Ipameri, गोइयास, ब्राज़िल में जन्माष्टमी 1953 रवि 30 अगस्त या सोम 31 अगस्त
त्योहार · समय UTC−3 में
Ipameri में जन्माष्टमी 1953 कब है?
स्मार्त
रविवार 30 अगस्त
वैष्णव
सोमवार 31 अगस्त
भाद्रपद कृष्ण अष्टमी (पूर्णिमान्त) · श्रावण कृष्ण अष्टमी (अमान्त)
Ipameri में रवि 30 अगस्त का पूरा पंचांगजन्माष्टमी निशीथ पूजा मुहूर्त कब से कब तक?
स्मार्त · रविवार 30 अगस्त
वैष्णव · सोमवार 31 अगस्त
Ipameri में जन्माष्टमी रवि 30 अगस्त या सोम 31 अगस्त को क्यों है?
स्मार्त · जन्माष्टमी रवि 30 अगस्त को है: उस रात पूरे निशीथ काल में अष्टमी है, और किसी रात नहीं।
पूरे निशीथ काल में अष्टमी, 23:48–00:37 सोम। अष्टमी: 20:19 से 19:23 सोम तक।
अष्टमी 19:23 पर समाप्त; निशीथ काल में नवमी।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC−3)। पट्टी: तिथि। खाना: निशीथ काल। गहरी पट्टी: रात।
कृष्ण जन्म निशीथ काल में मनाया जाता है, आधी रात का मुहूर्त। अष्टमी रवि 30 अगस्त को 20:19 से सोम 31 अगस्त को 19:23 तक है, इसलिए केवल रविवार की रात का निशीथ काल (23:48–00:37 सोम) उसके भीतर है।
वैष्णव जन्माष्टमी ऐसी तिथि पर मनाते हैं जिसे सप्तमी विद्ध न करे: सोम 31 अगस्त को सूर्योदय (06:20) पर अष्टमी है। वैष्णव नियम को सूर्योदय से पढ़ना Tithika की परिपाटी है।
नियम
भाद्रपद कृष्ण अष्टमी (पूर्णिमान्त) · श्रावण कृष्ण अष्टमी (अमान्त)
कृष्ण जन्म निशीथ काल में मनाया जाता है, आधी रात का मुहूर्त।
- स्मार्त
- वह रात जिसके निशीथ काल में अष्टमी हो; दोनों दिन छुए या किसी दिन न छुए तो बाद वाला दिन (धर्मसिंधु)।
- वैष्णव
- वह अष्टमी जिसे सप्तमी विद्ध न करे, सूर्योदय पर देखी गई: Tithika की परिपाटी।