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Codcod, पश्चिमी विसाया, फिलिपींस का पंचांग मंगल 12 जनवरी 2016

सूर्योदय से सूर्योदय तक · समय PST में

सूर्योदय और सूर्यास्त

04:28 06:08 17:42अगला सूर्योदय 06:08 बुध

पंचांग

चौघड़िया

दिन का चौघड़िया

  • 06:08–07:35रोगअशुभ
  • 07:35–09:01उद्वेगअशुभ
  • 09:01–10:28चरसामान्य
  • 10:28–11:55लाभशुभ
  • 11:55–13:21अमृतगुलिक काल में
  • 13:21–14:48कालअशुभ
  • 14:48–16:15शुभराहु काल में
  • 16:15–17:42रोगअशुभ

रात का चौघड़िया

  • 17:42–19:15कालअशुभ
  • 19:15–20:48लाभशुभ
  • 20:48–22:22उद्वेगअशुभ
  • 22:22–23:55शुभ
  • 23:55–01:28 बुधअमृतशुभ
  • 01:28–03:02 बुधचरसामान्य
  • 03:02–04:35 बुधरोगअशुभ
  • 04:35–06:08 बुधकालअशुभ

दिन, ब्रह्म मुहूर्त से अगले सूर्योदय तक

समय ऊपर से नीचे। पट्टियाँ: चौघड़िया। छड़ें: मुहूर्त और काल, अपने असली समय पर।

  • सूर्योदय से पहले, मंगल 12 जनवरी: ब्रह्म मुहूर्त, 04:28–05:18, शुभ
  • रोग, अशुभ, 06:08–07:35
  • उद्वेग, अशुभ, 07:35–09:01
  • चर, सामान्य, 09:01–10:28
  • लाभ, शुभ, 10:28–11:55
  • अमृत, शुभ, 11:55–13:21
  • काल, अशुभ, 13:21–14:48
  • शुभ, 14:48–16:15
  • रोग, अशुभ, 16:15–17:42
  • काल, अशुभ, 17:42–19:15
  • लाभ, शुभ, 19:15–20:48
  • उद्वेग, अशुभ, 20:48–22:22
  • शुभ, 22:22–23:55
  • अमृत, शुभ, 23:55–01:28 बुध
  • चर, सामान्य, 01:28–03:02 बुध
  • रोग, अशुभ, 03:02–04:35 बुध
  • काल, अशुभ, 04:35–06:08 बुध
  • दुर्मुहूर्त, 08:27–09:13, अशुभ
  • यमगण्ड, 09:01–10:28, अशुभ
  • अभिजीत मुहूर्त, 11:32–12:18, शुभ
  • गुलिक काल, 11:55–13:21, अशुभ
  • राहु काल, 14:48–16:15, अशुभ
  • दुर्मुहूर्त, 22:40–23:30, अशुभ
  • अगले दिन का ब्रह्म मुहूर्त, 04:29–05:18 बुध

हर मान कैसे निकलता है

मंगल 12 जनवरी को कौन सी तिथि है? शुक्ल द्वितीया

सूर्योदय पर चंद्रमा सूर्य से 23.8° आगे था: शुक्ल द्वितीया।

सूर्य अमावस्या 0° 23.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वितीया 12°–24° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 23.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वितीया 12°–24° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · पैमाने पर नहीं

चंद्रमा हर दिन सूर्य से लगभग 12° आगे बढ़ता है। हर 12° की बढ़त एक तिथि है: 12°–24° दूसरी है, शुक्ल द्वितीया। दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो, यहाँ 06:08। प्रतिपदा उससे पहले 08:10 सोम पर समाप्त हुई। द्वितीया 06:29 को समाप्त होगी, जब बढ़त 24° होगी। बढ़त 10 जनवरी की अमावस्या पर 0° पार कर गई, इसलिए चंद्रमा बढ़ रहा है: शुक्ल पक्ष।

तृतीया क्षय क्यों है?

तृतीया एक सूर्योदय के बाद शुरू हुई और अगले से पहले समाप्त, इसलिए यहाँ कोई दिन तृतीया नहीं होता।

द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 12 जनवरी सुबह बुध 13 जनवरी सुबह Codcod UTC+8 06:29 04:36 06:08 द्वितीया 06:08 चतुर्थी तृतीया इस सूर्योदय के बाद शुरू और इससे पहले समाप्त
द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 12 जनवरी सुबह बुध 13 जनवरी सुबह Codcod UTC+8 06:29 04:36 06:08 द्वितीया 06:08 चतुर्थी तृतीया इस सूर्योदय के बाद शुरू और इससे पहले समाप्त
समय नीचे की ओर · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो। तृतीया 06:29 को शुरू हुई और 04:36 बुध को समाप्त, 06:08 और 06:08 बुध के सूर्योदयों के बीच। मंगलवार को द्वितीया है और बुधवार को चतुर्थी: तृतीया यहाँ क्षय तिथि है।

नई दिल्ली में तृतीया क्यों है?

नई दिल्ली में तृतीया है, Codcod में द्वितीया।

द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 12 जनवरी सुबह बुध 13 जनवरी सुबह नई दिल्ली IST Codcod UTC+8 03:59 06:29 02:06 04:36 07:15 तृतीया 07:15 चतुर्थी 06:08 द्वितीया 06:08 चतुर्थी
द्वितीया तृतीया तृतीया चतुर्थी मंगल 12 जनवरी सुबह बुध 13 जनवरी सुबह नई दिल्ली IST Codcod UTC+8 03:59 06:29 02:06 04:36 07:15 तृतीया 07:15 चतुर्थी 06:08 द्वितीया 06:08 चतुर्थी
समय नीचे की ओर, दोनों स्तंभों में एक ही क्षण · हर स्थान अपनी घड़ी में · धारीदार रेखा: तिथि बदली

दिन वही तिथि लेता है जो उसके सूर्योदय पर हो।

नई दिल्ली · IST

यहाँ सूर्योदय, 07:15, द्वितीया की समाप्ति 03:59 के बाद हुआ: यह दिन तृतीया है।

Codcod · UTC+8

यहाँ सूर्योदय, 06:08, द्वितीया की समाप्ति 06:29 से पहले हुआ: यह दिन द्वितीया है। तृतीया अगले सूर्योदय से पहले, 04:36 बुध को, समाप्त होती है, इसलिए यहाँ कोई दिन तृतीया नहीं होता: वह क्षय है।

मंगल 12 जनवरी को ब्रह्म मुहूर्त कितने बजे है? 04:28–05:18

ब्रह्म मुहूर्त सूर्योदय से पहले की रात के 15 बराबर भागों में से चौदहवाँ है: 04:28–05:18।

सूर्यास्त 17:41 सोम सूर्योदय 06:08 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 11 जनवरी का दिन 14 1
सूर्यास्त 17:41 सोम सूर्योदय 06:08 मंगल समय, ऊँचाई नहीं सोम 11 जनवरी का दिन 1
रेखा के नीचे रात, 15 मुहूर्तों में, सूर्यास्त से दक्षिणावर्त · सोमवार का दिन धुँधला

सोम 11 जनवरी की रात सूर्यास्त 17:41 सोम से सूर्योदय 06:08 तक थी, 12 घं 27 मि। इसे 49 मि के 15 मुहूर्तों में बाँटने पर उसका चौदहवाँ ब्रह्म मुहूर्त है, अंतिम से पहला।

दिन के 15 मुहूर्त

मंगल 12 जनवरी को अभिजीत मुहूर्त कब है? 11:32–12:18

अभिजीत मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से आठवाँ है, मध्याह्न वाला: 11:32–12:18।

मंगल 12 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 08:27–09:13

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:27–09:13, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:40–23:30।

मंगल 12 जनवरी को दुर्मुहूर्त कब है? 22:40–23:30

दुर्मुहूर्त दिन के 15 बराबर भागों में से चौथा है, 08:27–09:13, और रात के 15 में से सातवाँ, 22:40–23:30।

सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 8 4 7 1 1
रेखा के ऊपर दिन, 15 मुहूर्तों में · धारीदार: दुर्मुहूर्त 4, 7

यहाँ दिन, 06:08 से 17:42, 15 मुहूर्तों में बँटता है, हर एक 46 मि का। अभिजीत मुहूर्त आठवाँ है, बीच वाला। मंगलवार को दुर्मुहूर्त चौथा और रात का सातवाँ है, 08:27–09:13 और 22:40–23:30।

मंगल 12 जनवरी का चौघड़िया: कौन सा शुभ है?

06:08–07:35 रोग है, जिसके स्वामी मंगल हैं, मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पहला, अशुभ माना जाता है।

सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं रोग
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त

यहाँ दिन, 06:08 से 17:42, 1 घं 26 मि के 8 चौघड़ियों में बँटता है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

यहाँ रात, 17:42 से 06:08 बुध, 1 घं 33 मि के 8 चौघड़ियों में बँटती है। उनके नाम वार से शुरू होने वाले एक तय क्रम में आते हैं, और हर नाम शुभ, सामान्य या अशुभ माना जाता है।

दिन के 8 भाग

मंगल 12 जनवरी को राहुकाल कब है? 14:48–16:15

राहु काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से सातवाँ है: 14:48–16:15।

मंगल 12 जनवरी को यमगंड कब है? 09:01–10:28

यमगण्ड मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से तीसरा है: 09:01–10:28।

मंगल 12 जनवरी को गुलिक काल कब है? 11:55–13:21

गुलिक काल मंगलवार के दिन के 8 बराबर भागों में से पाँचवाँ है: 11:55–13:21।

सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 1 2 3 4 5 6 7 8
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · धारीदार: यमगण्ड 3, गुलिक काल 5

यहाँ दिन 06:08 से 17:42 तक है, 11 घं 34 मि। इसे 1 घं 26 मि के 8 बराबर भागों में बाँटने से वार के अनुसार काल मिलते हैं: मंगलवार को राहु काल सातवाँ भाग है, यमगण्ड तीसरा और गुलिक काल पाँचवाँ।

सूर्योदय और सूर्यास्त

मंगल 12 जनवरी को सूर्योदय कितने बजे है? 06:08

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:08, सूर्यास्त 17:42, 11 घं 34 मि का दिन।

मंगल 12 जनवरी को सूर्यास्त कितने बजे है? 17:42

यहाँ दिन: सूर्योदय 06:08, सूर्यास्त 17:42, 11 घं 34 मि का दिन।

सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:49 चंद्रोदय 07:43
सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:49 चंद्रोदय 07:43
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 34 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 26 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

सूर्योदय और सूर्यास्त इसी स्थान के लिए निकाले जाते हैं। दिन 11 घं 34 मि का है और अगले सूर्योदय तक रात 12 घं 26 मि की; हर काल और चौघड़िया इन्हीं दो अवधियों से कटता है।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा नक्षत्र है? श्रवण

सूर्योदय पर चंद्रमा 290.8° पर था: श्रवण, पद 4।

चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 290.8° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
चंद्रमा सूर्य 0° श्रवण चंद्रमा 290.8° अगला: धनिष्ठा पृथ्वी
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

स्थिर तारे चंद्रमा के पथ को 13°20′ के 27 नक्षत्रों में बाँटते हैं, हर एक में 3°20′ के 4 पद। श्रवण 280°00′–293°20′ तक है; चंद्रमा 290° पर उसके पद 4 में आया। वह 10:24 को निकलेगा, धनिष्ठा में।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा योग है? वज्र

सूर्योदय पर सूर्य और चंद्रमा मिलकर 557.8° थे, एक चक्कर और 197.8°: वज्र।

सूर्य 267.0° + चंद्रमा 290.8° = 557.8° एक चक्कर + 197.8° वज्र 186°40′–200°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
सूर्य 267.0° + चंद्रमा 290.8° = 557.8° एक चक्कर + 197.8° वज्र 186°40′–200°00′ चंद्रमा सूर्य 0°
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · 0° ऊपर, वामावर्त

तारों के बीच सूर्य और चंद्रमा के स्थान जोड़ें: 267° + 290.8° = 557.8°, एक पूरा चक्कर और 197.8°। चक्कर के बाद, 13°20′ के 27 भागों में बँटा यह योग देता है: 186°40′–200°00′ पंद्रहवाँ है, वज्र। यह 09:31 को समाप्त होता है, फिर सिद्धि।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा करण है? कौलव

सूर्योदय पर बढ़त 23.8° थी: द्वितीया का दूसरा आधा, कौलव।

सूर्य अमावस्या 0° 23.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वितीया 12°–24° कौलव 18°–24° पूर्णिमा 180°
सूर्य अमावस्या 0° 23.8° चंद्रमा की बढ़त शुक्ल कृष्ण द्वितीया 12°–24° कौलव 18°–24° पूर्णिमा 180°
केंद्र में पृथ्वी · सूर्य ऊपर स्थिर · चंद्रमा वामावर्त चलता है · हर 12° की तिथि दो करणों में · पैमाने पर नहीं

करण तिथि का आधा है: चंद्रमा की बढ़त के 6°, इसलिए द्वितीया का पहला आधा बालव है और दूसरा कौलव। बालव 19:22 सोम पर समाप्त हुआ, जब बढ़त 18° हुई; कौलव 06:29 तक है।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा वार है, और कब से? मंगलवार

यह दिन मंगलवार को सूर्योदय, 06:08, पर शुरू हुआ: मंगलवार।

मंगलवार सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
मंगलवार सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं 00:00 बुध अब भी मंगलवार
पहिये का एक चक्कर एक वार है, सूर्योदय से सूर्योदय · दक्षिणावर्त

हिंदू दिन एक सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है, आधी रात से आधी रात तक नहीं। यह दिन 06:08 से 06:08 बुध तक है, इसलिए आधी रात के बाद के घंटे भी मंगलवार के हैं।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (अमांत)? पौष

यह मास 10 जनवरी की अमावस्या से शुरू हुआ, जब सूर्य धनु में था: पौष।

1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
1 2 3 4 5 6 7 8 11 12 0° पृथ्वी धनु मकर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · अमावस्या से अमावस्या तक सूर्य का पथ

अमान्त मास अमावस्या से अमावस्या तक चलता है और उसका नाम उस राशि से होता है जिसमें सूर्य आरंभ वाली अमावस्या पर हो: धनु से पौष। सूर्य 15 जनवरी को, मास के भीतर, मकर में जाता है। अगली अमावस्या, 8 फ़रवरी, उसे मकर में पाती है और माघ शुरू करती है।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा हिंदू महीना है (पूर्णिमांत)? पौष

पूर्णिमा से पूर्णिमा गिनने पर यह शुक्ल पक्ष पौष का है।

अमान्त पौष पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल मंगल 12 जनवरी पूर्णिमा 25 दिस॰ अमावस्या 10 जन॰ पूर्णिमा 24 जन॰ अमावस्या 8 फ़र॰
अमान्त पौष पूर्णिमान्त पौष कृष्ण शुक्ल मंगल 12 जनवरी पूर्णिमा 25 दिस॰ अमावस्या 10 जन॰ पूर्णिमा 24 जन॰ अमावस्या 8 फ़र॰
समय बाएँ से दाएँ · अमान्त: अमावस्या से अमावस्या · पूर्णिमान्त: पूर्णिमा से पूर्णिमा

पूर्णिमान्त मास पूर्णिमा से पूर्णिमा तक चलता है, इसलिए उसका कृष्ण पक्ष पहले आता है। उसका नाम उस अमान्त मास का होता है जिसमें उसका दूसरा आधा पड़ता है: 10 जनवरी की अमावस्या ने, सूर्य धनु में, पौष शुरू किया। यह शुक्ल पक्ष दोनों गणनाओं में पौष है।

मंगल 12 जनवरी को कौन सा संवत है? विक्रम 2072 · शक 1937

विक्रम संवत 2072 20 मार्च 2015 की चैत्र अमावस्या से शुरू हुआ।

1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 2015 17:36 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 12 जनवरी सूर्य 267.0° पर
1 2 3 4 5 6 7 8 9 10 11 मीन 0° पृथ्वी चैत्र अमावस्या 20 मार्च 2015 17:36 · सूर्य मीन में सूर्योदय, मंगल 12 जनवरी सूर्य 267.0° पर
तारे स्थिर · निरयन, लाहिड़ी · वलय: सूर्य का वार्षिक पथ, 30° की 12 राशियाँ, 0° से गिनी · वर्ष के आरंभ से सूर्य का पथ

संवत वर्ष चैत्र से शुरू होता है, वह मास जिसकी अमावस्या सूर्य को मीन में पाती है: 20 मार्च 2015, 17:36 शुक्र। तब से सूर्य तारों के बीच 291.6° चला है। विक्रम संवत उस वर्ष को 2072 गिनता है; शक संवत 1937।

चंद्रोदय और चंद्रास्त

मंगल 12 जनवरी को चंद्रोदय कितने बजे है? 07:43

चंद्रमा यहाँ 07:43 पर उदय होता है।

मंगल 12 जनवरी को चंद्रास्त कितने बजे है? 19:49

सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:49 चंद्रोदय 07:43
सूर्योदय 06:08 सूर्यास्त 17:42 सूर्योदय 06:08 बुध समय, ऊँचाई नहीं चंद्रास्त 19:49 चंद्रोदय 07:43
रेखा के ऊपर दिन, नीचे रात · सूर्योदय से दक्षिणावर्त · भीतरी चाप: क्षितिज के ऊपर चंद्रमा

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 07:43 पर, दिन में, उदय होता है; वह फिर 19:49 पर अस्त होगा।

चंद्रमा सूर्योदय पर नीचे था और 07:43 पर उदय हुआ; वह फिर 19:49 पर अस्त होगा, इसलिए इस दिन का चंद्रास्त रात में पड़ता है।