tithika
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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल का पंचांग शनि 2 दिसंबर 2006

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−2 में

त्रयोदशी

शुक्ल पक्ष · 03:20 रवि तक

फिर चतुर्दशी · 00:45 सोम तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

व्रत

प्रदोष व्रत

प्रदोष पूजा मुहूर्त
19:35⁠–⁠21:46
प्रदोष काल 19:35⁠–⁠21:46

प्रदोष व्रत शनि 2 दिसंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं। शनि 2 दिसंबर क्यों?

प्रदोष व्रत: Ipameri में हर तारीख़

व्रत का पारण

मोक्षदा एकादशी

पारण शनि 2 दिसंबर, अरुणोदय 04:52 से 06:02 तक
मोक्षदा एकादशी: Ipameri में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

05:01 06:28 19:35अगला सूर्योदय 06:28 रवि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:28–08:07कालअशुभ
  • 08:07–09:45शुभ
  • 09:45–11:23रोगअशुभ
  • 11:23–13:02उद्वेगअशुभ
  • 13:02–14:40चरसामान्य
  • 14:40–16:19लाभयमगण्ड में
  • 16:19–17:57अमृतशुभ
  • 17:57–19:35कालअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 19:35–20:57लाभशुभ
  • 20:57–22:19उद्वेगअशुभ
  • 22:19–23:40शुभ
  • 23:40–01:02 रविअमृतशुभ
  • 01:02–02:24 रविचरसामान्य
  • 02:24–03:45 रविरोगअशुभ
  • 03:45–05:07 रविकालअशुभ
  • 05:07–06:28 रविलाभशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शनि 2 दिसंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 05:01–05:45, शुभ
  • काल, अशुभ, 06:28–08:07
  • शुभ, 08:07–09:45
  • रोग, अशुभ, 09:45–11:23
  • उद्वेग, अशुभ, 11:23–13:02
  • चर, सामान्य, 13:02–14:40
  • लाभ, शुभ, 14:40–16:19
  • अमृत, शुभ, 16:19–17:57
  • काल, अशुभ, 17:57–19:35
  • लाभ, शुभ, 19:35–20:57
  • उद्वेग, अशुभ, 20:57–22:19
  • शुभ, 22:19–23:40
  • अमृत, शुभ, 23:40–01:02 रवि
  • चर, सामान्य, 01:02–02:24 रवि
  • रोग, अशुभ, 02:24–03:45 रवि
  • काल, अशुभ, 03:45–05:07 रवि
  • लाभ, शुभ, 05:07–06:28 रवि
  • गुलिक काल, 06:28–08:07, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 06:28–07:21, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 07:21–08:13, अशुभ
  • राहु काल, 09:45–11:23, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 12:36–13:28, शुभ
  • यमगण्ड, 14:40–16:19, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 05:01–05:45 रवि

हर मान कैसे निकलता है

Ipameri में प्रदोष व्रत शनि 2 दिसंबर को क्यों है?

प्रदोष व्रत शनि 2 दिसंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।

द्वादशी 18:00 19:00 20:00 21:00 22:00 23:00 शुक्र 1 दिसंबर प्रदोष काल 19:35–21:45
द्वादशी 18:00 20:00 22:00 शुक्र 1 दिसंबर प्रदोष काल 19:35–21:45
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−2)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी शनि 2 दिसंबर को 06:02 से रवि 3 दिसंबर को 03:20 तक है, इसलिए केवल शनिवार का प्रदोष काल (19:35–21:46) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

प्रदोष व्रत: Ipameri में हर तारीख़

शनि 2 दिसंबर को कौन सी तिथि है? शुक्ल त्रयोदशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 144.2° आगे था: शुक्ल त्रयोदशी।

सूर्य अमावस्या 0° 144.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण त्रयोदशी 144°–156° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 144.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण त्रयोदशी 144°–156° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 144°–156° तेरहवीं है, शुक्ल त्रयोदशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:28। द्वादशी उससे पहले 06:02 पर समाप्त हुई। त्रयोदशी 03:20 रवि को समाप्त होगी, जब बढ़त 156° होगी। बढ़त 20 नवंबर की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

नई दिल्ली में द्वादशी क्यों है?

नई दिल्ली में द्वादशी है, Ipameri में त्रयोदशी।

द्वादशी त्रयोदशी त्रयोदशी चतुर्दशी शनि 2 दिसंबर सुबह रवि 3 दिसंबर सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−2 13:32 06:02 10:50 03:20 06:56 द्वादशी 06:57 त्रयोदशी 06:28 त्रयोदशी 06:28 चतुर्दशी
द्वादशी त्रयोदशी त्रयोदशी चतुर्दशी शनि 2 दिसंबर सुबह रवि 3 दिसंबर सुबह नई दिल्ली IST Ipameri UTC−2 13:32 06:02 10:50 03:20 06:56 द्वादशी 06:57 त्रयोदशी 06:28 त्रयोदशी 06:28 चतुर्दशी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 06:56, द्वादशी की समाप्ति 13:32 से पहले हुआ: यह दिन द्वादशी है।

Ipameri · UTC−2

यहाँ सूर्योदय, 06:28, द्वादशी की समाप्ति 06:02 के बाद हुआ: यह दिन त्रयोदशी है।

शनि 2 दिसंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 05:01–05:45

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 05:01–05:45।

सूर्यास्त 19:35 शुक्र सूर्योदय 06:28 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 1 दिसंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 19:35 शुक्र सूर्योदय 06:28 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 1 दिसंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · शुक्रवार का दिन धुँधला

शुक्र 1 दिसंबर की रात सूर्यास्त 19:35 शुक्र से सूर्योदय 06:28 तक थी, 10 घं 53 मि। इसे 43 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शनि 2 दिसंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 12:36–13:28

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 12:36–13:28।

शनि 2 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 06:28–07:21

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:28–07:21 और 07:21–08:13।

शनि 2 दिसंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 07:21–08:13

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:28–07:21 और 07:21–08:13।

सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 1, 2

यहाँ दिन, 06:28 से 19:35, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 52 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 06:28–07:21 और 07:21–08:13।

शनि 2 दिसंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:28–08:07 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:28 से 19:35, 1 घं 38 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 19:35 से 06:28 रवि, 1 घं 21 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शनि 2 दिसंबर को राहुकाल कब है? 09:45–11:23

राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:45–11:23।

शनि 2 दिसंबर को यमगंड कब है? 14:40–16:19

यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 14:40–16:19।

शनि 2 दिसंबर को गुलिक काल कब है? 06:28–08:07

गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 06:28–08:07।

सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 1, यमगण्ड 6

यहाँ दिन 06:28 से 19:35 तक है, 13 घं 7 मि। इसे 1 घं 38 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शनि 2 दिसंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 06:28

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:28, सूर्यास्त 19:35, 13 घं 7 मि का दिन।

शनि 2 दिसंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 19:35

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:28, सूर्यास्त 19:35, 13 घं 7 मि का दिन।

सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:52 रवि चंद्रोदय 17:21
सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:52 रवि चंद्रोदय 17:21
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 7 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 53 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 13 घं 7 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 10 घं 53 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा नक्षत्र है? अश्विनी

सूर्योदय पर चंद्रमा 10.3° पर था: अश्विनी, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° अश्विनी चंद्रमा 10.3° अगला: भरणी पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° अश्विनी चंद्रमा 10.3° अगला: भरणी पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। अश्विनी 0°00′–13°20′ तक है; चंद्रमा 10° पर उसके पद 4 में आया। वह 11:28 को निकलेगा, भरणी में।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा योग है? वरीयान्

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 236.4° थे: वरीयान्।

सूर्य 226.1° + चंद्रमा 10.3° = 236.4° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 226.1° + चंद्रमा 10.3° = 236.4° वरीयान् 226°40′–240°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 226.1° + 10.3° = 236.4°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 226°40′–240°00′ अठारहवाँ है, वरीयान्। यह 12:04 को समाप्त होता है, फिर परिघ।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा करण है? कौलव

सूर्योदय पर बढ़त 144.2° थी: त्रयोदशी का पहला आधा, कौलव।

सूर्य अमावस्या 0° 144.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण त्रयोदशी 144°–156° कौलव 144°–150° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 144.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण त्रयोदशी 144°–156° कौलव 144°–150° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए त्रयोदशी का पहला आधा कौलव है और दूसरा तैतिल। कौलव 16:41 तक है, जब बढ़त 150° होगी; तैतिल 03:20 रवि तक।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार

यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 06:28, पर शुरू हुआ: शनिवार।

शनिवार सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
शनिवार सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:28 से 06:28 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? मार्गशीर्ष

यह मास 20 नवंबर की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य वृश्चिक में था: मार्गशीर्ष।

1 2 3 4 5 6 7 वृश्चिक 10 11 12 0° पृथ्वी धनु
1 2 3 4 5 6 7 वृश्चिक 10 11 12 0° पृथ्वी धनु
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: वृश्चिक से मार्गशीर्ष। सूर्य 15 दिसंबर को, मास के भीतर, धनु में जाता है। अगली अमावस्या, 20 दिसंबर, उसे धनु में पाती है और पौष शुरू करती है।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? मार्गशीर्ष

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष मार्गशीर्ष का है।

अमान्त मार्गशीर्ष पूर्णिमान्त मार्गशीर्ष कृष्ण शुक्ल शनि 2 दिसंबर पूर्णिमा 5 नव॰ अमावस्या 20 नव॰ पूर्णिमा 4 दिस॰ अमावस्या 20 दिस॰
अमान्त मार्गशीर्ष पूर्णिमान्त मार्गशीर्ष कृष्ण शुक्ल शनि 2 दिसंबर पूर्णिमा 5 नव॰ अमावस्या 20 नव॰ पूर्णिमा 4 दिस॰ अमावस्या 20 दिस॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 20 नवंबर की अमावस्या ने, सूर्य वृश्चिक में, मार्गशीर्ष शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में मार्गशीर्ष है।

शनि 2 दिसंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 2063 · शक 1928

विक्रम संवत 2063 29 मार्च 2006 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 29 मार्च 2006 07:15 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 2 दिसंबर सूर्य 226.1° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 29 मार्च 2006 07:15 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 2 दिसंबर सूर्य 226.1° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 29 मार्च 2006, 07:15 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 241.5° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2063 गिनता है; शक संवत 1928।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शनि 2 दिसंबर को चंद्रोदय कितने बजे है? 17:21

चंद्रमा यहाँ 17:21 पर उदय होता है।

शनि 2 दिसंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 04:52 रवि

सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:52 रवि चंद्रोदय 17:21
सूर्योदय 06:28 सूर्यास्त 19:35 सूर्योदय 06:28 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 04:52 रवि चंद्रोदय 17:21
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 17:21 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 04:52 रवि पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 17:21 पर उदय हुआ; वह फिर 04:52 रवि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।