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Pāthardi, महाराष्ट्र में धनतेरस 2042 धनतेरस पूजा मुहूर्त 18:10⁠–⁠20:10, सोम 10 नवंबर

महाराष्ट्र, भारत

त्योहार · समय IST में

Pāthardi में धनतेरस 2042 कब है?

सोमवार 10 नवंबर

कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण त्रयोदशी (अमान्त)

स्मार्त · वैष्णव

Pāthardi में सोम 10 नवंबर का पूरा पंचांग

धनतेरस पूजा मुहूर्त कब से कब तक?

धनतेरस पूजा मुहूर्त
18:10–20:10
2 घं 0 मि · Tithika की परिपाटी

धनतेरस पूजा मुहूर्त: प्रदोष काल, 17:51⁠–⁠20:24। इसमें स्थिर लग्न वृषभ पूर्व में 18:10 से 20:10 तक उदित रहता है।

Tithika में खोलेंधनतेरस की तारीख़ अपने हर स्थान में देखें, साथ-साथ।

Pāthardi में धनतेरस सोम 10 नवंबर को क्यों है?

धनतेरस सोम 10 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है।

धनतेरस पूजा मुहूर्त: प्रदोष काल, 17:51⁠–⁠20:24। इसमें स्थिर लग्न वृषभ पूर्व में 18:10 से 20:10 तक उदित रहता है।

प्रदोष काल में द्वादशी 18:05 तक; फिर त्रयोदशी। त्रयोदशी: 18:05 से 20:50 सोम तक।

पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी, 17:51–20:24। त्रयोदशी: 18:05 रवि से 20:50 तक।

हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (IST)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।

धनतेरस की पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी रवि 9 नवंबर को 18:05 से सोम 10 नवंबर को 20:50 तक है, और दोनों शाम प्रदोष काल को छूती है। निर्णयसिंधु वह शाम लेता है जिसका प्रदोष काल उसमें अधिक है: सोम 10 नवंबर। धनतेरस का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।

नियम

कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण त्रयोदशी (अमान्त)

धनतेरस की पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त।

स्मार्त
वह शाम जिसके प्रदोष काल में त्रयोदशी हो: Tithika की परिपाटी, क्योंकि कोई ग्रंथ समय नहीं बताता।
वैष्णव
स्मार्त वाला दिन।