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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल का पंचांग शनि 25 जुलाई 2026

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−3 में

द्वादशी

शुक्ल पक्ष · 05:28 रवि तक

फिर त्रयोदशी · 07:45 सोम तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

व्रत का पारण

देवशयनी एकादशी

पारण शनि 25 जुलाई, 09:40 से सूर्यास्त 17:57 तक
देवशयनी एकादशी: Ipameri में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:59 06:41 17:57अगला सूर्योदय 06:41 रवि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:41–08:06कालअशुभ
  • 08:06–09:30शुभ
  • 09:30–10:55रोगअशुभ
  • 10:55–12:19उद्वेगअशुभ
  • 12:19–13:43चरसामान्य
  • 13:43–15:08लाभयमगण्ड में
  • 15:08–16:32अमृतशुभ
  • 16:32–17:57कालअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:57–19:32लाभशुभ
  • 19:32–21:08उद्वेगअशुभ
  • 21:08–22:43शुभ
  • 22:43–00:19 रविअमृतशुभ
  • 00:19–01:54 रविचरसामान्य
  • 01:54–03:30 रविरोगअशुभ
  • 03:30–05:05 रविकालअशुभ
  • 05:05–06:41 रविलाभशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शनि 25 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:59–05:50, शुभ
  • काल, अशुभ, 06:41–08:06
  • शुभ, 08:06–09:30
  • रोग, अशुभ, 09:30–10:55
  • उद्वेग, अशुभ, 10:55–12:19
  • चर, सामान्य, 12:19–13:43
  • लाभ, शुभ, 13:43–15:08
  • अमृत, शुभ, 15:08–16:32
  • काल, अशुभ, 16:32–17:57
  • लाभ, शुभ, 17:57–19:32
  • उद्वेग, अशुभ, 19:32–21:08
  • शुभ, 21:08–22:43
  • अमृत, शुभ, 22:43–00:19 रवि
  • चर, सामान्य, 00:19–01:54 रवि
  • रोग, अशुभ, 01:54–03:30 रवि
  • काल, अशुभ, 03:30–05:05 रवि
  • लाभ, शुभ, 05:05–06:41 रवि
  • गुलिक काल, 06:41–08:06, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 06:41–07:26, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 07:26–08:11, अशुभ
  • राहु काल, 09:30–10:55, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:56–12:41, शुभ
  • यमगण्ड, 13:43–15:08, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:59–05:50 रवि

हर मान कैसे निकलता है

शनि 25 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल द्वादशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 133.6° आगे था: शुक्ल द्वादशी।

सूर्य अमावस्या 0° 133.6° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 133.6° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 132°–144° बारहवीं है, शुक्ल द्वादशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:41। एकादशी उससे पहले 03:04 पर समाप्त हुई। द्वादशी 05:28 रवि को समाप्त होगी, जब बढ़त 144° होगी। बढ़त 14 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

नई दिल्ली में एकादशी क्यों है?

नई दिल्ली में एकादशी है, Ipameri में द्वादशी।

एकादशी द्वादशी द्वादशी त्रयोदशी शनि 25 जुलाई सुबह रवि 26 जुलाई सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 11:34 03:04 13:58 05:28 05:38 एकादशी 05:39 द्वादशी 06:41 द्वादशी 06:41 त्रयोदशी
एकादशी द्वादशी द्वादशी त्रयोदशी शनि 25 जुलाई सुबह रवि 26 जुलाई सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 11:34 03:04 13:58 05:28 05:38 एकादशी 05:39 द्वादशी 06:41 द्वादशी 06:41 त्रयोदशी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:38, एकादशी की समाप्ति 11:34 से पहले हुआ: यह दिन एकादशी है।

Ipameri · UTC−3

यहाँ सूर्योदय, 06:41, एकादशी की समाप्ति 03:04 के बाद हुआ: यह दिन द्वादशी है।

शनि 25 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:59–05:50

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:59–05:50।

सूर्यास्त 17:56 शुक्र सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 24 जुलाई का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:56 शुक्र सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 24 जुलाई का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · शुक्रवार का दिन धुँधला

शुक्र 24 जुलाई की रात सूर्यास्त 17:56 शुक्र से सूर्योदय 06:41 तक थी, 12 घं 45 मि। इसे 51 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शनि 25 जुलाई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:56–12:41

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:56–12:41।

शनि 25 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 06:41–07:26

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:41–07:26 और 07:26–08:11।

शनि 25 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 07:26–08:11

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:41–07:26 और 07:26–08:11।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 1, 2

यहाँ दिन, 06:41 से 17:57, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 45 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 06:41–07:26 और 07:26–08:11।

शनि 25 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:41–08:06 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:41 से 17:57, 1 घं 24 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:57 से 06:41 रवि, 1 घं 35 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शनि 25 जुलाई को राहुकाल कब है? 09:30–10:55

राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:30–10:55।

शनि 25 जुलाई को यमगंड कब है? 13:43–15:08

यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:43–15:08।

शनि 25 जुलाई को गुलिक काल कब है? 06:41–08:06

गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 06:41–08:06।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 1, यमगण्ड 6

यहाँ दिन 06:41 से 17:57 तक है, 11 घं 16 मि। इसे 1 घं 24 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शनि 25 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 06:41

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:41, सूर्यास्त 17:57, 11 घं 16 मि का दिन।

शनि 25 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:57

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:41, सूर्यास्त 17:57, 11 घं 16 मि का दिन।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:21 रवि चंद्रोदय 14:35
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:21 रवि चंद्रोदय 14:35
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 16 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 44 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 16 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 44 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शनि 25 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? ज्येष्ठा

सूर्योदय पर चंद्रमा 231.9° पर था: ज्येष्ठा, पद 2।

चंद्रमा सूर्य 0° ज्येष्ठा चंद्रमा 231.9° अगला: मूल पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° ज्येष्ठा चंद्रमा 231.9° अगला: मूल पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। ज्येष्ठा 226°40′–240°00′ तक है; चंद्रमा 230° पर उसके पद 2 में आया। वह 23:05 को निकलेगा, मूल में।

शनि 25 जुलाई को कौन सा योग है? ब्रह्म

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 330.2° थे: ब्रह्म।

सूर्य 98.3° + चंद्रमा 231.9° = 330.2° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 98.3° + चंद्रमा 231.9° = 330.2° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 98.3° + 231.9° = 330.2°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 320°00′–333°20′ पच्चीसवाँ है, ब्रह्म। यह 12:38 को समाप्त होता है, फिर इन्द्र।

शनि 25 जुलाई को कौन सा करण है? बव

सूर्योदय पर बढ़त 133.6° थी: द्वादशी का पहला आधा, बव।

सूर्य अमावस्या 0° 133.6° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° बव 132°–138° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 133.6° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° बव 132°–138° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वादशी का पहला आधा बव है और दूसरा बालव। बव 16:16 तक है, जब बढ़त 138° होगी; बालव 05:28 रवि तक।

शनि 25 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार

यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 06:41, पर शुरू हुआ: शनिवार।

शनिवार सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
शनिवार सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:41 से 06:41 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।

शनि 25 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? आषाढ़

यह मास 14 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य मिथुन में था: आषाढ़।

1 2 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन कर्क
1 2 5 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी मिथुन कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: मिथुन से आषाढ़। सूर्य 16 जुलाई को, मास के भीतर, कर्क में जाता है। अगली अमावस्या, 12 अगस्त, उसे कर्क में पाती है और श्रावण शुरू करती है।

शनि 25 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? आषाढ़

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष आषाढ़ का है।

अमान्त आषाढ़ पूर्णिमान्त आषाढ़ कृष्ण शुक्ल शनि 25 जुलाई पूर्णिमा 29 जून अमावस्या 14 जुल॰ पूर्णिमा 29 जुल॰ अमावस्या 12 अग॰
अमान्त आषाढ़ पूर्णिमान्त आषाढ़ कृष्ण शुक्ल शनि 25 जुलाई पूर्णिमा 29 जून अमावस्या 14 जुल॰ पूर्णिमा 29 जुल॰ अमावस्या 12 अग॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 14 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य मिथुन में, आषाढ़ शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में आषाढ़ है।

शनि 25 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 2083 · शक 1948

विक्रम संवत 2083 18 मार्च 2026 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 18 मार्च 2026 22:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 25 जुलाई सूर्य 98.3° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 18 मार्च 2026 22:23 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 25 जुलाई सूर्य 98.3° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 18 मार्च 2026, 22:23 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 124.1° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2083 गिनता है; शक संवत 1948।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शनि 25 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 14:35

चंद्रमा यहाँ 14:35 पर उदय होता है।

शनि 25 जुलाई को चंद्रास्त कितने बजे है? 04:21 रवि

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:21 रवि चंद्रोदय 14:35
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:57 सूर्योदय 06:41 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:21 रवि चंद्रोदय 14:35
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 14:35 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 04:21 रवि पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 14:35 पर उदय हुआ; वह फिर 04:21 रवि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।