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दिफ्फा, नाइजर का पंचांग शनि 29 मार्च 2025

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय WAT में

अमावस्या

कृष्ण पक्ष · 11:57 तक

फिर प्रतिपदा · 08:19 रवि तक

व्रत

अमावस्या

अमावस्या शनि 29 मार्च को है: उस दिन सूर्योदय पर अमावस्या है। शनि 29 मार्च क्यों?

अमावस्या: दिफ्फा में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:33 06:07 18:21अगला सूर्योदय 06:06 रवि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:07–07:39कालअशुभ
  • 07:39–09:11शुभ
  • 09:11–10:42रोगअशुभ
  • 10:42–12:14उद्वेगअशुभ
  • 12:14–13:46चरसामान्य
  • 13:46–15:17लाभयमगण्ड में
  • 15:17–16:49अमृतशुभ
  • 16:49–18:21कालअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 18:21–19:49लाभशुभ
  • 19:49–21:17उद्वेगअशुभ
  • 21:17–22:45शुभ
  • 22:45–00:14 रविअमृतशुभ
  • 00:14–01:42 रविचरसामान्य
  • 01:42–03:10 रविरोगअशुभ
  • 03:10–04:38 रविकालअशुभ
  • 04:38–06:06 रविलाभशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शनि 29 मार्च: ब्रह्म मुहूर्त, 04:33–05:20, शुभ
  • काल, अशुभ, 06:07–07:39
  • शुभ, 07:39–09:11
  • रोग, अशुभ, 09:11–10:42
  • उद्वेग, अशुभ, 10:42–12:14
  • चर, सामान्य, 12:14–13:46
  • लाभ, शुभ, 13:46–15:17
  • अमृत, शुभ, 15:17–16:49
  • काल, अशुभ, 16:49–18:21
  • लाभ, शुभ, 18:21–19:49
  • उद्वेग, अशुभ, 19:49–21:17
  • शुभ, 21:17–22:45
  • अमृत, शुभ, 22:45–00:14 रवि
  • चर, सामान्य, 00:14–01:42 रवि
  • रोग, अशुभ, 01:42–03:10 रवि
  • काल, अशुभ, 03:10–04:38 रवि
  • लाभ, शुभ, 04:38–06:06 रवि
  • गुलिक काल, 06:07–07:39, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 06:07–06:56, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 06:56–07:45, अशुभ
  • राहु काल, 09:11–10:42, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:49–12:38, शुभ
  • यमगण्ड, 13:46–15:17, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:32–05:19 रवि

हर मान कैसे निकलता है

दिफ्फा में अमावस्या शनि 29 मार्च को क्यों है?

अमावस्या शनि 29 मार्च को है: उस दिन सूर्योदय पर अमावस्या है।

चतुर्दशी 05:00 06:00 07:00 08:00 शुक्र 28 मार्च सूर्योदय 06:08
चतुर्दशी 05:00 06:00 07:00 08:00 शुक्र 28 मार्च सूर्योदय 06:08
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। रेखा: सूर्योदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

अमावस्या सूर्योदय की तिथि से मानी जाती है। अमावस्या शुक्र 28 मार्च को 15:25 से शनि 29 मार्च को 11:57 तक है, इसलिए वह केवल शनि 29 मार्च के सूर्योदय (06:07) पर है। अमावस्या का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; सूर्योदय Tithika की परिपाटी है।

अमावस्या: दिफ्फा में हर तारीख़

शनि 29 मार्च को कौन सी तिथि है? कृष्ण अमावस्या

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 356.6° आगे था: कृष्ण अमावस्या।

सूर्य अमावस्या 0° 356.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 356.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 348°–360° तीसवीं है, कृष्ण अमावस्या। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:07। चतुर्दशी उससे पहले 15:25 शुक्र पर समाप्त हुई। अमावस्या 11:57 को समाप्त होगी, जब बढ़त 360° होगी। बढ़त 14 मार्च की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

शनि 29 मार्च को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:33–05:20

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:33–05:20।

सूर्यास्त 18:21 शुक्र सूर्योदय 06:07 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 28 मार्च का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:21 शुक्र सूर्योदय 06:07 शनि समय, ऊँचाई नहीं शुक्र 28 मार्च का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · शुक्रवार का दिन धुँधला

शुक्र 28 मार्च की रात सूर्यास्त 18:21 शुक्र से सूर्योदय 06:07 तक थी, 11 घं 46 मि। इसे 47 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शनि 29 मार्च को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:49–12:38

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:49–12:38।

शनि 29 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 06:07–06:56

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:07–06:56 और 06:56–07:45।

शनि 29 मार्च को दुर्मुहूर्त कब है? 06:56–07:45

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से पहला और दूसरा है: 06:07–06:56 और 06:56–07:45।

सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 8 1 2
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 1, 2

यहाँ दिन, 06:07 से 18:21, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 48 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शनिवार को दुर्मुहूर्त पहला और दूसरा है, 06:07–06:56 और 06:56–07:45।

शनि 29 मार्च का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:07–07:39 काल है, जिसके स्वामी शनि हैं, शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं काल
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:07 से 18:21, 1 घं 31 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:21 से 06:06 रवि, 1 घं 28 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शनि 29 मार्च को राहुकाल कब है? 09:11–10:42

राहु काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:11–10:42।

शनि 29 मार्च को यमगंड कब है? 13:46–15:17

यमगण्ड शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:46–15:17।

शनि 29 मार्च को गुलिक काल कब है? 06:07–07:39

गुलिक काल शनिवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला है: 06:07–07:39।

सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 1, यमगण्ड 6

यहाँ दिन 06:07 से 18:21 तक है, 12 घं 14 मि। इसे 1 घं 31 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शनिवार को राहु काल तीसरा भाग है, यमगण्ड छठा और गुलिक काल पहला।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शनि 29 मार्च को सूर्योदय कितने बजे है? 06:07

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:07, सूर्यास्त 18:21, 12 घं 14 मि का दिन।

शनि 29 मार्च को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:21

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:07, सूर्यास्त 18:21, 12 घं 14 मि का दिन।

सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:31
सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:31
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 14 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 45 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 14 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 45 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शनि 29 मार्च को कौन सा नक्षत्र है? उत्तर भाद्रपद

सूर्योदय पर चंद्रमा 341.1° पर था: उत्तर भाद्रपद, पद 3।

चंद्रमा सूर्य 0° उत्तर भाद्रपद चंद्रमा 341.1° अगला: रेवती पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° उत्तर भाद्रपद चंद्रमा 341.1° अगला: रेवती पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। उत्तर भाद्रपद 333°20′–346°40′ तक है; चंद्रमा 340° पर उसके पद 3 में आया। वह 14:56 को निकलेगा, रेवती में।

शनि 29 मार्च को कौन सा योग है? ब्रह्म

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 685.7° थे, एक चक्कर और 325.7°: ब्रह्म।

सूर्य 344.6° + चंद्रमा 341.1° = 685.7° एक चक्कर + 325.7° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 344.6° + चंद्रमा 341.1° = 685.7° एक चक्कर + 325.7° ब्रह्म 320°00′–333°20′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 344.6° + 341.1° = 685.7°, एक पूरा चक्कर और 325.7°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 320°00′–333°20′ पच्चीसवाँ है, ब्रह्म। यह 17:33 को समाप्त होता है, फिर इन्द्र।

शनि 29 मार्च को कौन सा करण है? नाग

सूर्योदय पर बढ़त 356.6° थी: अमावस्या का दूसरा आधा, नाग।

सूर्य अमावस्या 0° 356.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° नाग 354°–360° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 356.6° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल अमावस्या 348°–360° नाग 354°–360° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए अमावस्या का पहला आधा चतुष्पाद है और दूसरा नाग। चतुष्पाद 01:43 पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 354° हुई; नाग 11:57 तक है।

शनि 29 मार्च को कौन सा वार है, और कब से? शनिवार

यह दिन शनिवार को सूर्योदय, 06:07, पर शुरू हुआ: शनिवार।

शनिवार सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
शनिवार सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 रवि अब भी शनिवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:07 से 06:06 रवि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शनिवार के हैं।

शनि 29 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? फाल्गुन

यह मास 28 फ़रवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य कुंभ में था: फाल्गुन।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 कुंभ मीन 0° पृथ्वी
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 कुंभ मीन 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: कुंभ से फाल्गुन। सूर्य 14 मार्च को, मास के भीतर, मीन में जाता है। अगली अमावस्या, 29 मार्च, उसे मीन में पाती है और चैत्र शुरू करती है।

शनि 29 मार्च को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? चैत्र

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष चैत्र का है।

अमान्त पूर्णिमान्त चैत्र फाल्गुन कृष्ण शुक्ल शनि 29 मार्च अमावस्या 28 फ़र॰ पूर्णिमा 14 मार्च अमावस्या 29 मार्च पूर्णिमा 13 अप्रैल
अमान्त पूर्णिमान्त चैत्र फाल्गुन कृष्ण शुक्ल शनि 29 मार्च अमावस्या 28 फ़र॰ पूर्णिमा 14 मार्च अमावस्या 29 मार्च पूर्णिमा 13 अप्रैल
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 29 मार्च की अमावस्या, सूर्य मीन में, चैत्र शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ चैत्र है, और अमान्त गणना में फाल्गुन।

शनि 29 मार्च को कौन सा संवत है? विक्रम 2081 · शक 1946

विक्रम संवत 2081 8 अप्रैल 2024 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 8 अप्रैल 2024 19:20 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 29 मार्च सूर्य 344.6° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 8 अप्रैल 2024 19:20 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शनि 29 मार्च सूर्य 344.6° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 8 अप्रैल 2024, 19:20 सोम। तब से सूर्य तारों के बीच 349.4° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2081 गिनता है; शक संवत 1946।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शनि 29 मार्च को चंद्रास्त कितने बजे है? 18:31

चंद्रमा यहाँ 18:31 पर अस्त होता है।

सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:31
सूर्योदय 06:07 सूर्यास्त 18:21 सूर्योदय 06:06 रवि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 18:31
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा इस सूर्योदय और अगले के बीच उदय नहीं होता।

चंद्रमा 18:31 पर, रात में, अस्त होता है और अगले सूर्योदय से पहले उदय नहीं होता।