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Khmelnytskyi, यूक्रेन का पंचांग मंगल 26 जनवरी 2016

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय EET में

तृतीया

कृष्ण पक्ष · 06:25 बुध तक

फिर चतुर्थी · 08:27 गुरु तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:52 07:52 16:56अगला सूर्योदय 07:51 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 07:52–09:00रोगअशुभ
  • 09:00–10:08उद्वेगअशुभ
  • 10:08–11:16चरसामान्य
  • 11:16–12:24लाभशुभ
  • 12:24–13:32अमृतगुलिक काल में
  • 13:32–14:40कालअशुभ
  • 14:40–15:48शुभराहु काल में
  • 15:48–16:56रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 16:56–18:48कालअशुभ
  • 18:48–20:40लाभशुभ
  • 20:40–22:32उद्वेगअशुभ
  • 22:32–00:24 बुधशुभ
  • 00:24–02:15 बुधअमृतशुभ
  • 02:15–04:07 बुधचरसामान्य
  • 04:07–05:59 बुधरोगअशुभ
  • 05:59–07:51 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 26 जनवरी: ब्रह्म मुहूर्त, 05:52–06:52, शुभ
  • रोग, अशुभ, 07:52–09:00
  • उद्वेग, अशुभ, 09:00–10:08
  • चर, सामान्य, 10:08–11:16
  • लाभ, शुभ, 11:16–12:24
  • अमृत, शुभ, 12:24–13:32
  • काल, अशुभ, 13:32–14:40
  • शुभ, 14:40–15:48
  • रोग, अशुभ, 15:48–16:56
  • काल, अशुभ, 16:56–18:48
  • लाभ, शुभ, 18:48–20:40
  • उद्वेग, अशुभ, 20:40–22:32
  • शुभ, 22:32–00:24 बुध
  • अमृत, शुभ, 00:24–02:15 बुध
  • चर, सामान्य, 02:15–04:07 बुध
  • रोग, अशुभ, 04:07–05:59 बुध
  • काल, अशुभ, 05:59–07:51 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 09:41–10:17, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:08–11:16, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:06–12:42, शुभ
  • गुलिक काल, 12:24–13:32, अशुभ
  • राहु काल, 14:40–15:48, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 22:54–23:54, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:51–06:51 बुध

हर मान कैसे निकलता है

मंगल 26 जनवरी को कौन सी तिथि है? कृष्ण तृतीया

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 205.4° आगे था: कृष्ण तृतीया।

सूर्य अमावस्या 0° 205.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल तृतीया 204°–216° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 205.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल तृतीया 204°–216° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 204°–216° अठारहवीं है, कृष्ण तृतीया। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 07:52। द्वितीया उससे पहले 04:56 पर समाप्त हुई। तृतीया 06:25 बुध को समाप्त होगी, जब बढ़त 216° होगी। बढ़त 24 जनवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

नई दिल्ली में द्वितीया क्यों है?

नई दिल्ली में द्वितीया है, Khmelnytskyi में तृतीया।

द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 26 जनवरी सुबह बुध 27 जनवरी सुबह नई दिल्ली IST Khmelnytskyi UTC+2 08:26 04:56 09:55 06:25 07:12 द्वितीया 07:12 तृतीया 07:52 तृतीया 07:51 चतुर्थी
द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 26 जनवरी सुबह बुध 27 जनवरी सुबह नई दिल्ली IST Khmelnytskyi UTC+2 08:26 04:56 09:55 06:25 07:12 द्वितीया 07:12 तृतीया 07:52 तृतीया 07:51 चतुर्थी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 07:12, द्वितीया की समाप्ति 08:26 से पहले हुआ: यह दिन द्वितीया है।

Khmelnytskyi · UTC+2

यहाँ सूर्योदय, 07:52, द्वितीया की समाप्ति 04:56 के बाद हुआ: यह दिन तृतीया है।

मंगल 26 जनवरी को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:52–06:52

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:52–06:52।

सूर्यास्त 16:55 सोम सूर्योदय 07:52 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 25 जनवरी का दिन 14 1
सूर्यास्त 16:55 सोम सूर्योदय 07:52 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 25 जनवरी का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 25 जनवरी की रात सूर्यास्त 16:55 सोम से सूर्योदय 07:52 तक थी, 14 घं 57 मि। इसे 59 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 26 जनवरी को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:06–12:42

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:06–12:42।

मंगल 26 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 09:41–10:17

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:41–10:17, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:54–23:54।

मंगल 26 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 22:54–23:54

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 09:41–10:17, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:54–23:54।

सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 07:52 से 16:56, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 36 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 09:41–10:17 और 22:54–23:54।

मंगल 26 जनवरी का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

07:52–09:00 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 07:52 से 16:56, 1 घं 8 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 16:56 से 07:51 बुध, 1 घं 51 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 26 जनवरी को राहुकाल कब है? 14:40–15:48

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 14:40–15:48।

मंगल 26 जनवरी को यमगंड कब है? 10:08–11:16

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 10:08–11:16।

मंगल 26 जनवरी को गुलिक काल कब है? 12:24–13:32

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:24–13:32।

सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 07:52 से 16:56 तक है, 9 घं 4 मि। इसे 1 घं 8 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 26 जनवरी को सूर्योदय कितने बजे है? 07:52

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:52, सूर्यास्त 16:56, 9 घं 4 मि का दिन।

मंगल 26 जनवरी को सूर्यास्त कितने बजे है? 16:56

यहाँ दिन: सूर्योदय 07:52, सूर्यास्त 16:56, 9 घं 4 मि का दिन।

सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:46 चंद्रोदय 19:48
सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:46 चंद्रोदय 19:48
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 4 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 55 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 9 घं 4 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 14 घं 55 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा नक्षत्र है? मघा

सूर्योदय पर चंद्रमा 127° पर था: मघा, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° मघा चंद्रमा 127.0° अगला: पूर्वाफाल्गुनी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° मघा चंद्रमा 127.0° अगला: पूर्वाफाल्गुनी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। मघा 120°00′–133°20′ तक है; चंद्रमा 126°40′ पर उसके पद 3 में आया। वह 20:09 को निकलेगा, पूर्वाफाल्गुनी में।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा योग है? सौभाग्य

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 408.6° थे, एक चक्कर और 48.6°: सौभाग्य।

सूर्य 281.6° + चंद्रमा 127.0° = 408.6° एक चक्कर + 48.6° सौभाग्य 40°00′–53°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 281.6° + चंद्रमा 127.0° = 408.6° एक चक्कर + 48.6° सौभाग्य 40°00′–53°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 281.6° + 127° = 408.6°, एक पूरा चक्कर और 48.6°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 40°00′–53°20′ चौथा है, सौभाग्य। यह 16:18 को समाप्त होता है, फिर शोभन।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा करण है? वणिज

सूर्योदय पर बढ़त 205.4° थी: तृतीया का पहला आधा, वणिज।

सूर्य अमावस्या 0° 205.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल तृतीया 204°–216° वणिज 204°–210° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 205.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल तृतीया 204°–216° वणिज 204°–210° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए तृतीया का पहला आधा वणिज है और दूसरा विष्टि। वणिज 17:36 तक है, जब बढ़त 210° होगी; विष्टि 06:25 बुध तक।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 07:52, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 07:52 से 07:51 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? पौष

यह मास 10 जनवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य धनु में था: पौष।

1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: धनु से पौष। सूर्य 14 जनवरी को, मास के भीतर, मकर में जाता है। अगली अमावस्या, 8 फ़रवरी, उसे मकर में पाती है और माघ शुरू करती है।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? माघ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष माघ का है।

अमान्त माघ पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल मंगल 26 जनवरी अमावस्या 10 जन॰ पूर्णिमा 24 जन॰ अमावस्या 8 फ़र॰ पूर्णिमा 22 फ़र॰
अमान्त माघ पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल मंगल 26 जनवरी अमावस्या 10 जन॰ पूर्णिमा 24 जन॰ अमावस्या 8 फ़र॰ पूर्णिमा 22 फ़र॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 8 फ़रवरी की अमावस्या, सूर्य मकर में, माघ शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ माघ है, और अमान्त गणना में पौष।

मंगल 26 जनवरी को कौन सा संवत है? विक्रम 2072 · शक 1937

विक्रम संवत 2072 20 मार्च 2015 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 2015 11:36 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 26 जनवरी सूर्य 281.6° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 2015 11:36 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 26 जनवरी सूर्य 281.6° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 20 मार्च 2015, 11:36 शुक्र। तब से सूर्य तारों के बीच 306.2° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2072 गिनता है; शक संवत 1937।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 26 जनवरी को चंद्रोदय कितने बजे है? 19:48

चंद्रमा यहाँ 19:48 पर उदय होता है।

मंगल 26 जनवरी को चंद्रास्त कितने बजे है? 08:46

सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:46 चंद्रोदय 19:48
सूर्योदय 07:52 सूर्यास्त 16:56 सूर्योदय 07:51 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:46 चंद्रोदय 19:48
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:46 पर अस्त हुआ; वह फिर 19:48 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:46 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 19:48 पर उदय होगा।