दिफ्फा, नाइजर में धनतेरस 2034 धनतेरस पूजा मुहूर्त 18:07–20:09, बुध 8 नवंबर
त्योहार · समय WAT में
दिफ्फा में धनतेरस 2034 कब है?
बुधवार 8 नवंबर
कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण त्रयोदशी (अमान्त)
दिफ्फा में बुध 8 नवंबर का पूरा पंचांगधनतेरस पूजा मुहूर्त कब से कब तक?
धनतेरस पूजा मुहूर्त: प्रदोष काल, 17:40–20:09। इसमें स्थिर लग्न वृषभ पूर्व में 18:07 से 20:09 तक उदित रहता है।
कथा, पूजा विधि और व्रत के नियम
हर शहर के लिए एक ही, धनतेरस 2034 के पेज पर:
दिफ्फा में धनतेरस बुध 8 नवंबर को क्यों है?
धनतेरस बुध 8 नवंबर को है: उस शाम पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी है।
धनतेरस पूजा मुहूर्त: प्रदोष काल, 17:40–20:09। इसमें स्थिर लग्न वृषभ पूर्व में 18:07 से 20:09 तक उदित रहता है।
प्रदोष काल में द्वादशी 19:33 तक; फिर त्रयोदशी। त्रयोदशी: 19:33 से 21:34 बुध तक।
पूरे प्रदोष काल में त्रयोदशी, 17:40–20:09। त्रयोदशी: 19:33 मंगल से 21:34 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। खाना: प्रदोष काल। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात।
धनतेरस की पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त। त्रयोदशी मंगल 7 नवंबर को 19:33 से बुध 8 नवंबर को 21:34 तक है, और दोनों शाम प्रदोष काल को छूती है। निर्णयसिंधु वह शाम लेता है जिसका प्रदोष काल उसमें अधिक है: बुध 8 नवंबर। धनतेरस का समय बताने वाला कोई ग्रंथ नहीं मिला; प्रदोष काल Tithika की परिपाटी है।
नियम
कार्तिक कृष्ण त्रयोदशी (पूर्णिमान्त) · आश्विन कृष्ण त्रयोदशी (अमान्त)
धनतेरस की पूजा प्रदोष काल में होती है, सूर्यास्त के बाद के 3 मुहूर्त।
- स्मार्त
- वह शाम जिसके प्रदोष काल में त्रयोदशी हो: Tithika की परिपाटी, क्योंकि कोई ग्रंथ समय नहीं बताता।
- वैष्णव
- स्मार्त वाला दिन।