Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल में रमा एकादशी 1972 पारण समय 05:33–16:10, गुरु 2 नवंबर
व्रत · समय UTC−3 में
Ipameri में रमा एकादशी 1972 कब है?
बुधवार 1 नवंबर
कार्तिक कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण एकादशी (अमान्त)
Ipameri में बुध 1 नवंबर का पूरा पंचांगपारण का समय: व्रत कब खोलें?
गुरुवार 2 नवंबर
रमा एकादशी का समय: व्रत, पारण
- बुधवार 1 नवंबर
-
05:33व्रत आरंभसूर्योदय पर
- गुरुवार 2 नवंबर
-
05:33–16:10पारण समयव्रत खोलने का समय
Ipameri में रमा एकादशी बुध 1 नवंबर को क्यों है?
रमा एकादशी बुध 1 नवंबर को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 13:46 से।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 13:46 मंगल से 14:45 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−3)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।
स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल बुध 1 नवंबर को सूर्योदय पर है, 05:33: बुध 1 नवंबर। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 13:46 मंगल पर, उससे (03:57–05:33) पहले, समाप्त हुई।
व्रत का पारण
स्मार्त · वैष्णव · गुरु 2 नवंबर, 05:33–16:10
पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी बुध 1 नवंबर 14:45 से गुरु 2 नवंबर 16:10 तक है; हरिवासर 21:06 बुध पर पूरा होता है। इसलिए पारण गुरु 2 नवंबर को सूर्योदय (05:33) से होता है। द्वादशी दोपहर के बाद तक है: धर्मसिंधु के अनुसार बहुत लोग पारण सूर्योदय के बाद के पहले 3 मुहूर्तों में, 08:06 तक, करते हैं।
नियम
कार्तिक कृष्ण एकादशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण एकादशी (अमान्त)
एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।
- स्मार्त
- सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
- वैष्णव
- पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
- व्रत का पारण
- द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।