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Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल में सफला एकादशी 1963 पारण समय 06:31⁠–⁠16:25, गुरु 12 दिसंबर

व्रत · समय UTC−2 में

Ipameri में सफला एकादशी 1963 कब है?

बुधवार 11 दिसंबर

पौष कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · मार्गशीर्ष कृष्ण एकादशी (अमान्त)

स्मार्त · वैष्णव

Ipameri में बुध 11 दिसंबर का पूरा पंचांग

पारण का समय: व्रत कब खोलें?

गुरुवार 12 दिसंबर

पारण समय
06:31–16:25
9 घं 54 मि

सफला एकादशी का समय: व्रत, पारण

  • बुधवार 11 दिसंबर
  • 06:30व्रत आरंभसूर्योदय पर
  • गुरुवार 12 दिसंबर
  • 06:31–16:25पारण समयव्रत खोलने का समय
Tithika में खोलेंसफला एकादशी की तारीख़ अपने हर स्थान में देखें, साथ-साथ।

Ipameri में सफला एकादशी बुध 11 दिसंबर को क्यों है?

सफला एकादशी बुध 11 दिसंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 11:28 से।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 11:28 मंगल से 13:50 तक।

हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−2)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।

स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल बुध 11 दिसंबर को सूर्योदय पर है, 06:30: बुध 11 दिसंबर। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 11:28 मंगल पर, उससे (04:54–06:30) पहले, समाप्त हुई।

व्रत का पारण

स्मार्त · वैष्णव · गुरु 12 दिसंबर, 06:31–16:25

पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी बुध 11 दिसंबर 13:50 से गुरु 12 दिसंबर 16:25 तक है; हरिवासर 20:29 बुध पर पूरा होता है। इसलिए पारण गुरु 12 दिसंबर को सूर्योदय (06:31) से होता है। द्वादशी दोपहर के बाद तक है: धर्मसिंधु के अनुसार बहुत लोग पारण सूर्योदय के बाद के पहले 3 मुहूर्तों में, 09:09 तक, करते हैं।

नियम

पौष कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · मार्गशीर्ष कृष्ण एकादशी (अमान्त)

एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।

स्मार्त
सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
वैष्णव
पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
व्रत का पारण
द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।