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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल का पंचांग शुक्र 24 जुलाई 2020

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−3 में

पञ्चमी

शुक्ल पक्ष · 03:32 शनि तक

फिर षष्ठी · 01:02 रवि तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

त्योहार

नाग पंचमी

नाग पंचमी शुक्र 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पञ्चमी है। शुक्र 24 जुलाई क्यों?

नाग पंचमी: Ipameri में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:59 06:41 17:56अगला सूर्योदय 06:41 शनि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:41–08:06चरसामान्य
  • 08:06–09:30लाभगुलिक काल में
  • 09:30–10:55अमृतशुभ
  • 10:55–12:19कालअशुभ
  • 12:19–13:43शुभ
  • 13:43–15:08रोगअशुभ
  • 15:08–16:32उद्वेगअशुभ
  • 16:32–17:56चरसामान्य

रात का चौघड़िया

  • 17:56–19:32रोगअशुभ
  • 19:32–21:08कालअशुभ
  • 21:08–22:43लाभशुभ
  • 22:43–00:19 शनिउद्वेगअशुभ
  • 00:19–01:54 शनिशुभ
  • 01:54–03:30 शनिअमृतशुभ
  • 03:30–05:06 शनिचरसामान्य
  • 05:06–06:41 शनिरोगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शुक्र 24 जुलाई: ब्रह्म मुहूर्त, 04:59–05:50, शुभ
  • चर, सामान्य, 06:41–08:06
  • लाभ, शुभ, 08:06–09:30
  • अमृत, शुभ, 09:30–10:55
  • काल, अशुभ, 10:55–12:19
  • शुभ, 12:19–13:43
  • रोग, अशुभ, 13:43–15:08
  • उद्वेग, अशुभ, 15:08–16:32
  • चर, सामान्य, 16:32–17:56
  • रोग, अशुभ, 17:56–19:32
  • काल, अशुभ, 19:32–21:08
  • लाभ, शुभ, 21:08–22:43
  • उद्वेग, अशुभ, 22:43–00:19 शनि
  • शुभ, 00:19–01:54 शनि
  • अमृत, शुभ, 01:54–03:30 शनि
  • चर, सामान्य, 03:30–05:06 शनि
  • रोग, अशुभ, 05:06–06:41 शनि
  • गुलिक काल, 08:06–09:30, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 08:56–09:41, अशुभ
  • राहु काल, 10:55–12:19, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:56–12:41, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 12:41–13:26, अशुभ
  • यमगण्ड, 15:08–16:32, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:59–05:50 शनि

हर मान कैसे निकलता है

Ipameri में नाग पंचमी शुक्र 24 जुलाई को क्यों है?

नाग पंचमी शुक्र 24 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर पञ्चमी है।

चतुर्थी पञ्चमी 06:04 05:00 07:00 08:00 शुक्र 24 जुलाई स्मार्त · वैष्णव सूर्योदय 06:41
चतुर्थी पञ्चमी 06:04 05:00 07:00 08:00 शुक्र 24 जुलाई स्मार्त · वैष्णव सूर्योदय 06:41
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−3)। पट्टी: तिथि। रेखा: सूर्योदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

नाग पंचमी सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। पञ्चमी शुक्र 24 जुलाई को 06:04 से शनि 25 जुलाई को 03:32 तक है, इसलिए वह केवल शुक्र 24 जुलाई के सूर्योदय (06:41) पर है। नाग पंचमी का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।

नाग पंचमी: Ipameri में हर तारीख़

शुक्र 24 जुलाई को कौन सी तिथि है? शुक्ल पञ्चमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 48.3° आगे था: शुक्ल पञ्चमी।

सूर्य अमावस्या 0° 48.3° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण पञ्चमी 48°–60° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 48.3° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण पञ्चमी 48°–60° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 48°–60° पाँचवीं है, शुक्ल पञ्चमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:41। चतुर्थी उससे पहले 06:04 पर समाप्त हुई। पञ्चमी 03:32 शनि को समाप्त होगी, जब बढ़त 60° होगी। बढ़त 20 जुलाई की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

नई दिल्ली में चतुर्थी क्यों है?

नई दिल्ली में चतुर्थी है, Ipameri में पञ्चमी।

चतुर्थी पञ्चमी पञ्चमी षष्ठी शुक्र 24 जुलाई सुबह शनि 25 जुलाई सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 14:34 06:04 12:02 03:32 05:38 चतुर्थी 05:38 पञ्चमी 06:41 पञ्चमी 06:41 षष्ठी
चतुर्थी पञ्चमी पञ्चमी षष्ठी शुक्र 24 जुलाई सुबह शनि 25 जुलाई सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−3 14:34 06:04 12:02 03:32 05:38 चतुर्थी 05:38 पञ्चमी 06:41 पञ्चमी 06:41 षष्ठी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:38, चतुर्थी की समाप्ति 14:34 से पहले हुआ: यह दिन चतुर्थी है।

Ipameri · UTC−3

यहाँ सूर्योदय, 06:41, चतुर्थी की समाप्ति 06:04 के बाद हुआ: यह दिन पञ्चमी है।

शुक्र 24 जुलाई को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:59–05:50

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:59–05:50।

सूर्यास्त 17:56 गुरु सूर्योदय 06:41 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 23 जुलाई का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:56 गुरु सूर्योदय 06:41 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 23 जुलाई का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · गुरुवार का दिन धुँधला

गुरु 23 जुलाई की रात सूर्यास्त 17:56 गुरु से सूर्योदय 06:41 तक थी, 12 घं 45 मि। इसे 51 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शुक्र 24 जुलाई को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:56–12:41

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:56–12:41।

शुक्र 24 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 08:56–09:41

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:56–09:41 और 12:41–13:26।

शुक्र 24 जुलाई को दुर्मुहूर्त कब है? 12:41–13:26

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:56–09:41 और 12:41–13:26।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 9

यहाँ दिन, 06:41 से 17:56, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 45 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 08:56–09:41 और 12:41–13:26।

शुक्र 24 जुलाई का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:41–08:06 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:41 से 17:56, 1 घं 24 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:56 से 06:41 शनि, 1 घं 35 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शुक्र 24 जुलाई को राहुकाल कब है? 10:55–12:19

राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:55–12:19।

शुक्र 24 जुलाई को यमगंड कब है? 15:08–16:32

यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:08–16:32।

शुक्र 24 जुलाई को गुलिक काल कब है? 08:06–09:30

गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 08:06–09:30।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 2, यमगण्ड 7

यहाँ दिन 06:41 से 17:56 तक है, 11 घं 15 मि। इसे 1 घं 24 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शुक्र 24 जुलाई को सूर्योदय कितने बजे है? 06:41

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:41, सूर्यास्त 17:56, 11 घं 15 मि का दिन।

शुक्र 24 जुलाई को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:56

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:41, सूर्यास्त 17:56, 11 घं 15 मि का दिन।

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 21:59 चंद्रोदय 09:52
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 21:59 चंद्रोदय 09:52
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 15 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 45 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 15 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 45 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा नक्षत्र है? पूर्वाफाल्गुनी

सूर्योदय पर चंद्रमा 146.2° पर था: पूर्वाफाल्गुनी, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° पूर्वाफाल्गुनी चंद्रमा 146.2° अगला: उत्तराफाल्गुनी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° पूर्वाफाल्गुनी चंद्रमा 146.2° अगला: उत्तराफाल्गुनी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। पूर्वाफाल्गुनी 133°20′–146°40′ तक है; चंद्रमा 143°20′ पर उसके पद 4 में आया। वह 07:32 को निकलेगा, उत्तराफाल्गुनी में।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा योग है? परिघ

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 244° थे: परिघ।

सूर्य 97.8° + चंद्रमा 146.2° = 244.0° परिघ 240°00′–253°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 97.8° + चंद्रमा 146.2° = 244.0° परिघ 240°00′–253°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 97.8° + 146.2° = 244°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 240°00′–253°20′ उन्नीसवाँ है, परिघ। यह 21:21 को समाप्त होता है, फिर शिव।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा करण है? बव

सूर्योदय पर बढ़त 48.3° थी: पञ्चमी का पहला आधा, बव।

सूर्य अमावस्या 0° 48.3° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण पञ्चमी 48°–60° बव 48°–54° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 48.3° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण पञ्चमी 48°–60° बव 48°–54° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए पञ्चमी का पहला आधा बव है और दूसरा बालव। बव 16:48 तक है, जब बढ़त 54° होगी; बालव 03:32 शनि तक।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार

यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 06:41, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।

शुक्रवार सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
शुक्रवार सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:41 से 06:41 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण

यह मास 20 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कर्क में था: श्रावण।

1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कर्क से श्रावण। सूर्य 16 अगस्त को, मास के भीतर, सिंह में जाता है। अगली अमावस्या, 18 अगस्त, उसे सिंह में पाती है और भाद्रपद शुरू करती है।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? श्रावण

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष श्रावण का है।

अमान्त श्रावण पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल शुक्र 24 जुलाई पूर्णिमा 5 जुल॰ अमावस्या 20 जुल॰ पूर्णिमा 3 अग॰ अमावस्या 18 अग॰
अमान्त श्रावण पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल शुक्र 24 जुलाई पूर्णिमा 5 जुल॰ अमावस्या 20 जुल॰ पूर्णिमा 3 अग॰ अमावस्या 18 अग॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 20 जुलाई की अमावस्या ने, सूर्य कर्क में, श्रावण शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में श्रावण है।

शुक्र 24 जुलाई को कौन सा संवत है? विक्रम 2077 · शक 1942

विक्रम संवत 2077 24 मार्च 2020 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2020 06:28 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 24 जुलाई सूर्य 97.8° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2020 06:28 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 24 जुलाई सूर्य 97.8° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 24 मार्च 2020, 06:28 मंगल। तब से सूर्य तारों के बीच 117.7° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2077 गिनता है; शक संवत 1942।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शुक्र 24 जुलाई को चंद्रोदय कितने बजे है? 09:52

चंद्रमा यहाँ 09:52 पर उदय होता है।

शुक्र 24 जुलाई को चंद्रास्त कितने बजे है? 21:59

सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 21:59 चंद्रोदय 09:52
सूर्योदय 06:41 सूर्यास्त 17:56 सूर्योदय 06:41 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 21:59 चंद्रोदय 09:52
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 09:52 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 21:59 पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 09:52 पर उदय हुआ; वह फिर 21:59 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।