Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल में विजया एकादशी 1949 पारण समय 06:10–11:48, गुरु 24 फ़रवरी
व्रत · समय UTC−3 में
Ipameri में विजया एकादशी 1949 कब है?
बुधवार 23 फ़रवरी
फाल्गुन कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · माघ कृष्ण एकादशी (अमान्त)
Ipameri में बुध 23 फ़रवरी का पूरा पंचांगपारण का समय: व्रत कब खोलें?
गुरुवार 24 फ़रवरी
विजया एकादशी का समय: व्रत, पारण
- बुधवार 23 फ़रवरी
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06:10व्रत आरंभसूर्योदय पर
- गुरुवार 24 फ़रवरी
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06:10–11:48पारण समयव्रत खोलने का समय
Ipameri में विजया एकादशी बुध 23 फ़रवरी को क्यों है?
विजया एकादशी बुध 23 फ़रवरी को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 09:34 से।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 09:34 मंगल से 10:28 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−3)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।
स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल बुध 23 फ़रवरी को सूर्योदय पर है, 06:10: बुध 23 फ़रवरी। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 09:34 मंगल पर, उससे (04:34–06:10) पहले, समाप्त हुई।
व्रत का पारण
स्मार्त · वैष्णव · गुरु 24 फ़रवरी, 06:10–11:48
पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी बुध 23 फ़रवरी 10:28 से गुरु 24 फ़रवरी 11:48 तक है; हरिवासर 16:48 बुध पर पूरा होता है। इसलिए पारण गुरु 24 फ़रवरी को सूर्योदय (06:10) से होता है।
नियम
फाल्गुन कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · माघ कृष्ण एकादशी (अमान्त)
एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।
- स्मार्त
- सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
- वैष्णव
- पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
- व्रत का पारण
- द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।