वापी, गुजरात में देवशयनी एकादशी 2021 पारण समय 06:09–16:26, बुध 21 जुलाई
गुजरात, भारत
व्रत · समय IST में
वापी में देवशयनी एकादशी 2021 कब है?
पारण का समय: व्रत कब खोलें?
बुधवार 21 जुलाई
देवशयनी एकादशी का समय: व्रत, पारण
- मंगलवार 20 जुलाई
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06:08व्रत आरंभसूर्योदय पर
- बुधवार 21 जुलाई
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06:09–16:26पारण समयव्रत खोलने का समय
वापी में देवशयनी एकादशी मंगल 20 जुलाई को क्यों है?
देवशयनी एकादशी मंगल 20 जुलाई को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 22:00 सोम से 19:17 तक।
एकादशी 19:17 मंगल पर समाप्त; अरुणोदय में द्वादशी।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (IST)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।
स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल मंगल 20 जुलाई को सूर्योदय पर है, 06:08: मंगल 20 जुलाई। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 22:00 सोम पर, उससे (04:32–06:08) पहले, समाप्त हुई।
व्रत का पारण
स्मार्त · वैष्णव · बुध 21 जुलाई, 06:09–16:26
पारण द्वादशी में होता है, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद और द्वादशी समाप्त होने से पहले। द्वादशी मंगल 20 जुलाई 19:17 से बुध 21 जुलाई 16:26 तक है; हरिवासर 00:35 पर पूरा होता है। इसलिए पारण बुध 21 जुलाई को सूर्योदय (06:09) से होता है। द्वादशी दोपहर के बाद तक है: धर्मसिंधु के अनुसार बहुत लोग पारण सूर्योदय के बाद के पहले 3 मुहूर्तों में, 08:47 तक, करते हैं।
नियम
आषाढ़ शुक्ल एकादशी
एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।
- स्मार्त
- सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
- वैष्णव
- पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
- व्रत का पारण
- द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।