tithika
English

दिफ्फा, नाइजर में देवशयनी एकादशी 2022 पारण समय 05:49⁠–⁠06:44, सोम 11 जुलाई

व्रत · समय WAT में

दिफ्फा में देवशयनी एकादशी 2022 कब है?

रविवार 10 जुलाई

आषाढ़ शुक्ल एकादशी

स्मार्त · वैष्णव

दिफ्फा में रवि 10 जुलाई का पूरा पंचांग

पारण का समय: व्रत कब खोलें?

सोमवार 11 जुलाई

पारण समय
05:49–06:44
55 मि

देवशयनी एकादशी का समय: व्रत, पारण

  • रविवार 10 जुलाई
  • 05:49व्रत आरंभसूर्योदय पर
  • सोमवार 11 जुलाई
  • 05:49–06:44पारण समयव्रत खोलने का समय
Tithika में खोलेंदेवशयनी एकादशी की तारीख़ अपने हर स्थान में देखें, साथ-साथ।

दिफ्फा में देवशयनी एकादशी रवि 10 जुलाई को क्यों है?

देवशयनी एकादशी रवि 10 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 12:10 से।

पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 12:10 शनि से 09:44 तक।

हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (UTC+1)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।

स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल रवि 10 जुलाई को सूर्योदय पर है, 05:49: रवि 10 जुलाई। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 12:10 शनि पर, उससे (04:13–05:49) पहले, समाप्त हुई।

व्रत का पारण

स्मार्त · वैष्णव · सोम 11 जुलाई, 05:49–06:44

पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी रवि 10 जुलाई 09:44 से सोम 11 जुलाई 06:44 तक है; हरिवासर 14:59 रवि पर पूरा होता है। इसलिए पारण सोम 11 जुलाई को सूर्योदय (05:49) से होता है।

नियम

आषाढ़ शुक्ल एकादशी

एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।

स्मार्त
सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
वैष्णव
पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
व्रत का पारण
द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।