tithika
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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल का पंचांग बुध 8 मार्च 2062

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−3 में

त्रयोदशी

कृष्ण पक्ष · 00:14 गुरु तक

फिर चतुर्दशी · 00:59 शुक्र तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

व्रत

प्रदोष व्रत

प्रदोष पूजा मुहूर्त
18:32⁠–⁠20:52
प्रदोष काल 18:32⁠–⁠20:52

प्रदोष व्रत बुध 8 मार्च को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं। बुध 8 मार्च क्यों?

प्रदोष व्रत: Ipameri में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:40 06:13 18:32अगला सूर्योदय 06:14 गुरु

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:13–07:46लाभशुभ
  • 07:46–09:18अमृतयमगण्ड में
  • 09:18–10:50कालअशुभ
  • 10:50–12:23शुभगुलिक काल में
  • 12:23–13:55रोगअशुभ
  • 13:55–15:27उद्वेगअशुभ
  • 15:27–17:00चरसामान्य
  • 17:00–18:32लाभशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:32–20:00उद्वेगअशुभ
  • 20:00–21:28शुभ
  • 21:28–22:55अमृतशुभ
  • 22:55–00:23 गुरुचरसामान्य
  • 00:23–01:51 गुरुरोगअशुभ
  • 01:51–03:18 गुरुकालअशुभ
  • 03:18–04:46 गुरुलाभशुभ
  • 04:46–06:14 गुरुउद्वेगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, बुध 8 मार्च: ब्रह्म मुहूर्त, 04:40–05:27, शुभ
  • लाभ, शुभ, 06:13–07:46
  • अमृत, शुभ, 07:46–09:18
  • काल, अशुभ, 09:18–10:50
  • शुभ, 10:50–12:23
  • रोग, अशुभ, 12:23–13:55
  • उद्वेग, अशुभ, 13:55–15:27
  • चर, सामान्य, 15:27–17:00
  • लाभ, शुभ, 17:00–18:32
  • उद्वेग, अशुभ, 18:32–20:00
  • शुभ, 20:00–21:28
  • अमृत, शुभ, 21:28–22:55
  • चर, सामान्य, 22:55–00:23 गुरु
  • रोग, अशुभ, 00:23–01:51 गुरु
  • काल, अशुभ, 01:51–03:18 गुरु
  • लाभ, शुभ, 03:18–04:46 गुरु
  • उद्वेग, अशुभ, 04:46–06:14 गुरु
  • यमगण्ड, 07:46–09:18, अशुभ
  • गुलिक काल, 10:50–12:23, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 11:58–12:47, अशुभ
  • राहु काल, 12:23–13:55, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:40–05:27 गुरु

हर मान कैसे निकलता है

Ipameri में प्रदोष व्रत बुध 8 मार्च को क्यों है?

प्रदोष व्रत बुध 8 मार्च को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।

द्वादशी 22:56 17:00 19:00 21:00 मंगल 7 मार्च प्रदोष काल 18:33–20:53 त्रयोदशी 22:56 से
द्वादशी 22:56 17:00 19:00 21:00 मंगल 7 मार्च प्रदोष काल 18:33–20:53 त्रयोदशी 22:56 से
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−3)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी मंगल 7 मार्च को 22:56 से गुरु 9 मार्च को 00:14 तक है, इसलिए केवल बुधवार का प्रदोष काल (18:32–20:52) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

प्रदोष व्रत: Ipameri में हर तारीख़

बुध 8 मार्च को कौन सी तिथि है? कृष्ण त्रयोदशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 327.4° आगे था: कृष्ण त्रयोदशी।

सूर्य अमावस्या 0° 327.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 327.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 324°–336° अट्ठाईसवीं है, कृष्ण त्रयोदशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:13। द्वादशी उससे पहले 22:56 मंगल पर समाप्त हुई। त्रयोदशी 00:14 गुरु को समाप्त होगी, जब बढ़त 336° होगी। बढ़त 23 फ़रवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

नई दिल्ली में द्वादशी क्यों है?

नई दिल्ली में द्वादशी है, Ipameri में त्रयोदशी।

द्वादशी त्रयोदशी त्रयोदशी चतुर्दशी बुध 8 मार्च सुबह गुरु 9 मार्च सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 07:26 22:56 08:44 00:14 06:38 द्वादशी 06:37 त्रयोदशी 06:13 त्रयोदशी 06:14 चतुर्दशी
द्वादशी त्रयोदशी त्रयोदशी चतुर्दशी बुध 8 मार्च सुबह गुरु 9 मार्च सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 07:26 22:56 08:44 00:14 06:38 द्वादशी 06:37 त्रयोदशी 06:13 त्रयोदशी 06:14 चतुर्दशी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 06:38, द्वादशी की समाप्ति 07:26 से पहले हुआ: यह दिन द्वादशी है।

Ipameri · UTC−3

यहाँ सूर्योदय, 06:13, द्वादशी की समाप्ति 22:56 मंगल के बाद हुआ: यह दिन त्रयोदशी है।

बुध 8 मार्च को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:40–05:27

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:40–05:27।

सूर्यास्त 18:33 मंगल सूर्योदय 06:13 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 7 मार्च का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:33 मंगल सूर्योदय 06:13 बुध समय, ऊँचाई नहीं मंगल 7 मार्च का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · मंगलवार का दिन धुँधला

मंगल 7 मार्च की रात सूर्यास्त 18:33 मंगल से सूर्योदय 06:13 तक थी, 11 घं 40 मि। इसे 46 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

बुध 8 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 11:58–12:47

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है: 11:58–12:47।

सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 8 1
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:13 से 18:32, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 49 मि का। बुधवार को दुर्मुहूर्त आठवाँ है, 11:58–12:47: वह आठवाँ, बीच वाला, मुहूर्त लेता है, इसलिए बुधवार को अभिजीत मुहूर्त नहीं होता।

बुध 8 मार्च का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:13–07:46 लाभ है, जिसके स्वामी बुध हैं, बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं लाभ
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:13 से 18:32, 1 घं 32 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:32 से 06:14 गुरु, 1 घं 27 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

बुध 8 मार्च को राहुकाल कब है? 12:23–13:55

राहु काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 12:23–13:55।

बुध 8 मार्च को यमगंड कब है? 07:46–09:18

यमगण्ड बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:46–09:18।

बुध 8 मार्च को गुलिक काल कब है? 10:50–12:23

गुलिक काल बुधवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:50–12:23।

सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 2, गुलिक काल 4

यहाँ दिन 06:13 से 18:32 तक है, 12 घं 19 मि। इसे 1 घं 32 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: बुधवार को राहु काल पाँचवाँ भाग है, यमगण्ड दूसरा और गुलिक काल चौथा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

बुध 8 मार्च को सूर्योदय कितने बजे है? 06:13

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:13, सूर्यास्त 18:32, 12 घं 19 मि का दिन।

बुध 8 मार्च को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:32

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:13, सूर्यास्त 18:32, 12 घं 19 मि का दिन।

सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 17:07 चंद्रोदय 04:45 गुरु
सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 17:07 चंद्रोदय 04:45 गुरु
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 19 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 42 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 19 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 42 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

बुध 8 मार्च को कौन सा नक्षत्र है? श्रवण

सूर्योदय पर चंद्रमा 290.8° पर था: श्रवण, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 290.8° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 290.8° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। श्रवण 280°00′–293°20′ तक है; चंद्रमा 290° पर उसके पद 4 में आया। वह 11:11 को निकलेगा, धनिष्ठा में।

बुध 8 मार्च को कौन सा योग है? शिव

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 614.1° थे, एक चक्कर और 254.1°: शिव।

सूर्य 323.3° + चंद्रमा 290.8° = 614.1° एक चक्कर + 254.1° शिव 253°20′–266°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 323.3° + चंद्रमा 290.8° = 614.1° एक चक्कर + 254.1° शिव 253°20′–266°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 323.3° + 290.8° = 614.1°, एक पूरा चक्कर और 254.1°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 253°20′–266°40′ बीसवाँ है, शिव। यह 04:36 गुरु को समाप्त होता है, फिर सिद्ध।

बुध 8 मार्च को कौन सा करण है? गर

सूर्योदय पर बढ़त 327.4° थी: त्रयोदशी का पहला आधा, गर।

सूर्य अमावस्या 0° 327.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° गर 324°–330° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 327.4° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल त्रयोदशी 324°–336° गर 324°–330° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए त्रयोदशी का पहला आधा गर है और दूसरा वणिज। गर 11:39 तक है, जब बढ़त 330° होगी; वणिज 00:14 गुरु तक।

बुध 8 मार्च को कौन सा वार है, और कब से? बुधवार

यह दिन बुधवार को सूर्योदय, 06:13, पर शुरू हुआ: बुधवार।

बुधवार सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
बुधवार सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं 00:00 गुरु अब भी बुधवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:13 से 06:14 गुरु तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी बुधवार के हैं।

बुध 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? माघ

यह मास 9 फ़रवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मकर में था: माघ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 कुंभ 12 0° पृथ्वी मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 कुंभ 12 0° पृथ्वी मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मकर से माघ। सूर्य 13 फ़रवरी को, मास के भीतर, कुंभ में जाता है। अगली अमावस्या, 11 मार्च, उसे कुंभ में पाती है और फाल्गुन शुरू करती है।

बुध 8 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? फाल्गुन

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष फाल्गुन का है।

अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन माघ कृष्ण शुक्ल बुध 8 मार्च अमावस्या 9 फ़र॰ पूर्णिमा 23 फ़र॰ अमावस्या 11 मार्च पूर्णिमा 25 मार्च
अमान्त पूर्णिमान्त फाल्गुन माघ कृष्ण शुक्ल बुध 8 मार्च अमावस्या 9 फ़र॰ पूर्णिमा 23 फ़र॰ अमावस्या 11 मार्च पूर्णिमा 25 मार्च
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 11 मार्च की अमावस्या, सूर्य कुंभ में, फाल्गुन शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ फाल्गुन है, और अमान्त गणना में माघ।

बुध 8 मार्च को कौन सा संवत है? विक्रम 2118 · शक 1983

विक्रम संवत 2118 21 मार्च 2061 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 21 मार्च 2061 14:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 8 मार्च सूर्य 323.3° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 21 मार्च 2061 14:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, बुध 8 मार्च सूर्य 323.3° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 21 मार्च 2061, 14:23 सोम। तब से सूर्य तारों के बीच 346.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2118 गिनता है; शक संवत 1983।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

बुध 8 मार्च को चंद्रोदय कितने बजे है? 04:45 गुरु

चंद्रमा यहाँ 04:45 गुरु पर उदय होता है।

बुध 8 मार्च को चंद्रास्त कितने बजे है? 17:07

सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 17:07 चंद्रोदय 04:45 गुरु
सूर्योदय 06:13 सूर्यास्त 18:32 सूर्योदय 06:14 गुरु समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 17:07 चंद्रोदय 04:45 गुरु
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 17:07 पर अस्त हुआ; वह फिर 04:45 गुरु पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 17:07 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 04:45 गुरु पर उदय होगा।