रमा 163°20′ पर उसके पद 2 में आया। वह 20:21 को निकलेगा, चित्रा में।
शनि 10 जुलाई को कौन सा योग है? परिघ
सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 248.3° थे: परिघ।
तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 83.4° + 164.9° = 248.3°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 240°00′–253°20′ उन्नीसवाँ है, परिघ। यह 13:40 को समाप्त होता है, फिर शिव।
शनि 10 जुलाई को कौन सा करण है? वणिज
सूर्योदय पर बढ़त 81.4° थी: सप्तमी का दूसरा आधा, वणिज।
करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए सप्तमी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 22:46 शुक्र पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 78° हुई; वणिज 10:07 तक है।
शनि 10 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार
यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 05:16, पर शुरू हुआ: शनिवार।
हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:16 से 05:17 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।
शनि 10 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? आषाढ़
यह मास 4 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मिथुन में था: आषाढ़।
अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मिथुन से आषाढ़। सूर्य 17 जुलाई को, मास के भीतर, कर्क में जाता है। अगली अमावस्या, 2 अगस्त, उसे कर्क में पाती है और श्रावण शुरू करती है।
शनि 10 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आषाढ़
पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष आषाढ़ का है।
पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 4 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य मिथुन में, आषाढ़ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में आषाढ़ है।
शनि 10 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 2084 · शक 1949
विक्रम संवत 2084 7 अप्रैल 2027 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।
संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 7 अप्रैल 2027, 02:51 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 90.7° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2084 गिनता है; शक संवत 1949।
चंद्रोदय और चंद्रास्त
शनि 10 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 13:29
चंद्रमा यहाँ 13:29 पर उदय होता है।
शनि 10 जुलाई को चंद्रास्त कितने बजे है? 00:03 रवि
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 13:29 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 00:03 रवि पर अस्त होगा।
चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 13:29 पर उदय हुआ; वह फिर 00:03 रवि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।