tithika
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Codcod, पश्चिमी विसाया, फिलिपींस का पंचांग सोम 1 फ़रवरी 2021

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय PST में

चतुर्थी

कृष्ण पक्ष · 20:55 तक

फिर पञ्चमी · 18:49 मंगल तक

व्रत

संकष्टी चतुर्थी

चंद्रोदय
21:08

संकष्टी चतुर्थी सोम 1 फ़रवरी को है: चतुर्थी किसी भी रात चंद्रोदय को नहीं छूती, और बाद का दिन लिया जाता है। सोम 1 फ़रवरी क्यों?

संकष्टी चतुर्थी: Codcod में हर तारीख़

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:31 06:10 17:51अगला सूर्योदय 06:10 मंगल

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:10–07:37अमृतशुभ
  • 07:37–09:05कालअशुभ
  • 09:05–10:33शुभ
  • 10:33–12:00रोगअशुभ
  • 12:00–13:28उद्वेगअशुभ
  • 13:28–14:56चरसामान्य
  • 14:56–16:23लाभशुभ
  • 16:23–17:51अमृतशुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:51–19:23चरसामान्य
  • 19:23–20:56रोगअशुभ
  • 20:56–22:28कालअशुभ
  • 22:28–00:00 मंगललाभशुभ
  • 00:00–01:33 मंगलउद्वेगअशुभ
  • 01:33–03:05 मंगलशुभ
  • 03:05–04:37 मंगलअमृतशुभ
  • 04:37–06:10 मंगलचरसामान्य

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, सोम 1 फ़रवरी: ब्रह्म मुहूर्त, 04:31–05:20, शुभ
  • अमृत, शुभ, 06:10–07:37
  • काल, अशुभ, 07:37–09:05
  • शुभ, 09:05–10:33
  • रोग, अशुभ, 10:33–12:00
  • उद्वेग, अशुभ, 12:00–13:28
  • चर, सामान्य, 13:28–14:56
  • लाभ, शुभ, 14:56–16:23
  • अमृत, शुभ, 16:23–17:51
  • चर, सामान्य, 17:51–19:23
  • रोग, अशुभ, 19:23–20:56
  • काल, अशुभ, 20:56–22:28
  • लाभ, शुभ, 22:28–00:00 मंगल
  • उद्वेग, अशुभ, 00:00–01:33 मंगल
  • शुभ, 01:33–03:05 मंगल
  • अमृत, शुभ, 03:05–04:37 मंगल
  • चर, सामान्य, 04:37–06:10 मंगल
  • राहु काल, 07:37–09:05, अशुभ
  • यमगण्ड, 10:33–12:00, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:37–12:24, शुभ
  • दुर्मुहूर्त, 12:24–13:10, अशुभ
  • गुलिक काल, 13:28–14:56, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 14:44–15:31, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:31–05:20 मंगल

हर मान कैसे निकलता है

Codcod में संकष्टी चतुर्थी सोम 1 फ़रवरी को क्यों है?

संकष्टी चतुर्थी सोम 1 फ़रवरी को है: चतुर्थी किसी भी रात चंद्रोदय को नहीं छूती, और बाद का दिन लिया जाता है।

तृतीया 22:55 19:00 20:00 21:00 22:00 रवि 31 जनवरी चंद्रोदय 20:14 चतुर्थी 22:55 से
तृतीया 22:55 19:00 20:00 21:00 22:00 रवि 31 जनवरी चंद्रोदय 20:14 चतुर्थी 22:55 से
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+8)। पट्टी: तिथि। रेखा: चंद्रोदय। गहरी पट्टी: रात।

संकष्टी का व्रत चंद्रोदय पर खोला जाता है। चतुर्थी रवि 31 जनवरी को 22:55 से सोम 1 फ़रवरी को 20:55 तक है, दोनों रात के चंद्रोदय के बीच, किसी को नहीं छूती। तब धर्मसिंधु बाद का दिन लेता है: सोम 1 फ़रवरी। संकष्टी चतुर्थी का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; चंद्रोदय Tithika की परिपाटी है।

संकष्टी चतुर्थी: Codcod में हर तारीख़

सोम 1 फ़रवरी को कौन सी तिथि है? कृष्ण चतुर्थी

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 219.9° आगे था: कृष्ण चतुर्थी।

सूर्य अमावस्या 0° 219.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 219.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 216°–228° उन्नीसवीं है, कृष्ण चतुर्थी। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:10। तृतीया उससे पहले 22:55 रवि पर समाप्त हुई। चतुर्थी 20:55 को समाप्त होगी, जब बढ़त 228° होगी। बढ़त 29 जनवरी की पूर्णिमा पर 180° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा घट रहा है: कृष्ण पक्ष।

सोम 1 फ़रवरी को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:31–05:20

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:31–05:20।

सूर्यास्त 17:50 रवि सूर्योदय 06:10 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 31 जनवरी का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:50 रवि सूर्योदय 06:10 सोम समय, ऊँचाई नहीं रवि 31 जनवरी का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · रविवार का दिन धुँधला

रवि 31 जनवरी की रात सूर्यास्त 17:50 रवि से सूर्योदय 06:10 तक थी, 12 घं 20 मि। इसे 49 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

सोम 1 फ़रवरी को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:37–12:24

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:37–12:24।

सोम 1 फ़रवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 12:24–13:10

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:24–13:10 और 14:44–15:31।

सोम 1 फ़रवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 14:44–15:31

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से नौवाँ और बारहवाँ है: 12:24–13:10 और 14:44–15:31।

सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 12 1
सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 8 9 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 9, 12

यहाँ दिन, 06:10 से 17:51, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 46 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। सोमवार को दुर्मुहूर्त नौवाँ और बारहवाँ है, 12:24–13:10 और 14:44–15:31।

सोम 1 फ़रवरी का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:10–07:37 अमृत है, जिसके स्वामी चंद्र हैं, सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, शुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं अमृत
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:10 से 17:51, 1 घं 27 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:51 से 06:10 मंगल, 1 घं 32 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

सोम 1 फ़रवरी को राहुकाल कब है? 07:37–09:05

राहु काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से दूसरा है: 07:37–09:05।

सोम 1 फ़रवरी को यमगंड कब है? 10:33–12:00

यमगण्ड सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से चौथा है: 10:33–12:00।

सोम 1 फ़रवरी को गुलिक काल कब है? 13:28–14:56

गुलिक काल सोमवार के दिन के 8 बराबर भागों में से छठा है: 13:28–14:56।

सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 4, गुलिक काल 6

यहाँ दिन 06:10 से 17:51 तक है, 11 घं 41 मि। इसे 1 घं 27 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: सोमवार को राहु काल दूसरा भाग है, यमगण्ड चौथा और गुलिक काल छठा।

सूर्योदय और सूर्यास्त

सोम 1 फ़रवरी को सूर्योदय कितने बजे है? 06:10

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:10, सूर्यास्त 17:51, 11 घं 41 मि का दिन।

सोम 1 फ़रवरी को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:51

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:10, सूर्यास्त 17:51, 11 घं 41 मि का दिन।

सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:51 चंद्रोदय 21:08
सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:51 चंद्रोदय 21:08
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 41 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 19 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 41 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 19 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा नक्षत्र है? उत्तराफाल्गुनी

सूर्योदय पर चंद्रमा 148.1° पर था: उत्तराफाल्गुनी, पद 1।

चंद्रमा सूर्य 0° उत्तराफाल्गुनी चंद्रमा 148.1° अगला: हस्त पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° उत्तराफाल्गुनी चंद्रमा 148.1° अगला: हस्त पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। उत्तराफाल्गुनी 146°40′–160°00′ तक है; चंद्रमा 146°40′ पर उसके पद 1 में आया। वह 02:27 मंगल को निकलेगा, हस्त में।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा योग है? अतिगण्ड

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 436.2° थे, एक चक्कर और 76.2°: अतिगण्ड।

सूर्य 288.1° + चंद्रमा 148.1° = 436.2° एक चक्कर + 76.2° अतिगण्ड 66°40′–80°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 288.1° + चंद्रमा 148.1° = 436.2° एक चक्कर + 76.2° अतिगण्ड 66°40′–80°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 288.1° + 148.1° = 436.2°, एक पूरा चक्कर और 76.2°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 66°40′–80°00′ छठा है, अतिगण्ड। यह 12:14 को समाप्त होता है, फिर सुकर्मा।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा करण है? बव

सूर्योदय पर बढ़त 219.9° थी: चतुर्थी का पहला आधा, बव।

सूर्य अमावस्या 0° 219.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° बव 216°–222° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 219.9° चंद्रमा की बढ़त कृष्ण शुक्ल चतुर्थी 216°–228° बव 216°–222° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए चतुर्थी का पहला आधा बव है और दूसरा बालव। बव 09:56 तक है, जब बढ़त 222° होगी; बालव 20:55 तक।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा वार है, और कब से? सोमवार

यह दिन सोमवार को सूर्योदय, 06:10, पर शुरू हुआ: सोमवार।

सोमवार सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
सोमवार सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं 00:00 मंगल अब भी सोमवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:10 से 06:10 मंगल तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी सोमवार के हैं।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? पौष

यह मास 13 जनवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य धनु में था: पौष।

1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: धनु से पौष। सूर्य 14 जनवरी को, मास के भीतर, मकर में जाता है। अगली अमावस्या, 12 फ़रवरी, उसे मकर में पाती है और माघ शुरू करती है।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? माघ

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह कृष्ण पक्ष माघ का है।

अमान्त माघ पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल सोम 1 फ़रवरी अमावस्या 13 जन॰ पूर्णिमा 29 जन॰ अमावस्या 12 फ़र॰ पूर्णिमा 27 फ़र॰
अमान्त माघ पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल सोम 1 फ़रवरी अमावस्या 13 जन॰ पूर्णिमा 29 जन॰ अमावस्या 12 फ़र॰ पूर्णिमा 27 फ़र॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 12 फ़रवरी की अमावस्या, सूर्य मकर में, माघ शुरू करती है। तब तक यह कृष्ण पक्ष यहाँ माघ है, और अमान्त गणना में पौष।

सोम 1 फ़रवरी को कौन सा संवत है? विक्रम 2077 · शक 1942

विक्रम संवत 2077 24 मार्च 2020 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2020 17:28 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 1 फ़रवरी सूर्य 288.1° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 24 मार्च 2020 17:28 · सूर्य मीन में सूर्योदय, सोम 1 फ़रवरी सूर्य 288.1° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 24 मार्च 2020, 17:28 मंगल। तब से सूर्य तारों के बीच 308° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2077 गिनता है; शक संवत 1942।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

सोम 1 फ़रवरी को चंद्रोदय कितने बजे है? 21:08

चंद्रमा यहाँ 21:08 पर उदय होता है।

सोम 1 फ़रवरी को चंद्रास्त कितने बजे है? 08:51

सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:51 चंद्रोदय 21:08
सूर्योदय 06:10 सूर्यास्त 17:51 सूर्योदय 06:10 मंगल समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 08:51 चंद्रोदय 21:08
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा, दो बार

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:51 पर अस्त हुआ; वह फिर 21:08 पर उदय होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रोदय रात में पड़ता है।

चंद्रमा सूर्योदय पर ऊपर था और 08:51 पर, दिन में, अस्त होता है; वह फिर 21:08 पर उदय होगा।