tithika
English

Codcod, पश्चिमी विसाया, फिलिपींस का पंचांग सोम 9 सितंबर 2030

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय PST में

द्वादशी

शुक्ल पक्ष · 09:02 तक

फिर त्रयोदशी · 07:27 मंगल तक

व्रत

प्रदोष व्रत

प्रदोष पूजा मुहूर्त
17:51⁠–⁠20:12
प्रदोष काल 17:51⁠–⁠20:12

प्रदोष व्रत सोम 9 सितंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं। सोम 9 सितंबर क्यों?

प्रदोष व्रत: Codcod में हर तारीख़

व्रत का पारण

पार्श्व एकादशी

पारण सोम 9 सितंबर, 05:37⁠–⁠09:02
पार्श्व एकादशी: Codcod में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:03 05:37 17:51अगला सूर्योदय 05:37 मंगल

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 05:37–07:09अमृतशुभ
  • 07:09–08:40कालअशुभ
  • 08:40–10:12शुभ
  • 10:12–11:44रोगअशुभ
  • 11:44–13:16उद्वेगअशुभ
  • 13:16–14:48चरसामान्य
  • 14:48–16:20लाभशुभ
  • 16:20–17:51अमृतशुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:51–19:20चरसामान्य
  • 19:20–20:48रोगअशुभ
  • 20:48–22:16कालअशुभ
  • 22:16–23:44लाभशुभ
  • 23:44–01:12 मंगलउद्वेगअशुभ
  • 01:12–02:40 मंगलशुभ
  • 02:40–04:09 मंगलअमृतशुभ
  • 04:09–05:37 मंगलचरसामान्य

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, सोम 9 सितंबर: ब्रह्म मुहूर्त, 04:03–04:50, शुभ
  • अमृत, शुभ, 05:37–07:09
  • काल, अशुभ, 07:09–08:40
  • शुभ, 08:40–10:12
  • रोग, अशुभ, 10:12–11:44
  • उद्वेग, अशुभ, 11:44–13:16
  • चर, सामान्य, 13:16–14:48
  • लाभ, शुभ, 14:48–16:20
  • अमृत, शुभ, 16:20–17:51
  • चर, सामान्य, 17:51–19:20
  • रोग, अशुभ, 19:20–20:48
  • काल, अशुभ, 20:48–22:16
  • लाभ, शुभ, 22:16–23:44
  • उद्वेग, अशुभ, 23:44–01:12 मंगल
  • शुभ, 01:12–02:40 मंगल
  • अमृत, शुभ, 02:40–04:09 मंगल
  • चर, सामान्य, 04:09–05:37 मंगल
  • राहु काल, 07:09–08:40, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:12–11:44, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:20–12:09, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 12:09–12:58, अशुभ
  • गुलिक काल, 13:16–14:48, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 14:35–15:24, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:03–04:50 मंगल

हर मान कैसे निकलता है

Codcod में प्रदोष व्रत सोम 9 सितंबर को क्यों है?

प्रदोष व्रत सोम 9 सितंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है, और किसी शाम नहीं।

त्रयोदशी 16:00 18:00 20:00 22:00 सोम 9 सितंबर स्मार्त · वैष्णव प्रदोष काल 17:51–20:12
त्रयोदशी 16:00 18:00 20:00 22:00 सोम 9 सितंबर स्मार्त · वैष्णव प्रदोष काल 17:51–20:12
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+8)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

प्रदोष की शिव पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी सोम 9 सितंबर को 09:02 से मंगल 10 सितंबर को 07:27 तक है, इसलिए केवल सोमवार का प्रदोष काल (17:51–20:12) उसके भीतर है। प्रदोष व्रत का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

प्रदोष व्रत: Codcod में हर तारीख़

सोम 9 सितंबर को कौन सी तिथि है? शुक्ल द्वादशी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 142.2° आगे था: शुक्ल द्वादशी।

सूर्य अमावस्या 0° 142.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 142.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 132°–144° बारहवीं है, शुक्ल द्वादशी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 05:37। एकादशी उससे पहले 10:51 रवि पर समाप्त हुई। द्वादशी 09:02 को समाप्त होगी, जब बढ़त 144° होगी। बढ़त 29 अगस्त की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

सोम 9 सितंबर को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:03–04:50

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:03–04:50।

सूर्यास्त 17:52 रवि सूर्योदय 05:37 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 8 सितंबर का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:52 रवि सूर्योदय 05:37 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 8 सितंबर का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · रविवार का दिन धुँधला

रवि 8 सितंबर की रात सूर्यास्त 17:52 रवि से सूर्योदय 05:37 तक थी, 11 घं 45 मि। इसे 47 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

सोम 9 सितंबर को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:20–12:09

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:20–12:09।

सोम 9 सितंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 12:09–12:58

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:09–12:58 और 14:35–15:24।

सोम 9 सितंबर को दुर्मुहूर्त कब है? 14:35–15:24

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:09–12:58 और 14:35–15:24।

सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 12 1
सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 9, 12

यहाँ दिन, 05:37 से 17:51, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 48 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। सोमवार को दुर्मुहूर्त नौवाँ और बारहवाँ है, 12:09–12:58 और 14:35–15:24।

सोम 9 सितंबर का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

05:37–07:09 अमृत है, जिसके स्वामी चंद्र हैं, सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 05:37 से 17:51, 1 घं 31 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:51 से 05:37 मंगल, 1 घं 28 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

सोम 9 सितंबर को राहुकाल कब है? 07:09–08:40

राहु काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:09–08:40।

सोम 9 सितंबर को यमगंड कब है? 10:12–11:44

यमगण्ड सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:12–11:44।

सोम 9 सितंबर को गुलिक काल कब है? 13:16–14:48

गुलिक काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:16–14:48।

सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 4, गुलिक काल 6

यहाँ दिन 05:37 से 17:51 तक है, 12 घं 14 मि। इसे 1 घं 31 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: सोमवार को राहु काल दूसरा भाग है, यमगण्ड चौथा और गुलिक काल छठा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

सोम 9 सितंबर को सूर्योदय कितने बजे है? 05:37

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:37, सूर्यास्त 17:51, 12 घं 14 मि का दिन।

सोम 9 सितंबर को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:51

यहाँ दिन: सूर्योदय 05:37, सूर्यास्त 17:51, 12 घं 14 मि का दिन।

सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:52 मंगल चंद्रोदय 15:45
सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:52 मंगल चंद्रोदय 15:45
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 14 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 46 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 12 घं 14 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 11 घं 46 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सोम 9 सितंबर को कौन सा नक्षत्र है? श्रवण

सूर्योदय पर चंद्रमा 284.1° पर था: श्रवण, पद 2।

चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 284.1° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 284.1° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। श्रवण 280°00′–293°20′ तक है; चंद्रमा 283°20′ पर उसके पद 2 में आया। वह 21:31 को निकलेगा, धनिष्ठा में।

सोम 9 सितंबर को कौन सा योग है? शोभन

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 426.1° थे, एक चक्कर और 66.1°: शोभन।

सूर्य 142.0° + चंद्रमा 284.1° = 426.1° एक चक्कर + 66.1° शोभन 53°20′–66°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 142.0° + चंद्रमा 284.1° = 426.1° एक चक्कर + 66.1° शोभन 53°20′–66°40′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 142° + 284.1° = 426.1°, एक पूरा चक्कर और 66.1°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 53°20′–66°40′ पाँचवाँ है, शोभन। यह 06:28 को समाप्त होता है, फिर अतिगण्ड।

सोम 9 सितंबर को कौन सा करण है? बालव

सूर्योदय पर बढ़त 142.2° थी: द्वादशी का दूसरा आधा, बालव।

सूर्य अमावस्या 0° 142.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° बालव 138°–144° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 142.2° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वादशी 132°–144° बालव 138°–144° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वादशी का पहला आधा बव है और दूसरा बालव। बव 21:55 रवि पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 138° हुई; बालव 09:02 तक है।

सोम 9 सितंबर को कौन सा वार है, और कब से? सोमवार

यह दिन सोमवार को सूर्योदय, 05:37, पर शुरू हुआ: सोमवार।

सोमवार सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
सोमवार सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 05:37 से 05:37 मंगल तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी सोमवार के हैं।

सोम 9 सितंबर को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? भाद्रपद

यह मास 29 अगस्त की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य सिंह में था: भाद्रपद।

1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
1 2 3 4 सिंह कन्या 7 8 9 10 11 12 0° पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: सिंह से भाद्रपद। सूर्य 17 सितंबर को, मास के भीतर, कन्या में जाता है। अगली अमावस्या, 27 सितंबर, उसे कन्या में पाती है और आश्विन शुरू करती है।

सोम 9 सितंबर को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? भाद्रपद

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष भाद्रपद का है।

अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त भाद्रपद कृष्ण शुक्ल सोम 9 सितंबर पूर्णिमा 13 अग॰ अमावस्या 29 अग॰ पूर्णिमा 12 सित॰ अमावस्या 27 सित॰
अमान्त भाद्रपद पूर्णिमान्त भाद्रपद कृष्ण शुक्ल सोम 9 सितंबर पूर्णिमा 13 अग॰ अमावस्या 29 अग॰ पूर्णिमा 12 सित॰ अमावस्या 27 सित॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 29 अगस्त की अमावस्या ने, सूर्य सिंह में, भाद्रपद शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में भाद्रपद है।

सोम 9 सितंबर को कौन सा संवत है? विक्रम 2087 · शक 1952

विक्रम संवत 2087 3 अप्रैल 2030 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 2030 06:02 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 9 सितंबर सूर्य 142.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 3 अप्रैल 2030 06:02 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 9 सितंबर सूर्य 142.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 3 अप्रैल 2030, 06:02 बुध। तब से सूर्य तारों के बीच 153.1° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2087 गिनता है; शक संवत 1952।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

सोम 9 सितंबर को चंद्रोदय कितने बजे है? 15:45

चंद्रमा यहाँ 15:45 पर उदय होता है।

सोम 9 सितंबर को चंद्रास्त कितने बजे है? 03:52 मंगल

सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:52 मंगल चंद्रोदय 15:45
सूर्योदय 05:37 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 05:37 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 03:52 मंगल चंद्रोदय 15:45
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 15:45 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 03:52 मंगल पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 15:45 पर उदय हुआ; वह फिर 03:52 मंगल पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।