tithika
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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल का पंचांग सोम 6 अगस्त 2001

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−3 में

द्वितीया

कृष्ण पक्ष · 07:46 तक

फिर तृतीया · 10:09 मंगल तक

द्वितीया यहाँ दो सूर्योदयों तक है कारण जानें

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:56 06:36 18:00अगला सूर्योदय 06:36 मंगल

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:36–08:02अमृतशुभ
  • 08:02–09:27कालअशुभ
  • 09:27–10:53शुभ
  • 10:53–12:18रोगअशुभ
  • 12:18–13:44उद्वेगअशुभ
  • 13:44–15:09चरसामान्य
  • 15:09–16:35लाभशुभ
  • 16:35–18:00अमृतशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:00–19:35चरसामान्य
  • 19:35–21:09रोगअशुभ
  • 21:09–22:44कालअशुभ
  • 22:44–00:18 मंगललाभशुभ
  • 00:18–01:52 मंगलउद्वेगअशुभ
  • 01:52–03:27 मंगलशुभ
  • 03:27–05:01 मंगलअमृतशुभ
  • 05:01–06:36 मंगलचरसामान्य

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, सोम 6 अगस्त: ब्रह्म मुहूर्त, 04:56–05:46, शुभ
  • अमृत, शुभ, 06:36–08:02
  • काल, अशुभ, 08:02–09:27
  • शुभ, 09:27–10:53
  • रोग, अशुभ, 10:53–12:18
  • उद्वेग, अशुभ, 12:18–13:44
  • चर, सामान्य, 13:44–15:09
  • लाभ, शुभ, 15:09–16:35
  • अमृत, शुभ, 16:35–18:00
  • चर, सामान्य, 18:00–19:35
  • रोग, अशुभ, 19:35–21:09
  • काल, अशुभ, 21:09–22:44
  • लाभ, शुभ, 22:44–00:18 मंगल
  • उद्वेग, अशुभ, 00:18–01:52 मंगल
  • शुभ, 01:52–03:27 मंगल
  • अमृत, शुभ, 03:27–05:01 मंगल
  • चर, सामान्य, 05:01–06:36 मंगल
  • राहु काल, 08:02–09:27, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:53–12:18, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:55–12:41, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 12:41–13:27, अशुभ
  • गुलिक काल, 13:44–15:09, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 14:58–15:43, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:55–05:46 मंगल

हर मान कैसे निकलता है

सोम 6 अगस्त को कौन सी तिथि है? कृष्ण द्वितीया

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 203.5° आगे था: कृष्ण द्वितीया।

सूर्य अमावस्या 0° 203.5° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वितीया 192°–204° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 203.5° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वितीया 192°–204° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 192°–204° सत्रहवीं है, कृष्ण द्वितीया। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:36। प्रतिपदा उससे पहले 05:20 रवि पर समाप्त हुई। द्वितीया 07:46 को समाप्त होगी, जब बढ़त 204° होगी। बढ़त 4 अगस्त की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

द्वितीया दो सूर्योदयों पर क्यों है?

द्वितीया यहाँ रवि 5 और सोम 6 अगस्त दोनों के सूर्योदय पर है।

प्रतिपदा द्वितीया द्वितीया तृतीया रवि 5 अगस्त सुबह सोम 6 अगस्त सुबह Ipameri UTC−3 05:20 07:46 06:37 द्वितीया 06:36 द्वितीया द्वितीया इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
प्रतिपदा द्वितीया द्वितीया तृतीया रवि 5 अगस्त सुबह सोम 6 अगस्त सुबह Ipameri UTC−3 05:20 07:46 06:37 द्वितीया 06:36 द्वितीया द्वितीया इस सूर्योदय पर है और इस पर भी
समय नीचे की ओर · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। द्वितीया 05:20 रवि को, सूर्योदय 06:37 रवि से पहले, शुरू हुई और 07:46 को, अगले सूर्योदय 06:36 के बाद, समाप्त होगी। दोनों दिन द्वितीया है: यह यहाँ वृद्धि तिथि है।

सोम 6 अगस्त को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:56–05:46

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:56–05:46।

सूर्यास्त 18:00 रवि सूर्योदय 06:36 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 5 अगस्त का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:00 रवि सूर्योदय 06:36 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 5 अगस्त का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · रविवार का दिन धुँधला

रवि 5 अगस्त की रात सूर्यास्त 18:00 रवि से सूर्योदय 06:36 तक थी, 12 घं 36 मि। इसे 50 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

सोम 6 अगस्त को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:55–12:41

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:55–12:41।

सोम 6 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 12:41–13:27

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:41–13:27 और 14:58–15:43।

सोम 6 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 14:58–15:43

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:41–13:27 और 14:58–15:43।

सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 12 1
सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 9, 12

यहाँ दिन, 06:36 से 18:00, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 45 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। सोमवार को दुर्मुहूर्त नौवाँ और बारहवाँ है, 12:41–13:27 और 14:58–15:43।

सोम 6 अगस्त का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:36–08:02 अमृत है, जिसके स्वामी चंद्र हैं, सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:36 से 18:00, 1 घं 25 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:00 से 06:36 मंगल, 1 घं 34 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

सोम 6 अगस्त को राहुकाल कब है? 08:02–09:27

राहु काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 08:02–09:27।

सोम 6 अगस्त को यमगंड कब है? 10:53–12:18

यमगण्ड सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:53–12:18।

सोम 6 अगस्त को गुलिक काल कब है? 13:44–15:09

गुलिक काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:44–15:09।

सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 4, गुलिक काल 6

यहाँ दिन 06:36 से 18:00 तक है, 11 घं 24 मि। इसे 1 घं 25 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: सोमवार को राहु काल दूसरा भाग है, यमगण्ड चौथा और गुलिक काल छठा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

सोम 6 अगस्त को सूर्योदय कितने बजे है? 06:36

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:36, सूर्यास्त 18:00, 11 घं 24 मि का दिन।

सोम 6 अगस्त को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:00

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:36, सूर्यास्त 18:00, 11 घं 24 मि का दिन।

सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:15 चंद्रोदय 20:06
सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:15 चंद्रोदय 20:06
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 24 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 36 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 24 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 36 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सोम 6 अगस्त को कौन सा नक्षत्र है? शतभिषा

सूर्योदय पर चंद्रमा 313.6° पर था: शतभिषा, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° शतभिषा चंद्रमा 313.6° अगला: पूर्व भाद्रपद पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° शतभिषा चंद्रमा 313.6° अगला: पूर्व भाद्रपद पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। शतभिषा 306°40′–320°00′ तक है; चंद्रमा 313°20′ पर उसके पद 3 में आया। वह 19:35 को निकलेगा, पूर्व भाद्रपद में।

सोम 6 अगस्त को कौन सा योग है? शोभन

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 423.7° थे, एक चक्कर और 63.7°: शोभन।

सूर्य 110.1° + चंद्रमा 313.6° = 423.7° एक चक्कर + 63.7° शोभन 53°20′–66°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 110.1° + चंद्रमा 313.6° = 423.7° एक चक्कर + 63.7° शोभन 53°20′–66°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 110.1° + 313.6° = 423.7°, एक पूरा चक्कर और 63.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 53°20′–66°40′ पाँचवाँ है, शोभन। यह 12:09 को समाप्त होता है, फिर अतिगण्ड।

सोम 6 अगस्त को कौन सा करण है? गर

सूर्योदय पर बढ़त 203.5° थी: द्वितीया का दूसरा आधा, गर।

सूर्य अमावस्या 0° 203.5° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वितीया 192°–204° गर 198°–204° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 203.5° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल द्वितीया 192°–204° गर 198°–204° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वितीया का पहला आधा तैतिल है और दूसरा गर। तैतिल 18:33 रवि पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 198° हुई; गर 07:46 तक है।

सोम 6 अगस्त को कौन सा वार है, और कब से? सोमवार

यह दिन सोमवार को सूर्योदय, 06:36, पर शुरू हुआ: सोमवार।

सोमवार सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
सोमवार सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:36 से 06:36 मंगल तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी सोमवार के हैं।

सोम 6 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? श्रावण

यह मास 20 जुलाई की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कर्क में था: श्रावण।

1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
1 2 3 सिंह 6 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी कर्क
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कर्क से श्रावण। सूर्य 16 अगस्त को, मास के भीतर, सिंह में जाता है। अगली अमावस्या, 18 अगस्त, उसे सिंह में पाती है और भाद्रपद शुरू करती है।

सोम 6 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? भाद्रपद

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष भाद्रपद का है।

अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल सोम 6 अगस्त अमावस्या 20 जुल॰ पूर्णिमा 4 अग॰ अमावस्या 18 अग॰ पूर्णिमा 2 सित॰
अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त श्रावण कृष्ण शुक्ल सोम 6 अगस्त अमावस्या 20 जुल॰ पूर्णिमा 4 अग॰ अमावस्या 18 अग॰ पूर्णिमा 2 सित॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 18 अगस्त की अमावस्या, सूर्य सिंह में, भाद्रपद शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ भाद्रपद है, और अमान्त गणना में श्रावण।

सोम 6 अगस्त को कौन सा संवत है? विक्रम 2058 · शक 1923

विक्रम संवत 2058 24 मार्च 2001 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2001 22:21 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 6 अगस्त सूर्य 110.1° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2001 22:21 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 6 अगस्त सूर्य 110.1° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 24 मार्च 2001, 22:21 शनि। तब से सूर्य तारों के बीच 129.5° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2058 गिनता है; शक संवत 1923।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

सोम 6 अगस्त को चंद्रोदय कितने बजे है? 20:06

चंद्रमा यहाँ 20:06 पर उदय होता है।

सोम 6 अगस्त को चंद्रास्त कितने बजे है? 08:15

सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:15 चंद्रोदय 20:06
सूर्योदय 06:36 सूर्यास्त 18:00 सूर्योदय 06:36 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:15 चंद्रोदय 20:06
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:15 पर अस्त हुआ; वह फिर 20:06 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:15 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 20:06 पर उदय होगा।