tithika
English

Davinópolis, मरान्हाओ, ब्राज़िल का पंचांग शुक्र 24 अगस्त 2012

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय UTC−3 में

अष्टमी

शुक्ल पक्ष · 21:50 तक

फिर नवमी · 19:48 शनि तक

नई दिल्ली से अलग तिथि कारण जानें

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:36 06:12 18:10अगला सूर्योदय 06:12 शनि

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:12–07:42चरसामान्य
  • 07:42–09:12लाभगुलिक काल में
  • 09:12–10:42अमृतशुभ
  • 10:42–12:11कालअशुभ
  • 12:11–13:41शुभ
  • 13:41–15:11रोगअशुभ
  • 15:11–16:41उद्वेगअशुभ
  • 16:41–18:10चरसामान्य

रात का चौघड़िया

  • 18:10–19:41रोगअशुभ
  • 19:41–21:11कालअशुभ
  • 21:11–22:41लाभशुभ
  • 22:41–00:11 शनिउद्वेगअशुभ
  • 00:11–01:41 शनिशुभ
  • 01:41–03:11 शनिअमृतशुभ
  • 03:11–04:42 शनिचरसामान्य
  • 04:42–06:12 शनिरोगअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, शुक्र 24 अगस्त: ब्रह्म मुहूर्त, 04:36–05:24, शुभ
  • चर, सामान्य, 06:12–07:42
  • लाभ, शुभ, 07:42–09:12
  • अमृत, शुभ, 09:12–10:42
  • काल, अशुभ, 10:42–12:11
  • शुभ, 12:11–13:41
  • रोग, अशुभ, 13:41–15:11
  • उद्वेग, अशुभ, 15:11–16:41
  • चर, सामान्य, 16:41–18:10
  • रोग, अशुभ, 18:10–19:41
  • काल, अशुभ, 19:41–21:11
  • लाभ, शुभ, 21:11–22:41
  • उद्वेग, अशुभ, 22:41–00:11 शनि
  • शुभ, 00:11–01:41 शनि
  • अमृत, शुभ, 01:41–03:11 शनि
  • चर, सामान्य, 03:11–04:42 शनि
  • रोग, अशुभ, 04:42–06:12 शनि
  • गुलिक काल, 07:42–09:12, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 08:36–09:24, अशुभ
  • राहु काल, 10:42–12:11, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:47–12:35, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 12:35–13:23, अशुभ
  • यमगण्ड, 15:11–16:41, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:36–05:24 शनि

हर मान कैसे निकलता है

शुक्र 24 अगस्त को कौन सी तिथि है? शुक्ल अष्टमी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 87.4° आगे था: शुक्ल अष्टमी।

सूर्य अमावस्या 0° 87.4° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण अष्टमी 84°–96° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 87.4° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण अष्टमी 84°–96° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 84°–96° आठवीं है, शुक्ल अष्टमी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:12। सप्तमी उससे पहले 23:56 गुरु पर समाप्त हुई। अष्टमी 21:50 को समाप्त होगी, जब बढ़त 96° होगी। बढ़त 17 अगस्त की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

नई दिल्ली में सप्तमी क्यों है?

नई दिल्ली में सप्तमी है, Davinópolis में अष्टमी।

सप्तमी अष्टमी अष्टमी नवमी शुक्र 24 अगस्त सुबह शनि 25 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Davinópolis UTC−3 08:26 23:56 06:20 21:50 05:55 सप्तमी 05:55 अष्टमी 06:12 अष्टमी 06:12 नवमी
सप्तमी अष्टमी अष्टमी नवमी शुक्र 24 अगस्त सुबह शनि 25 अगस्त सुबह नई दिल्ली IST Davinópolis UTC−3 08:26 23:56 06:20 21:50 05:55 सप्तमी 05:55 अष्टमी 06:12 अष्टमी 06:12 नवमी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 05:55, सप्तमी की समाप्ति 08:26 से पहले हुआ: यह दिन सप्तमी है।

Davinópolis · UTC−3

यहाँ सूर्योदय, 06:12, सप्तमी की समाप्ति 23:56 गुरु के बाद हुआ: यह दिन अष्टमी है।

शुक्र 24 अगस्त को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:36–05:24

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:36–05:24।

सूर्यास्त 18:11 गुरु सूर्योदय 06:12 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 23 अगस्त का दिन 14 1
सूर्यास्त 18:11 गुरु सूर्योदय 06:12 शुक्र समय, ऊँचाई नहीं गुरु 23 अगस्त का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · गुरुवार का दिन धुँधला

गुरु 23 अगस्त की रात सूर्यास्त 18:11 गुरु से सूर्योदय 06:12 तक थी, 12 घं 1 मि। इसे 48 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

शुक्र 24 अगस्त को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:47–12:35

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:47–12:35।

शुक्र 24 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 08:36–09:24

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:36–09:24 और 12:35–13:23।

शुक्र 24 अगस्त को दुर्मुहूर्त कब है? 12:35–13:23

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा और नौवाँ है: 08:36–09:24 और 12:35–13:23।

सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 8 4 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 9

यहाँ दिन, 06:12 से 18:10, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 47 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। शुक्रवार को दुर्मुहूर्त चौथा और नौवाँ है, 08:36–09:24 और 12:35–13:23।

शुक्र 24 अगस्त का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:12–07:42 चर है, जिसके स्वामी शुक्र हैं, शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, सामान्य माना जाता है।

सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चर
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:12 से 18:10, 1 घं 29 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 18:10 से 06:12 शनि, 1 घं 30 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

शुक्र 24 अगस्त को राहुकाल कब है? 10:42–12:11

राहु काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:42–12:11।

शुक्र 24 अगस्त को यमगंड कब है? 15:11–16:41

यमगण्ड शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 15:11–16:41।

शुक्र 24 अगस्त को गुलिक काल कब है? 07:42–09:12

गुलिक काल शुक्रवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:42–09:12।

सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: गुलिक काल 2, यमगण्ड 7

यहाँ दिन 06:12 से 18:10 तक है, 11 घं 58 मि। इसे 1 घं 29 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: शुक्रवार को राहु काल चौथा भाग है, यमगण्ड सातवाँ और गुलिक काल दूसरा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

शुक्र 24 अगस्त को सूर्योदय कितने बजे है? 06:12

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:12, सूर्यास्त 18:10, 11 घं 58 मि का दिन।

शुक्र 24 अगस्त को सूर्यास्त कितने बजे है? 18:10

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:12, सूर्यास्त 18:10, 11 घं 58 मि का दिन।

सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 00:35 शनि चंद्रोदय 11:50
सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 00:35 शनि चंद्रोदय 11:50
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 58 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 2 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 58 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 2 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा नक्षत्र है? अनुराधा

सूर्योदय पर चंद्रमा 215° पर था: अनुराधा, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° अनुराधा चंद्रमा 215.0° अगला: ज्येष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° अनुराधा चंद्रमा 215.0° अगला: ज्येष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। अनुराधा 213°20′–226°40′ तक है; चंद्रमा 213°20′ पर उसके पद 1 में आया। वह 02:02 शनि को निकलेगा, ज्येष्ठा में।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा योग है? इन्द्र

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 342.6° थे: इन्द्र।

सूर्य 127.6° + चंद्रमा 215.0° = 342.6° इन्द्र 333°20′–346°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 127.6° + चंद्रमा 215.0° = 342.6° इन्द्र 333°20′–346°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 127.6° + 215° = 342.6°। 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 333°20′–346°40′ छब्बीसवाँ है, इन्द्र। यह 12:42 को समाप्त होता है, फिर वैधृति।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा करण है? विष्टि

सूर्योदय पर बढ़त 87.4° थी: अष्टमी का पहला आधा, विष्टि।

सूर्य अमावस्या 0° 87.4° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण अष्टमी 84°–96° विष्टि 84°–90° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 87.4° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण अष्टमी 84°–96° विष्टि 84°–90° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए अष्टमी का पहला आधा विष्टि है और दूसरा बव। विष्टि 10:53 तक है, जब बढ़त 90° होगी; बव 21:50 तक।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा वार है, और कब से? शुक्रवार

यह दिन शुक्रवार को सूर्योदय, 06:12, पर शुरू हुआ: शुक्रवार।

शुक्रवार सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
शुक्रवार सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं 00:00 शनि अब भी शुक्रवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:12 से 06:12 शनि तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी शुक्रवार के हैं।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? भाद्रपद (अधिक)

17 अगस्त और 15 सितंबर की अमावस्याओं के बीच कोई संक्रांति नहीं: अधिक भाद्रपद।

1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ · धारीदार: अगली संक्रांति, मास के बाद

सामान्यतः एक मास में एक संक्रांति होती है, सूर्य का नई राशि में प्रवेश। 17 अगस्त 12:54 शुक्र से 15 सितंबर 23:10 शनि तक सूर्य सिंह में रहा; कन्या में वह अमावस्या के बाद 16 सितंबर 09:24 रवि को गया। बिना संक्रांति का मास अधिक भाद्रपद है, जो भाद्रपद से पहले आता है।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? भाद्रपद (अधिक)

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष भाद्रपद (अधिक) का है।

अमान्त भाद्रपद (अधिक) पूर्णिमान्त भाद्रपद (अधिक) कृष्ण शुक्ल शुक्र 24 अगस्त पूर्णिमा 2 अग॰ अमावस्या 17 अग॰ पूर्णिमा 31 अग॰ अमावस्या 15 सित॰
अमान्त पूर्णिमान्त भाद्रपद (अधिक) भाद्रपद (अधिक) कृष्ण शुक्ल शुक्र 24 अगस्त पूर्णिमा 2 अग॰ अमावस्या 17 अग॰ पूर्णिमा 31 अग॰ अमावस्या 15 सित॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 17 अगस्त की अमावस्या ने, सूर्य सिंह में, भाद्रपद (अधिक) शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में भाद्रपद (अधिक) है।

शुक्र 24 अगस्त को कौन सा संवत है? विक्रम 2069 · शक 1934

विक्रम संवत 2069 22 मार्च 2012 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 22 मार्च 2012 11:37 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 24 अगस्त सूर्य 127.6° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 22 मार्च 2012 11:37 · सूर्य मीन में सूर्योदय, शुक्र 24 अगस्त सूर्य 127.6° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 22 मार्च 2012, 11:37 गुरु। तब से सूर्य तारों के बीच 149.3° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2069 गिनता है; शक संवत 1934।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

शुक्र 24 अगस्त को चंद्रोदय कितने बजे है? 11:50

चंद्रमा यहाँ 11:50 पर उदय होता है।

शुक्र 24 अगस्त को चंद्रास्त कितने बजे है? 00:35 शनि

सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 00:35 शनि चंद्रोदय 11:50
सूर्योदय 06:12 सूर्यास्त 18:10 सूर्योदय 06:12 शनि समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 00:35 शनि चंद्रोदय 11:50
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 11:50 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 00:35 शनि पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 11:50 पर उदय हुआ; वह फिर 00:35 शनि पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।