Pāthardi, महाराष्ट्र में देवशयनी एकादशी 2004 पारण समय 05:54–19:11, बुध 30 जून
महाराष्ट्र, भारत
व्रत · समय IST में
Pāthardi में देवशयनी एकादशी 2004 कब है?
पारण का समय: व्रत कब खोलें?
बुधवार 30 जून
देवशयनी एकादशी का समय: व्रत, पारण
- मंगलवार 29 जून
-
05:54व्रत आरंभसूर्योदय पर
- बुधवार 30 जून
-
05:54–19:11पारण समयव्रत खोलने का समय · Tithika की परिपाटी
Pāthardi में देवशयनी एकादशी मंगल 29 जून को क्यों है?
देवशयनी एकादशी मंगल 29 जून को है: उस दिन सूर्योदय पर और पूरे अरुणोदय में एकादशी है।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर दशमी; एकादशी 09:18 से।
पूरे अरुणोदय में और सूर्योदय पर एकादशी। एकादशी: 09:18 सोम से 06:49 तक।
हर पंक्ति एक दिन, एक ही घड़ी पर (IST)। पट्टी: तिथि। खाना: अरुणोदय। हल्की पट्टी: दिन; गहरी: रात। सूर्य: सूर्योदय।
स्मार्त एकादशी को सूर्योदय पर देखते हैं: यह केवल मंगल 29 जून को सूर्योदय पर है, 05:54: मंगल 29 जून। वैष्णव अरुणोदय देखते हैं: दशमी 09:18 सोम पर, उससे (04:18–05:54) पहले, समाप्त हुई।
व्रत का पारण
स्मार्त · वैष्णव · बुध 30 जून, 05:54–19:11 (त्रयोदशी, सूर्योदय से सूर्यास्त: Tithika की परिपाटी)
द्वादशी बुध 30 जून को 03:46 पर, रात में, अरुणोदय (04:18) से पहले समाप्त होती है: रात में समाप्त द्वादशी को Tithika नहीं गिनता, उसकी परिपाटी। द्वादशी न हो तो निर्णयसिंधु पारण त्रयोदशी में कराता है: सूर्योदय (05:54) से सूर्यास्त (19:11) तक, क्योंकि पारण दिन का कर्म है: Tithika की परिपाटी।
नियम
आषाढ़ शुक्ल एकादशी
एकादशी व्रत सूर्योदय से अगले दिन के पारण तक रहता है।
- स्मार्त
- सूर्योदय पर एकादशी; दो सूर्योदयों पर हो तो पहला दिन, या द्वादशी भी बढ़े तो दूसरा; किसी सूर्योदय पर न हो तो वह दिन जब वह चल रही हो (निर्णयसिंधु)।
- वैष्णव
- पूरे अरुणोदय में एकादशी, सूर्योदय से पहले के 96 मिनट, जिसे दशमी विद्ध न करे; दो सूर्योदयों पर हो तो दूसरा दिन।
- व्रत का पारण
- द्वादशी में, उसके पहले चौथाई (हरिवासर) के बाद।